रामपुर। लखनऊ के एक होटल में आग लगने की घटना के बाद जिले के होटलों, फैक्टरियों, अस्पतालों, स्कूल-कॉलेज, मॉल और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर आग से बचाव के लिए किए गए प्रबंध की जांच की जा रही है। इसके लिए डीएम ने टीम का गठन किया। टीम के सदस्यों ने शनिवार को शहर के होटलों का निरीक्षण किया।
टीम के सदस्यों को कई होटलों के पास फायर ब्रिगेड की एनओसी नहीं मिली। कई होटलों में आग से बचाव के आधे-अधूरे इंतजाम मिले। जिस पर सभी को अब नोटिस देने की तैयारी की जा रही है। लखनऊ के होटल में हुए अग्निकांड के बाद अग्निश्मन विभाग एक्टिव हो गया है। इस बीच शासन ने भी इस मुद्दे को लेकर गंभीरता से लेते हुए प्रदेश भर के सभी जिलों से होटलों, अस्पतालों और औद्योगिक इकाइयों का सर्वे कर रिपोर्ट देने के आदेश अग्निश्मन विभाग को दिए हैं,जिसके बाद प्रशासन ने भी मजिस्ट्रेट स्तर पर जिले भर में टीमों का गठन किया है। इसी के तहत शनिवार को सिटी मजिस्ट्रेट सत्यम मिश्रा व सीएफओ अंकुश मित्तल की देखरेख में शहरी क्षेत्र में होटलों की चेकिंग की। सर्वे के दौरान यह बात सामने आई कि किसी भी होटल के पास अग्निश्मन विभाग की एनओसी नहीं मिली। मुख्य अग्निश्मन सुरक्षा अधिकारी अंकुश मित्तल के मुताबिक यह अभियान अभी जारी है। सर्वे के दौरान जहां कमियां मिल रही हैं। उन सबको नोटिस जारी किया जाएगा