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एफडीआर तकनीक से बनेंगी सड़कें, जर्मनी से आई मशीन
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रायबरेली में सोमवार को सरेनी-भोजपुर का बदहाल मार्ग।
- फोटो : RAIBARAILY
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एरायबरेली। राष्ट्रीय राजमार्ग और राजमार्गों के बाद अब लिंक मार्ग को दुरुस्त करने के प्रयास तेजी से चल रहे हैं। पिछले कई वर्षों से जर्जर चल रहे मार्गों के दिन जल्द बहुरेंगे। एफडीआर (फुल डेप्थ रिक्लिेमेशन) तकनीक से इनका निर्माण किया जाएगा। ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग के सहयोग से एक दर्जन जर्जर मार्गों पर आवागमन जल्द सुलभ होगा। इन सड़कों के बन जाने से करीब पांच लाख से ज्यादा से लोगों को आने-जाने में राहत मिलेगी। इन सड़कों को ठीक कराने में करीब दो अरब 22 करोड़ खर्च किए जाएंगे। सड़कों के निर्माण के लिए जर्मनी से मशीन भी मंगवा ली गई हैं।
पिछले कई वर्षों से जर्जर सड़कों की मरम्मत की मांग चल रही थी लेकिन एफडीआर तकनीक से कराने के लिए यहां के ठेकेदारों के पास इस तरह की मशीन नहीं होने के चलते विलंब हुआ। इस तकनीक से 27 संपर्क मार्ग बनवाए जाएंगे। इसमें 11 सड़कों का अनुबंध हो गया है। इस कार्य की शुरुआत सरेनी-भोजपुर मार्ग से होगी। 16 सड़कों में टेंडर प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है।
यह है एफडीआर तकनीक
एफडीआर पद्धति से मार्ग को सही करने के लिए अत्याधुनिक मशीन का प्रयोग होगा, जो पुराने मैटीरियल के साथ छोटे व बड़े बोल्डर को मिक्स करेगी। मशीन से इसकी पेस्टिंग की जाएगी। इस तरह सड़क की पूरी सतह तैयार होगी। इसके बाद पिच कार्य होगा।
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इन सड़कों की बदलेगी सूरत
-सरेनी क्षेत्र में रौतापुर से मथापुर तक।
-सरेनी क्षेत्र में सरेनी-भोजपुर मार्ग।
-सरेनी क्षेत्र में भोजपुर-ऊंचगांव से रसूलपुर रोड तक।
-सरेनी क्षेत्र में भोजपुर रोड से समोधा तक।
-सरेनी क्षेत्र में लालगंज-सरेनी रोड से गुरुदत्तखेड़ा तक।
-डलमऊ क्षेत्र में डलमऊ से ऐहार तक।
-डलमऊ क्षेत्र में घुरवारा से करकसा तक
-डलमऊ क्षेत्र में डलमऊ से कीर्तखेड़ा संपर्क मार्ग
-लालगंज क्षेत्र में लालगंज से मटेलना संपर्क मार्ग।
-लालगंज क्षेत्र में लालगंज से पूरे मातादीन गांव तक
-सलोन क्षेत्र में ममुनी से पूरे लंबू होते हुए सलोन-जगतपुर मार्ग तक
-सलोन क्षेत्र में रायबरेली-जौनपुर हाईवे से झपट्टी का पुरवा तक।
-सलोन क्षेत्र में कमालगंज से धरई होते हुए मानिकपुर रोड।
-सलोन क्षेत्र में अमरुपुरपुर से पूरे फैजूलाल धरई रोड तक।
-अमावां क्षेत्र में पहाड़पुर से रमजानगंज तक।
-अमावां क्षेत्र में तकिया चौराहा से डिघिया तक।
-अमावां क्षेत्र में चकलोहरा होते हुए गौरीगंज गांव तक।
-जगतपुर क्षेत्र में जगतपुर में रामगढ़ होते हुए दौलतपुर रोड तक।
-जगतपुर क्षेत्र में डलमऊ-ऊंचाहार रोड से जगतपुर डलमऊ रोड तक।
