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आक्रोश
Updated Sat, 02 Dec 2017 12:18 AM IST
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छुटमलपुर। पावर कार्पोरेशन नियामक आयोग द्वारा ग्रामीण बिजली दरों में बेतहाशा वृद्धि पर भाकियू ने खासा एतराज जताया है। यूनियन के जिला अध्यक्ष चौ चरण सिंह ने कहा कि यदि सरकार ने उक्त बिजली बढौतरी को वापिस नहीं लिया तो किसान सड़क पर उतरने को बाध्य होंगे।
संत नगर में डा राजबीर सिंह कांबोज के निवास पर आहूत बैठक में चौधरी चरण सिंह ने कहा कि गांवों में बिजली की दरें दोगुनी कर दी गई हैं। यह सीधे सीधे किसानों पर मार हैं। इसके उलट गन्ना मूल्य में मात्र 10 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। ऐसे में सरकार किस मुंह से बिजली दरों में बढ़ोतरी कर रही हैं। उन्होंने कहा कि नलकूपों तक की दरों में इजाफा किया गया है, जो किसानों की कमर तोड़ने वाला साबित होगा। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने बिजली की बढ़ी दरों को वापिस नहीं लिया तो किसान सड़कों पर उतर कर आर पार की लड़ाई के लिए बाध्य होंगे। बैठक में अजय कांबोज, मनोज कमाली, रघुबीर सिंह, केहर सिंह, प्रदीप चौधरी आदि मौजूद रहे।
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संत नगर में डा राजबीर सिंह कांबोज के निवास पर आहूत बैठक में चौधरी चरण सिंह ने कहा कि गांवों में बिजली की दरें दोगुनी कर दी गई हैं। यह सीधे सीधे किसानों पर मार हैं। इसके उलट गन्ना मूल्य में मात्र 10 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। ऐसे में सरकार किस मुंह से बिजली दरों में बढ़ोतरी कर रही हैं। उन्होंने कहा कि नलकूपों तक की दरों में इजाफा किया गया है, जो किसानों की कमर तोड़ने वाला साबित होगा। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने बिजली की बढ़ी दरों को वापिस नहीं लिया तो किसान सड़कों पर उतर कर आर पार की लड़ाई के लिए बाध्य होंगे। बैठक में अजय कांबोज, मनोज कमाली, रघुबीर सिंह, केहर सिंह, प्रदीप चौधरी आदि मौजूद रहे।
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