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बार एसोसिएशन ने एसडीएम और तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार किया

Thu, 27 Jun 2019 12:48 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 27 Jun 2019 12:48 AM IST
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बार एसोसिएशन ने एसडीएम और तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार किया
बार एसोसिएशन ने एसडीएम और तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार किया
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बेहट (सहारनपुर)। तहसील बार एसोसिएशन ने एसडीएम पर एसोसिएशन के प्रतिनिधि मंडल के साथ दुर्व्यवहार किए जाने का आरोप लगाते हुए एसडीएम एवं तहसीलदार कार्यालय का बहिष्कार करते हुए दो दिन की हड़ताल तथा सांकेतिक धरना प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है।

तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष जगदीश सैनी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में निर्णय के बाद मुख्यमंत्री, राजस्व परिषद उत्तर प्रदेश व मुख्य सचिव को प्रेषित किए गए पत्रों में आरोप लगाया कि तहसील भवन में स्थित सभी कार्यालयों में बिना पैसे के कोई काम नहीं होता है। हालात तो ऐसे बन गए हैं कि अब अधिवक्ताओं को अधिकारियों से ऐसी मांग करनी पड़ गई है कि सभी कार्यालयों में काम के लिए लिस्ट लगवा देनी चाहिए। अधिवक्ताओं ने पत्र में यह भी आरोप लगाया कि वह लोग शिकायत लेकर एसडीएम युगराज सिंह के पास गए थे, तो उन्होंने शिकायत सुनते ही अधिवक्ताओं के साथ दुर्व्यवहार किया। इसके बाद उन्हें उच्च स्तर पर शिकायत करने को मजबूर होना पड़ रहा है। सभी शिकायती पत्र बार एसोसिएशन ने अपने लेटर पैड पर जारी किए है। एसोसिएशन की बैठक में दुर्व्यवहार के विरोध में बुधवार को एसडीएम एवं तहसीलदार कार्यालय का बहिष्कार करते हुए दो दिन की हड़ताल तथा सांकेतिक धरना प्रदर्शन करने का भी निर्णय लिया गया, साथ ही यह भी तय किया गया कि यदि व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो विरोध को और प्रभावी बनाने के लिए सोमवार एक जुलाई को बैठक करके आगामी रणनीति बनाई जाएगी। बैठक में एसोसिएशन के महासचिव मुकेश कुमार, अधिवक्ता धर्मपाल सैनी, केहर सिंह कांबोज, राजेश लवानियां, प्रदीप ठाकुर, जगदीश सिंह, भोपाल सिंह, संजय सिंह, भगत सिंह, कैलाश चंद, जसबीर सिंह, नरेंद्र सैनी, संजय कंबोज आदि की मौजूदगी रही। उधर, एसडीएम युगराज सिंह का कहना है कि अधिवक्ता उनके पास आए जरूर थे, लेकिन वह उस समय महत्वपूर्ण कार्य में लगे थे और अधिवक्ताओं को बाद में आकर वार्ता करने के लिए कह दिया गया था। उन्होंने दुर्व्यवहार के लगाए गए आरोपों को बेबुनियाद बताया है।
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