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अर्घ्य देकर की भगवान चंद्र प्रभु की पूजा
ब्यूराे/अमर उजाला,रामपुर
Updated Thu, 17 Mar 2016 12:07 AM IST
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अर्घ्य देकर की भगवान चंद्र प्रभु की पूजा
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मंगलाष्टक पाठ के साथ चंद्र प्रभु भगवान को नारियल भेंटकर श्री सिद्ध चक्र विधान की शुरुआत की गई। विधान आठ दिन तक चलेगा। पहले दिन पांच जोड़ों ने भाग लिया और आठ अर्घ्य दिए गए। फूटा महल स्थित पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर में बुधवार से श्री सिद्ध चक्र विधान की शुरुआत की गई। मंगलाष्टक का पाठ और जिनेंद्र आज्ञा में भगवान चंद्र प्रभु को सामूहिक रूप से नारियल भेंट किए गए। दिनेश कुमार खंडेलवाल की ओर से ध्वजारोहण किया गया और अनीता जैन ने कलश स्थापना की।
डा. सुमेर चंद जैन ने दीप प्रज्ज्वजन किया। पराग जैन ने मांडले का विमोचन किया। दयोलरी से लाई गई चंद्र प्रभु भगवान की प्रतिमा को सिद्ध चक्र विधान के मांडले पर विराजमान किया। मांडले का शुभारंभ अध्यक्ष अशोक कुमार जैन एवं उपाध्यक्ष डा. प्रदीप कुमार जैन ने झंडियां दिखाकर किया। मांडले पर अखंड ज्योति प्रज्जवलित की गई। ग्यारह जिन प्रतिमाओं को अभिषेक किया गया।
मंत्रोच्चारण के बीच शांतिधारा हुई। देवशास्त्र गुरु, विद्यमान बीस तीर्थंकर, चौबीसों भगवान, नंदीश्वर दीप की पूजा संगीत के साथ की गई। अबागढ़ से आईं महिला संगीतकार सपना जैन ने भजन प्रस्तुत किए। इस दौरान नरेंद्र कुमार जैन, अजीत, राकेश जैन, रमेश सेठी, संजय, नरेश जैन, विमल चंद जैन, पारसदास जैन, रमेश चंद्र, वीरेंद्र कुमार जैन, शिखर जैन, सुभाष जैन, प्रतीक जैन, देवेंद्र कुमार जैन, नितिन जैन, अनिल जैन रहे।
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डा. सुमेर चंद जैन ने दीप प्रज्ज्वजन किया। पराग जैन ने मांडले का विमोचन किया। दयोलरी से लाई गई चंद्र प्रभु भगवान की प्रतिमा को सिद्ध चक्र विधान के मांडले पर विराजमान किया। मांडले का शुभारंभ अध्यक्ष अशोक कुमार जैन एवं उपाध्यक्ष डा. प्रदीप कुमार जैन ने झंडियां दिखाकर किया। मांडले पर अखंड ज्योति प्रज्जवलित की गई। ग्यारह जिन प्रतिमाओं को अभिषेक किया गया।
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मंत्रोच्चारण के बीच शांतिधारा हुई। देवशास्त्र गुरु, विद्यमान बीस तीर्थंकर, चौबीसों भगवान, नंदीश्वर दीप की पूजा संगीत के साथ की गई। अबागढ़ से आईं महिला संगीतकार सपना जैन ने भजन प्रस्तुत किए। इस दौरान नरेंद्र कुमार जैन, अजीत, राकेश जैन, रमेश सेठी, संजय, नरेश जैन, विमल चंद जैन, पारसदास जैन, रमेश चंद्र, वीरेंद्र कुमार जैन, शिखर जैन, सुभाष जैन, प्रतीक जैन, देवेंद्र कुमार जैन, नितिन जैन, अनिल जैन रहे।
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