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सतत अभ्यास से अभिनय को मांझ रहे कलाकार
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आशुतोष रामलीला के मंचन की तैयारी करते कलाकार
- फोटो : SAHARANPUR
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सहारनपुर। रामलीलाओं में अभिनय ही नहीं बल्कि किरदार को जीवंत करने के लिए रिहर्सल में कलाकार खूब मेहनत कर रहे हैं। श्रीराम की मर्यादा पुरूषोत्तम वाली छवि को दर्शकों के सामने प्रस्तुत करने को कई-कई बार रिहर्सल की जा रही है। इसी तरह रावण के डायलॉग और अट्टहास सहित अनेक पात्रों के जरिए दर्शकों के बीच अमिट छाप छोड़ने को कलाकार जुटे हैं।
गुरुद्वारा रोड पर श्री आशुतोष मंदिर क्लब द्वारा आयोजित होने वाली रामलीला की रिहर्सल रोजाना पांच से छह घंटे चल रही है। यहां पर राम के अभिनय मेें दिनेश सक्सेना, रावण के रोल में मनोज शर्मा, लक्ष्मण के किरदार में विनय दुग्गल, मेघनाथ के रूप में गौरव चौधरी व हनुमान के किरदार में राजन कक्कड़ दिखाई देंगे। यह सभी कलाकार निर्देशक हरविंद गोसांईं के नेतृत्व में रोजाना रिहर्सल कर रहे हैं। कलाकार दिनेश सक्सेना व मनोज शर्मा का कहना है कि रामलीला मंच पर सिर्फ अभिनय करना ही उनका मकसद नहीं है, बल्कि किरदार को जीवंत कर दर्शकों के बीच जाने की तैैयारी की जा रही है। इसलिए रोजाना डायलॉग बोलने, श्री राम व रावण के चलने तथा बोलने के अंदाज, मेघनाथ व लक्ष्मण के बीच होने वाले युद्ध सहित अनेक लीलाओं को सफल बनाने को बार-बार रिहर्सल की जाती है।
इसी तरह रेलवे टीटू कॉलोनी में भारतीय कला संगम श्री रामलीला सभा द्वारा आयोजित होने वाली लीला में श्री राम का अभिनय करने वाले नितिन वालिया का कहना है कि वह आठ वर्षों से अभिनय कर रहे हैं। किरदार को अत्याधिक अच्छा बनाने को रोजाना कई-कई बार डायलॉग और गीतों की रिहर्सल करते हैं। रावण के अभिनय करने वाले सुनील रतन का कहना है कि रावण का किरदार आसान नहीं है। इसके लिए वह निर्देशकों के नेतृत्व में लगातार अभ्यास कर रहे हैं। इसी तरह लक्ष्मण का रोल करने वाले अभिषेक अरोड़ा, मेघनाथ का अभिनय करने वाले सुरेंद्र काका और हनुमान अभिनय करने वाले गगनदीप सहित अनेक कलाकार तीन से चार घंटे रिहर्सल कर रहे हैं।
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पुराने कलाकारों का लिया जा रहा सहयोग
रिहर्सल के दौरान कलाकार पुराने कलाकारों का भी सहयोग ले रहे हैं। खास बात यह है कि कलाकार डायलॉग को याद करने में जुटे हैं। ताकि मंच पर किसी तरह की दिक्कत न आए और पर्दे के पीछे से निर्देशक को डायलॉग न बताना पड़े। भारतीय कला संगम के वरिष्ठ निर्देश बब्बर जंग गुरुंग का कहना है कि उनका प्रयास है कि प्रत्येक कलाकार अपने अभिनय के सभी डायलॉग कंठस्थ याद रहे हैं। ऐसा करने से मंचन बेहतरीन होता है।
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गुरुद्वारा रोड पर श्री आशुतोष मंदिर क्लब द्वारा आयोजित होने वाली रामलीला की रिहर्सल रोजाना पांच से छह घंटे चल रही है। यहां पर राम के अभिनय मेें दिनेश सक्सेना, रावण के रोल में मनोज शर्मा, लक्ष्मण के किरदार में विनय दुग्गल, मेघनाथ के रूप में गौरव चौधरी व हनुमान के किरदार में राजन कक्कड़ दिखाई देंगे। यह सभी कलाकार निर्देशक हरविंद गोसांईं के नेतृत्व में रोजाना रिहर्सल कर रहे हैं। कलाकार दिनेश सक्सेना व मनोज शर्मा का कहना है कि रामलीला मंच पर सिर्फ अभिनय करना ही उनका मकसद नहीं है, बल्कि किरदार को जीवंत कर दर्शकों के बीच जाने की तैैयारी की जा रही है। इसलिए रोजाना डायलॉग बोलने, श्री राम व रावण के चलने तथा बोलने के अंदाज, मेघनाथ व लक्ष्मण के बीच होने वाले युद्ध सहित अनेक लीलाओं को सफल बनाने को बार-बार रिहर्सल की जाती है।
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इसी तरह रेलवे टीटू कॉलोनी में भारतीय कला संगम श्री रामलीला सभा द्वारा आयोजित होने वाली लीला में श्री राम का अभिनय करने वाले नितिन वालिया का कहना है कि वह आठ वर्षों से अभिनय कर रहे हैं। किरदार को अत्याधिक अच्छा बनाने को रोजाना कई-कई बार डायलॉग और गीतों की रिहर्सल करते हैं। रावण के अभिनय करने वाले सुनील रतन का कहना है कि रावण का किरदार आसान नहीं है। इसके लिए वह निर्देशकों के नेतृत्व में लगातार अभ्यास कर रहे हैं। इसी तरह लक्ष्मण का रोल करने वाले अभिषेक अरोड़ा, मेघनाथ का अभिनय करने वाले सुरेंद्र काका और हनुमान अभिनय करने वाले गगनदीप सहित अनेक कलाकार तीन से चार घंटे रिहर्सल कर रहे हैं।
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पुराने कलाकारों का लिया जा रहा सहयोग
रिहर्सल के दौरान कलाकार पुराने कलाकारों का भी सहयोग ले रहे हैं। खास बात यह है कि कलाकार डायलॉग को याद करने में जुटे हैं। ताकि मंच पर किसी तरह की दिक्कत न आए और पर्दे के पीछे से निर्देशक को डायलॉग न बताना पड़े। भारतीय कला संगम के वरिष्ठ निर्देश बब्बर जंग गुरुंग का कहना है कि उनका प्रयास है कि प्रत्येक कलाकार अपने अभिनय के सभी डायलॉग कंठस्थ याद रहे हैं। ऐसा करने से मंचन बेहतरीन होता है।