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अयोध्या विवाद में बीजेपी व विहिप नेता का बयान सुप्रीम कोर्ट पर दबाव बनाने वाला: उलमा
Updated Wed, 25 Apr 2018 12:49 AM IST
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नेताओं के बयानों से मुल्क की
एकजुटता टूटने का खतरा: उलमा
देवबंद (सहारनपुर)। बाबरी मस्जिद-रामजन्म भूमि विवाद को लेकर बीजेपी नेता विनय कटियार और विश्व हिंदू परिषद के नवनिर्वाचित अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष विष्णु सदाशिव कोकजे के बयानों पर देवबंदी उलमा ने कड़ा एतराज जताया है। उन्होंने कहा कि ऐसे बयानों से सर्वोच्च न्यायालय पर दबाव बनाया जा रहा है। इससे मुल्क की एकजुटता टूटने का भी खतरा है।
कोकजे के छह माह में उनके हक में फैसले आने और निर्माण कार्य शुरू होने तो कटियार ने बलिदानी दस्ते तैयार करने वाले बयानों पर यह आपत्ति की गई है। दारुल उलूम जकरिया के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती शरीफ खान कासमी का कहना है कि जब हिंदुस्तान के मुसलमान और मुस्लिम संगठन सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करते हैं तो फिर ऐसे बयान देने का क्या मललब है। उन्होंने कहा कि बीजेपी और विहिप नेता सुप्रीम कोर्ट पर दबाव बनाना चाहते हैं तथा मुल्क की एकजुटता को तोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। इसलिए सरकार और अदालत को चाहिए कि ऐसी बयानबाजी करने वाले नेताओं पर कड़ी कार्रवाई करे।
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एकजुटता टूटने का खतरा: उलमा
देवबंद (सहारनपुर)। बाबरी मस्जिद-रामजन्म भूमि विवाद को लेकर बीजेपी नेता विनय कटियार और विश्व हिंदू परिषद के नवनिर्वाचित अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष विष्णु सदाशिव कोकजे के बयानों पर देवबंदी उलमा ने कड़ा एतराज जताया है। उन्होंने कहा कि ऐसे बयानों से सर्वोच्च न्यायालय पर दबाव बनाया जा रहा है। इससे मुल्क की एकजुटता टूटने का भी खतरा है।
कोकजे के छह माह में उनके हक में फैसले आने और निर्माण कार्य शुरू होने तो कटियार ने बलिदानी दस्ते तैयार करने वाले बयानों पर यह आपत्ति की गई है। दारुल उलूम जकरिया के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती शरीफ खान कासमी का कहना है कि जब हिंदुस्तान के मुसलमान और मुस्लिम संगठन सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करते हैं तो फिर ऐसे बयान देने का क्या मललब है। उन्होंने कहा कि बीजेपी और विहिप नेता सुप्रीम कोर्ट पर दबाव बनाना चाहते हैं तथा मुल्क की एकजुटता को तोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। इसलिए सरकार और अदालत को चाहिए कि ऐसी बयानबाजी करने वाले नेताओं पर कड़ी कार्रवाई करे।
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