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Rampur News: चार्जशीट से नाम हटवाने के मामले में आजम-अब्दुल्ला कोर्ट में तलब
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रामपुर। सीतापुर जेल में बंद सपा नेता आजम खां और हरदोई जेल में बंद उनके बेटे अब्दुल्ला आजम की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के मुकदमे से नाम निकाले जाने का मामला फिर अदालत पहुंच गया है। नए विवेचक ने सपा नेता आजम खां और अब्दुल्ला को आरोपी बताते हुए प्रार्थना पत्र दिया है, जिस पर कोर्ट ने दोनों को तलब करते हुए दोनों जेलों के अधीक्षकों को पत्र लिखकर आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के आदेश दिए हैं। आजम और अब्दुल्ला को सात अक्तूबर को तलब किया गया है।
सपा नेता आजम खां पर दर्ज केसों को लेकर शासन बेहद गंभीर है। पिछले दिनों शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के आरोपों से घिरे सपा नेता आजम खां व अब्दुल्ला आजम को रामपुर पुलिस ने क्लीन चिट दे दी थी, जिस पर यह मामला शासन तक पहुंचा। इसके बाद इस मामले में शासन ने तत्कालीन पुलिस अधीक्षक अशोक शुक्ला के खिलाफ जांच बैठा दी थी।
इस मामले की दोबारा विवेचना करने के आदेश दिए गए थे। एसपी ने इस मामले की विवेचना अपराध शाखा के इंस्पेक्टर नवाब सिंह को सौंपी थी। नवाब सिंह ने मामले की विवेचना करते हुए मंगलवार को एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया, जिस पर कोर्ट ने सुनवाई करते हुए सपा नेता आजम खां और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को व्यक्तिगत तौर पर तलब किया है। अब इस मामले की सुनवाई सात अक्तूबर को होगी।
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यह है मामला--
रिकाॅर्ड रूम के सहायक अभिलेखपाल मोहम्मद फरीद की ओर से सिविल लाइंस थाने में नौ मई 2020 को लखनऊ के पीरपुर हाउस निवासी सैयद आफाक अहमद व अज्ञात के खिलाफ आईपीसी की धारा 218, 420, 467, 468, 471 के तहत मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने का आरोप लगा है। दरअसल, यह मामला मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी परिसर के अंतर्गत आने वाली भूमि का है जो कि इमामुद्दीन कुरैशी पुत्र बदरुद्दीन कुरैशी के नाम दर्ज थी। इमामुद्दीन कुरैशी 1947-48 में भारत छोड़कर पाकिस्तान चले गए थे और यह संपत्ति शत्रु संपत्ति के रूप में सन् 2006 में भारत सरकार के कस्टोडियन विभाग के अंतर्गत दर्ज कर ली गई थी। रिकॉर्ड की जांच करने पर यह मामला प्रकाश में आया कि राजस्व विभाग के रिकॉर्ड में जालसाजी कर शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के लिए आफाक अहमद का नाम गलत तरीके से राजस्व रिकॉर्ड में अंकित कर दिया गया था तथा रिकॉर्ड के पन्ने फटे हुए पाए गए थे।
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तत्कालीन एसपी के खिलाफ चल रही जांच
रामपुर। सपा नेता आजम खां और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम का नाम निकाल देने के मामले का खुलासा होने के बाद शासन ने तत्कालीन एसपी अशोक शुक्ला के खिलाफ जांच बैठा थी। यह जांच अलीगढ़ की मंडलायुक्त चैत्रा वी और आईजी सतर्कता मंजिल सैनी को सौंपी गई है।
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विदेश भागा आफाक, निरस्त होगा पासपोर्ट
