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पांच साल से जिला योजना में रहा बजट का टोटा

Thu, 12 Jul 2018 01:00 AM IST
Updated Thu, 12 Jul 2018 01:00 AM IST
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पांच साल से जिला योजना में रहा बजट का टोटा
सहारनपुर। पांच सालों में जिला योजना के लिए पर्याप्त बजट नहीं मिला सका। प्रशासन द्वारा भेजे गए प्रस्ताव का अधिकतम तीस प्रतिशत ही बजट मिल पाया है। इससे विकास कार्य प्रभावित होते रहे। जनप्रतिनिधि पर्याप्त बजट देने की मांग उठाते रहे।
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जिला योजना समिति की बैठक में हर वर्ष जनपद के विकास का खाका तैयार कर शासन को बजट का प्रस्ताव भेजा जाता है। बीते पांच वर्षों में प्रशासन द्वारा भेजे गए बजट के हिसाब से धनराशि नहीं मिल पाई है। अधिकतम 30 प्रतिशत बजट ही मिल पाता है। वर्ष 2017-18 के लिए 349 करोड़ 35 लाख के बजट का प्रस्ताव भेजा गया था, लेकिन सिर्फ 110 करोड़ 92 लाख रुपये ही मिल पाए थे। जनप्रतिनिधि पर्याप्त बजट देने की मांग उठाते रहे, लेकिन अधिकतम तीस प्रतिशत बजट ही जनपद के विकास कार्यों के लिए मिल पाया। पर्याप्त बजट न मिलने के कारण विकास की परियोजनाएं शुरू होने से पहले ही दम तोड़ देती हैं। इस बार 410 करोड़ 11 लाख रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है। विधायक मसूद अख्तर ने प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही से पर्याप्त बजट देने की मांग भी रखी है।
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पांच साल में मिले बजट की स्थिति
वर्ष भेजा प्रस्ताव मिला बजट
2013-14 149 करोड़ 64 करोड़ 99 लाख
2014-15 149 करोड़ 27 करोड़ 18 लाख
2015-16 344 करोड़ 144 करोड़
2016-17 351 करोड़ 139 करोड़
2017-18 349 करोड़ 35 लाख 110 करोड़ 92 लाख
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