{"_id":"6005e1928ebc3e2e7117b96b","slug":"problems-facing-qr-code-facility-at-fertilizer-centers-of-cooperative-societies-rampur-news-mbd3766163159","type":"story","status":"publish","title_hn":"सहकारी समितियों के उर्वरक केंद्रों पर क्यूआर कोड सुविधा में आ रही दिक्कत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सहकारी समितियों के उर्वरक केंद्रों पर क्यूआर कोड सुविधा में आ रही दिक्कत
विज्ञापन
रामपुर। सभी उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड से भुगतान की सुविधा को अनिवार्य कर दिया गया है। इस प्रक्रिया में सहकारी समितियों में संचालित करीब सौ से अधिक उर्वरक केंद्रों पर क्यूआर कोड सुविधा शुरू नहीं हो पा रही है। सहकारी समितियों के बैंक खाते जिला सहकारी बैंक में हैं और जिला सहकारी बैंक के पास यूपीआई लाइव सुविधा न हो पाने के कारण यह समस्या हो रही है। ऐसे में सहकारिता विभाग अब निजी बैंक से जुड़कर इस सुविधा को चालू करने का प्रयास कर रहा है।
पिछले दिनों शासन ने डिजीटल भुगतान को बढ़ावा देने और उर्वरक केंद्रों पर क्रय-विक्रय में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए सभी उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड के माध्यम से डिजिटली भुगतान की सेवा को अनिवार्य कर दिया था। इसके बाद कृषि विभाग ने जिले में संचालित करीब साढ़े छह सौ से अधिक उर्वरक केंद्रों को क्यूआर कोड सेवा तीन दिन में उपलब्ध कराकर अवगत कराने के निर्देश दिए थे। इस प्रक्रिया में सहकारी समितियों के उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड सेवा शुरू करना संभव नहीं हो पा रहा है। क्योंकि सभी सहकारी समितियों के बैंक खाते जिला सहकारी सहकारी बैंक में हैं और जिला सहकारी बैंक के पास यूपीआई लाइव की सुविधा नहीं है। जिस कारण सहकारी समितियों के उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड सुविधा शुरू नहीं हो पा रही है। जिले में करीब साढ़े छह सौ से अधिक उर्वरक बिक्री केंद्र हैं। इनमें से सहकारी समितियों के माध्यम से 105 उर्वरक बिक्री केंद्र संचालित होते हैं। इनमें से किसी भी उर्वरक केंद्र पर अभी तक क्यूआर कोड से भुगतान की सेेवा शुरू नहीं हो सकी है। इसके साथ ही करीब डेढ़ सौ निजी उर्वरक केंद्रों पर भी क्यूूआर कोड से भुगतान की सेवा शुरू नहीं की जा सकी है।
जिला सहकारी बैंक में यूपीआई लाइव सुविधा न होने के कारण सहकारी समितियों के उर्वरक केंद्रों पर क्यूआर कोड सेवा शुरू करने में दिक्कत आ रही है। इस संबंध में एक निजी बैंक से संपर्क किया गया है। जल्द ही निजी बैंक से टाईअप कर सहकारी समितियों के उर्वरक केंद्रों पर भी क्यूआर कोड सेवा चालू कर दी जाएगी।
विज्ञापन
- आलोक कुमार, एआर-कोऑपरेटिव
विज्ञापन
पिछले दिनों शासन ने डिजीटल भुगतान को बढ़ावा देने और उर्वरक केंद्रों पर क्रय-विक्रय में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए सभी उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड के माध्यम से डिजिटली भुगतान की सेवा को अनिवार्य कर दिया था। इसके बाद कृषि विभाग ने जिले में संचालित करीब साढ़े छह सौ से अधिक उर्वरक केंद्रों को क्यूआर कोड सेवा तीन दिन में उपलब्ध कराकर अवगत कराने के निर्देश दिए थे। इस प्रक्रिया में सहकारी समितियों के उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड सेवा शुरू करना संभव नहीं हो पा रहा है। क्योंकि सभी सहकारी समितियों के बैंक खाते जिला सहकारी सहकारी बैंक में हैं और जिला सहकारी बैंक के पास यूपीआई लाइव की सुविधा नहीं है। जिस कारण सहकारी समितियों के उर्वरक बिक्री केंद्रों पर क्यूआर कोड सुविधा शुरू नहीं हो पा रही है। जिले में करीब साढ़े छह सौ से अधिक उर्वरक बिक्री केंद्र हैं। इनमें से सहकारी समितियों के माध्यम से 105 उर्वरक बिक्री केंद्र संचालित होते हैं। इनमें से किसी भी उर्वरक केंद्र पर अभी तक क्यूआर कोड से भुगतान की सेेवा शुरू नहीं हो सकी है। इसके साथ ही करीब डेढ़ सौ निजी उर्वरक केंद्रों पर भी क्यूूआर कोड से भुगतान की सेवा शुरू नहीं की जा सकी है।
विज्ञापन
जिला सहकारी बैंक में यूपीआई लाइव सुविधा न होने के कारण सहकारी समितियों के उर्वरक केंद्रों पर क्यूआर कोड सेवा शुरू करने में दिक्कत आ रही है। इस संबंध में एक निजी बैंक से संपर्क किया गया है। जल्द ही निजी बैंक से टाईअप कर सहकारी समितियों के उर्वरक केंद्रों पर भी क्यूआर कोड सेवा चालू कर दी जाएगी।
विज्ञापन
- आलोक कुमार, एआर-कोऑपरेटिव