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बहरीन में जखवाला के जवान की समुद्र में गिरने से मौत
Updated Fri, 10 Aug 2018 12:15 AM IST
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देवबंद (सहारनपुर)। मर्चेंट नेवी में सेकेंड अफसर के पद पर तैनात जखवाला के एक जवान की समुद्र में गिरने से मौत हो गई। लेकिन 10 दिन बाद भी जवान का शव अभी तक उनके परिजनों को नहीं मिला है। जिस कारण परिजन बेहद चिंतित हैं।
जखवाला निवासी मेमपाल का बड़ा बेटा रोहित कुमार (23) मर्चेंट नेवी में बहरीन में सेकेंड अफसर के पद पर तैनात था। पहली अगस्त को वह समुद्री जहाज से सफर कर रहा था। इसी दौरान उसका पैर फिसल गया और समुद्र में गिरने से मौत हो गई। पिता मेमपाल ने बताया कि 24 घंटे बाद रोहित का शव समुद्र से बरामद हुआ। अफसर लगातार फोन कर उन्हें हादसे की जानकारी दे रहे हैं। लेकिन अभी तक उन्हें बेटे का शव नहीं मिला है। जबकि विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से भी वह मदद की गुहार लगा चुके हैं। मेमपाल ने बताया कि रोहित आखरी बार 15 जनवरी को छुट्टी पर घर आया था। दो माह की छुट्टी बिताकर 15 मार्च को वह बहरीन ड्यूटी पर गया था। उन्होंने बताया कि 2 साल से रोहित बहरीन में ड्यूटी कर रहा था। उससे पहले एक साल दुबई में रहा है। उन्होंने भारत सरकार से बेटे का शव जल्द से जल्द उन्हें सौंपने की मांग की है। ताकि वह बेटे का अंतिम संस्कार कर सकें। उधर, जवान की मौत से जखवाला गांव में मातम पसरा हुआ है। हर कोई गमगीन माहौल में जवान के अंतिम दर्शन करना चाहता है। बृहस्पतिवार को भाजपा की पूर्व विधायक शशि बाला पुंडीर ने जखवाला गांव पहुंचकर मृतक रोहित के परिजनों को सांत्वना दी। उन्होंने केंद्र सरकार से रोहित का शव परिजनों को दिलवाने की मांग की है।
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जखवाला निवासी मेमपाल का बड़ा बेटा रोहित कुमार (23) मर्चेंट नेवी में बहरीन में सेकेंड अफसर के पद पर तैनात था। पहली अगस्त को वह समुद्री जहाज से सफर कर रहा था। इसी दौरान उसका पैर फिसल गया और समुद्र में गिरने से मौत हो गई। पिता मेमपाल ने बताया कि 24 घंटे बाद रोहित का शव समुद्र से बरामद हुआ। अफसर लगातार फोन कर उन्हें हादसे की जानकारी दे रहे हैं। लेकिन अभी तक उन्हें बेटे का शव नहीं मिला है। जबकि विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से भी वह मदद की गुहार लगा चुके हैं। मेमपाल ने बताया कि रोहित आखरी बार 15 जनवरी को छुट्टी पर घर आया था। दो माह की छुट्टी बिताकर 15 मार्च को वह बहरीन ड्यूटी पर गया था। उन्होंने बताया कि 2 साल से रोहित बहरीन में ड्यूटी कर रहा था। उससे पहले एक साल दुबई में रहा है। उन्होंने भारत सरकार से बेटे का शव जल्द से जल्द उन्हें सौंपने की मांग की है। ताकि वह बेटे का अंतिम संस्कार कर सकें। उधर, जवान की मौत से जखवाला गांव में मातम पसरा हुआ है। हर कोई गमगीन माहौल में जवान के अंतिम दर्शन करना चाहता है। बृहस्पतिवार को भाजपा की पूर्व विधायक शशि बाला पुंडीर ने जखवाला गांव पहुंचकर मृतक रोहित के परिजनों को सांत्वना दी। उन्होंने केंद्र सरकार से रोहित का शव परिजनों को दिलवाने की मांग की है।
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