रामपुर। शत्रु संपत्ति के दस्तावेजों को खुर्द-बुर्द करने के मामले में आरोपी बनाए गए लखनऊ निवासी सैयद आफाक अहमद विदेश भाग चुका है। विवेचक नवाब सिंह ने इस मामले की तफ्तीश करते हुए मुख्य आरोपी आफाक के यहां छापा मारा, लेकिन वह हाथ नहीं आया। बताया गया कि वह विदेश भाग गया। विवेचक ने बताया कि अब इस मामले में पासपोर्ट खारिज कराने के लिए विदेश मंत्रालय को रिपोर्ट भेजी गई है। संवाद
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सपा नेता आजम खां पर दर्ज केसों को लेकर शासन बेहद गंभीर है। पिछले दिनों शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के आरोपों से घिरे सपा नेता आजम खां व अब्दुल्ला आजम को रामपुर पुलिस ने क्लीन चिट दे दी थी, जिस पर यह मामला शासन तक पहुंचा। इसके बाद इस मामले में शासन ने तत्कालीन पुलिस अधीक्षक अशोक शुक्ला के खिलाफ जांच बैठा दी थी।
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इस मामले की दोबारा विवेचना करने के आदेश दिए गए थे। एसपी ने इस मामले की विवेचना अपराध शाखा के इंस्पेक्टर नवाब सिंह को सौंपी थी। नवाब सिंह ने मामले की विवेचना करते हुए मंगलवार को एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया, जिस पर कोर्ट ने सुनवाई करते हुए सपा नेता आजम खां और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को व्यक्तिगत तौर पर तलब किया है। अब इस मामले की सुनवाई सात अक्तूबर को होगी।
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यह है मामला
रिकाॅर्ड रूम के सहायक अभिलेखपाल मोहम्मद फरीद की ओर से सिविल लाइंस थाने में नौ मई 2020 को लखनऊ के पीरपुर हाउस निवासी सैयद आफाक अहमद व अज्ञात के खिलाफ आईपीसी की धारा 218, 420, 467, 468, 471 के तहत मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने का आरोप लगा है। दरअसल, यह मामला मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी परिसर के अंतर्गत आने वाली भूमि का है जो कि इमामुद्दीन कुरैशी पुत्र बदरुद्दीन कुरैशी के नाम दर्ज थी। इमामुद्दीन कुरैशी 1947-48 में भारत छोड़कर पाकिस्तान चले गए थे और यह संपत्ति शत्रु संपत्ति के रूप में सन् 2006 में भारत सरकार के कस्टोडियन विभाग के अंतर्गत दर्ज कर ली गई थी। रिकॉर्ड की जांच करने पर यह मामला प्रकाश में आया कि राजस्व विभाग के रिकॉर्ड में जालसाजी कर शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के लिए आफाक अहमद का नाम गलत तरीके से राजस्व रिकॉर्ड में अंकित कर दिया गया था तथा रिकॉर्ड के पन्ने फटे हुए पाए गए थे।
तत्कालीन एसपी के खिलाफ चल रही जांच
रामपुर। सपा नेता आजम खां और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम का नाम निकाल देने के मामले का खुलासा होने के बाद शासन ने तत्कालीन एसपी अशोक शुक्ला के खिलाफ जांच बैठा थी। यह जांच अलीगढ़ की मंडलायुक्त चैत्रा वी और आईजी सतर्कता मंजिल सैनी को सौंपी गई है।
विदेश भागा आफाक, निरस्त होगा पासपोर्ट
रामपुर। शत्रु संपत्ति के दस्तावेजों को खुर्द-बुर्द करने के मामले में आरोपी बनाए गए लखनऊ निवासी सैयद आफाक अहमद विदेश भाग चुका है। विवेचक नवाब सिंह ने इस मामले की तफ्तीश करते हुए मुख्य आरोपी आफाक के यहां छापा मारा, लेकिन वह हाथ नहीं आया। बताया गया कि वह विदेश भाग गया। विवेचक ने बताया कि अब इस मामले में पासपोर्ट खारिज कराने के लिए विदेश मंत्रालय को रिपोर्ट भेजी गई है। संवाद