{"_id":"609435518ebc3ebf1b5503d0","slug":"ajit-singh-sought-house-to-door-votes-for-tabassum-hassan-in-ambehata-saharanpur-news-mrt5373196192","type":"story","status":"publish","title_hn":"तब्बसुम हसन के लिए अंबेहटा में अजीत सिंह ने घर-घर मांगे थे वोट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तब्बसुम हसन के लिए अंबेहटा में अजीत सिंह ने घर-घर मांगे थे वोट
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबेहटा (सहारनपुर)। कस्बे के पूर्व चेयरमैन हाजी मो. यासीन अहमद का रालोद के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी अजित सिंह से काफी नजदीक का रिश्ता रहा है। मो. यासीन रालोद के जिलाध्यक्ष भी रहे हैं।
वर्ष 2018 में हुए कैराना लोकसभा के उपचुनाव में तबस्सुम हसन रालोद के टिकट पर चुनाव लड़कर विजयी हुई थी। उस समय चौधरी अजित सिंह ने अंबेहटा में घर घर संपर्क कर तबस्सुम हसन के लिए वोट की अपील की थी। उस समय चौधरी अजित सिंह व हाजी मो. यासीन अहमद ने कई दिन साथ बिताए थे। चौ अजीत सिंह के निधन पर दुख जताते हुए यासीन अहमद ने कहा अजित सिंह के निधन को राजनीतिक क्षेत्र की अपूरणीय क्षति बताया है। उन्होंने कहा कि चौ अजीत सिंह किसानों के सच्चे हमदर्द थे। संवाद
आमकी दीपचंदपुर में चौ. कृष्ण कुमार के यहां आते रहे अजीत सिंह
नागल। क्षेत्र के गांव आमकी दीपचंद पुर निवासी पूर्व ब्लाक प्रमुख चौ कृष्ण कुमार ने बताया कि उन्होंने उनके पिता ने पूर्व प्रधानमंत्री चौ. चरण सिंह के साथ राजनीति की है और सहारनपुर से लोक दल के जिला अध्यक्ष भी रहे हैं। उन्होंने बताया चौ. अजित सिंह अनेक मौकों पर उनके गांव में आए हैं। वह ऐसे नेता थे जो प्रत्येक कार्यकर्ता के दुख सुख में शामिल होते थे। अजित सिंह के निधन पर उन्होंने दुख जताते हुए कहा कि उनके जाने से राजनीति में जो शून्यता पैदा हुआ है, उसकी भरपाई संभव नहीं है। कहा ऐसे ईमानदार और बेदाग छवि के नेता आज के दौर में मिलने मुश्किल हैं। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
वर्ष 2018 में हुए कैराना लोकसभा के उपचुनाव में तबस्सुम हसन रालोद के टिकट पर चुनाव लड़कर विजयी हुई थी। उस समय चौधरी अजित सिंह ने अंबेहटा में घर घर संपर्क कर तबस्सुम हसन के लिए वोट की अपील की थी। उस समय चौधरी अजित सिंह व हाजी मो. यासीन अहमद ने कई दिन साथ बिताए थे। चौ अजीत सिंह के निधन पर दुख जताते हुए यासीन अहमद ने कहा अजित सिंह के निधन को राजनीतिक क्षेत्र की अपूरणीय क्षति बताया है। उन्होंने कहा कि चौ अजीत सिंह किसानों के सच्चे हमदर्द थे। संवाद
विज्ञापन
आमकी दीपचंदपुर में चौ. कृष्ण कुमार के यहां आते रहे अजीत सिंह
नागल। क्षेत्र के गांव आमकी दीपचंद पुर निवासी पूर्व ब्लाक प्रमुख चौ कृष्ण कुमार ने बताया कि उन्होंने उनके पिता ने पूर्व प्रधानमंत्री चौ. चरण सिंह के साथ राजनीति की है और सहारनपुर से लोक दल के जिला अध्यक्ष भी रहे हैं। उन्होंने बताया चौ. अजित सिंह अनेक मौकों पर उनके गांव में आए हैं। वह ऐसे नेता थे जो प्रत्येक कार्यकर्ता के दुख सुख में शामिल होते थे। अजित सिंह के निधन पर उन्होंने दुख जताते हुए कहा कि उनके जाने से राजनीति में जो शून्यता पैदा हुआ है, उसकी भरपाई संभव नहीं है। कहा ऐसे ईमानदार और बेदाग छवि के नेता आज के दौर में मिलने मुश्किल हैं। संवाद
विज्ञापन