फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Rampur News ›   protest of farmers

बिना शर्त कृषि कानून वापस लेकर एमएसपी पर कानून बनाये सरकार

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 15 Jul 2021 12:09 AM IST
विज्ञापन
protest of farmers
भोट (रामपुर)। कृषि कानूनों के विरोध में कोयला टोल प्लाजा पर भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं का 48वें दिन बुधवार को भी धरना जारी रहा।।इस दौरान धरने में बैठे कार्यकर्ताओं ने कानून वापसी की मांग को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबारजी व प्रदर्शन किया।
विज्ञापन

कृषि कानूनों की वापसी की मांग को लेकर भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता पिछले 48 दिनों से नेशनल हाइवे में कोयला टोल प्लाजा में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। किसानों को संबोधित करते हुए मंडल उपाध्यक्ष मो. तालिब ने कहा की केंद्र सरकार तानाशाही छोड़कर देश के किसान एवं मजदूरों से माफी मांगे और बिना शर्त कृषि कानून वापस लेकर एमएसपी पर कानून बनाकर किसानों को राहत दे। किसान आंदोलन में शहीद हुए किसानों के प्रति सरकार के मंत्री एवं नेता ने संवेदना जाहिर नहीं की है। कई किसान अब तक शहीद हो चुके हैं। केंद्र में बैठी सरकार मृतक किसानों और उनके परिवारों का मजाक उड़ा रही है। केंद्र सरकार के किसी भी मंत्री एवं नेता ने मृतक किसानों के प्रति संवेदना जाहिर नहीं की है। केंद्र एवं प्रदेश सरकार को देश के किसान अब सबक सिखा कर रहेगा। किसान अपनी लड़ाई में जीत हासिल कर ही घर वापसी करेगा तथा जब तक तीनों कृषि कानून वापस नहीं लिए जाते तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान इरफान हसन,शाकिर अली,छिद्दा अली, नूर मोहम्मद, सलीम, उमर,मोहम्मद रफी, नदीम अहमद, मुजफ्फर अली,अब्दुल मुस्तफा, अमीर अहमद, जमील अहमद, मुनव्वर आलम, इस्तकार, अरमान हसन, जाहिद सईद, गुड्डू, गोपाल, होरीलाल, राम अवतार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed