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त्योहार के बाद अब घर लौटने के लिए भी मशक्कत
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सहारनपुर के अंबाला रोड़ बस अड़डा पर बरसात के दौरान हुई कीचड़ से बचकर बस के लिये जाते यात्री
- फोटो : SAHARANPUR
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सहारनपुर। रक्षाबंधन त्योहार मनाने के बाद लोग अपने घरों को लौट रहे हैं, जिससे सोमवार को भी बस अड्डों पर यात्रियों की भारी भीड़ रही। अंबाला रोड स्थित बस अड्डा पर सर्वाधिक भीड़ रही, क्योंकि वहां से यमुनानगर, अंबाला, जगाधरी आदि स्थानों पर जाने वाले यात्रियों की संख्या ज्यादा थी।
सोमवार को सुबह से दोपहर बाद तक अंबाला रोड स्थित बस अड्डे पर यात्रियों की भीड़ रही। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की तरफ से भी बसों के फेरे बढ़ाए गए थे, लेकिन बसों की संख्या नाकाफी नजर आई। इस वजह से बस अड्डे पर यात्रियों को बस के इंतजार में आधा आधा घंटे तक इंतजार करना पड़ा। सहारनपुर से मेरठ के रूट पर जब भी बस आकर लगती तो यात्रियों की भीड़ उसमें सवार होने को उमड़ रही थी। इसी तरह रेलवे स्टेशन के पास बस स्टैंड से देहरादून, हरिद्वार और छुटमलपुर आदि स्थानों के लिए यात्रियों की भीड़ नजर आई।
- बरसात ने किया परेशान
अंबाला रोड बस स्टैंड पर यात्रियों को बरसात से बचाव के कोई खास इंतजाम नहीं है। सोमवार को दिन में कई बार रिमझिम बरसात हुई तब यात्रियों को भीगने के लिए मजबूर होना पड़ा। इतना ही नहीं, बस स्टैंड परिसर में कीचड़ भी फैला रहा, उससे भी यात्रियों को खासी परेशानी हुई।
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- बसें सड़क पर खड़ी होने से रहे जाम के हालात
सोमवार को घंटाघर से अंबाला रोड की तरफ ट्रैफिक जाम की स्थिति भी बनी रही। अंबाला रोड बस स्टैंड परिसर में परिवहन निगम और निजी बस अड्डा भी संचालित है। यहां से निकलने वाली निजी बसें काफी देर तक सड़क पर खड़ी करने की वजह से यातायात व्यवस्था गड़बड़ाती रही। इसका प्रभाव घंटाघर पर भी देखने को मिला।
त्योहार से आया रोडवेज की आमदनी में उछाल
सहारनपुर। रक्षाबंधन त्योहार पर उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की आमदनी में तेजी से उछाल आया। पूर्व में प्रतिदिन 20 लाख रुपये आमदनी होती थी, जो 22 और 23 अगस्त को 24 लाख रुपये तक पहुंच गई। कोरोना काल से पहले भी रोडवेज की आमदनी प्रतिदिन 24 से 25 लाख रुपये होती थी। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के सहारनपुर डिपो से 200 बसों का संचालन रक्षाबंधन पर किया गया। यात्रियों की अधिकता के मद्देनजर बसों के फेरे भी बढ़ाए गए। यही वजह रही कि प्रति दिन 56 हजार किलोमीटर चलने वाली निगम की बसों ने प्रतिदिन 61 हजार किमी सफर तय किया। इससे लोड फैक्टर भी 66 प्रतिशत से बढ़कर 84 प्रतिशत हो गया। यानि 84 प्रतिशत सीटों पर यात्रियों ने सफर किया।
सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक जगदीश सिंह के मुताबिक सहारनपुर डिपो की बसों से औसतन आमदनी रोजाना 20 लाख आ रही थी। रक्षाबंधन पर प्रतिदिन 24 लाख आमदनी हुई है।
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सोमवार को सुबह से दोपहर बाद तक अंबाला रोड स्थित बस अड्डे पर यात्रियों की भीड़ रही। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की तरफ से भी बसों के फेरे बढ़ाए गए थे, लेकिन बसों की संख्या नाकाफी नजर आई। इस वजह से बस अड्डे पर यात्रियों को बस के इंतजार में आधा आधा घंटे तक इंतजार करना पड़ा। सहारनपुर से मेरठ के रूट पर जब भी बस आकर लगती तो यात्रियों की भीड़ उसमें सवार होने को उमड़ रही थी। इसी तरह रेलवे स्टेशन के पास बस स्टैंड से देहरादून, हरिद्वार और छुटमलपुर आदि स्थानों के लिए यात्रियों की भीड़ नजर आई।
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- बरसात ने किया परेशान
अंबाला रोड बस स्टैंड पर यात्रियों को बरसात से बचाव के कोई खास इंतजाम नहीं है। सोमवार को दिन में कई बार रिमझिम बरसात हुई तब यात्रियों को भीगने के लिए मजबूर होना पड़ा। इतना ही नहीं, बस स्टैंड परिसर में कीचड़ भी फैला रहा, उससे भी यात्रियों को खासी परेशानी हुई।
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- बसें सड़क पर खड़ी होने से रहे जाम के हालात
सोमवार को घंटाघर से अंबाला रोड की तरफ ट्रैफिक जाम की स्थिति भी बनी रही। अंबाला रोड बस स्टैंड परिसर में परिवहन निगम और निजी बस अड्डा भी संचालित है। यहां से निकलने वाली निजी बसें काफी देर तक सड़क पर खड़ी करने की वजह से यातायात व्यवस्था गड़बड़ाती रही। इसका प्रभाव घंटाघर पर भी देखने को मिला।
त्योहार से आया रोडवेज की आमदनी में उछाल
सहारनपुर। रक्षाबंधन त्योहार पर उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की आमदनी में तेजी से उछाल आया। पूर्व में प्रतिदिन 20 लाख रुपये आमदनी होती थी, जो 22 और 23 अगस्त को 24 लाख रुपये तक पहुंच गई। कोरोना काल से पहले भी रोडवेज की आमदनी प्रतिदिन 24 से 25 लाख रुपये होती थी। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के सहारनपुर डिपो से 200 बसों का संचालन रक्षाबंधन पर किया गया। यात्रियों की अधिकता के मद्देनजर बसों के फेरे भी बढ़ाए गए। यही वजह रही कि प्रति दिन 56 हजार किलोमीटर चलने वाली निगम की बसों ने प्रतिदिन 61 हजार किमी सफर तय किया। इससे लोड फैक्टर भी 66 प्रतिशत से बढ़कर 84 प्रतिशत हो गया। यानि 84 प्रतिशत सीटों पर यात्रियों ने सफर किया।
सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक जगदीश सिंह के मुताबिक सहारनपुर डिपो की बसों से औसतन आमदनी रोजाना 20 लाख आ रही थी। रक्षाबंधन पर प्रतिदिन 24 लाख आमदनी हुई है।

राड़वेज बस अड़डे पर बसो का इंतजार करते यात्री- फोटो : SAHARANPUR

अंबाला रोड़ बस अड़डे पर यात्रियो की लगी जाने के लिये लगी भीड़- फोटो : SAHARANPUR

अंबाला रोड़ बस अड़डे पर यात्रियो की लगी जाने के लिये लगी भीड़- फोटो : SAHARANPUR