-डीह क्षेत्र में छोटी केसरिया से पोठई होते हुए रोखा मार्ग।
-डीह क्षेत्र में आशापुर से त्रिलोकपुर होते हुए जायस-सलोन रोड तक।
-रोहनिया क्षेत्र में बीकरगढ़ से पूरे नंदी गांव तक
-रोहनिया क्षेत्र में उमरन से मतरमपुर गांव तक।
-शिवगढ़ क्षेत्र में महराजगंज-हैदरगंढ से पूरे नंदी गांव तक।
-खीरों क्षेत्र में खीरों से तिवारिनखेड़ा तक
-छतोह क्षेत्र में नसीराबाद से राजापुर, गरहा होते हुए बभनपुर तक।
-सतांव क्षेत्र में दरीबा से कठगर तक।
एफडीआर तकनीक से सड़कों की लागत में आएगी कमी
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की सड़कों में एफडीआर तकनीक का इस्तेमाल क्रांतिकारी कदम है। अब सड़कों का निर्माण फास्ट ट्रैक मोड में होगा। एफडीआर तकनीक से सड़कों की लागत में कमी आएगी और वे ज्यादा मजबूत होंगी। 11 सड़कों का अनुबंध पूरा हो गया है। जल्द ही इन पर काम शुरू कराया जाएगा। 16 सड़कों की टेंडर प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है। -नूर आलम, अधिशासी अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग
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पिछले कई वर्षों से जर्जर सड़कों की मरम्मत की मांग चल रही थी लेकिन एफडीआर तकनीक से कराने के लिए यहां के ठेकेदारों के पास इस तरह की मशीन नहीं होने के चलते विलंब हुआ। इस तकनीक से 27 संपर्क मार्ग बनवाए जाएंगे। इसमें 11 सड़कों का अनुबंध हो गया है। इस कार्य की शुरुआत सरेनी-भोजपुर मार्ग से होगी। 16 सड़कों में टेंडर प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है।
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यह है एफडीआर तकनीक
एफडीआर पद्धति से मार्ग को सही करने के लिए अत्याधुनिक मशीन का प्रयोग होगा, जो पुराने मैटीरियल के साथ छोटे व बड़े बोल्डर को मिक्स करेगी। मशीन से इसकी पेस्टिंग की जाएगी। इस तरह सड़क की पूरी सतह तैयार होगी। इसके बाद पिच कार्य होगा।
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इन सड़कों की बदलेगी सूरत
-सरेनी क्षेत्र में रौतापुर से मथापुर तक।
-सरेनी क्षेत्र में सरेनी-भोजपुर मार्ग।
-सरेनी क्षेत्र में भोजपुर-ऊंचगांव से रसूलपुर रोड तक।
-सरेनी क्षेत्र में भोजपुर रोड से समोधा तक।
-सरेनी क्षेत्र में लालगंज-सरेनी रोड से गुरुदत्तखेड़ा तक।
-डलमऊ क्षेत्र में डलमऊ से ऐहार तक।
-डलमऊ क्षेत्र में घुरवारा से करकसा तक
-डलमऊ क्षेत्र में डलमऊ से कीर्तखेड़ा संपर्क मार्ग
-लालगंज क्षेत्र में लालगंज से मटेलना संपर्क मार्ग।
-लालगंज क्षेत्र में लालगंज से पूरे मातादीन गांव तक
-सलोन क्षेत्र में ममुनी से पूरे लंबू होते हुए सलोन-जगतपुर मार्ग तक
-सलोन क्षेत्र में रायबरेली-जौनपुर हाईवे से झपट्टी का पुरवा तक।
-सलोन क्षेत्र में कमालगंज से धरई होते हुए मानिकपुर रोड।
-सलोन क्षेत्र में अमरुपुरपुर से पूरे फैजूलाल धरई रोड तक।
-अमावां क्षेत्र में पहाड़पुर से रमजानगंज तक।
-अमावां क्षेत्र में तकिया चौराहा से डिघिया तक।
-अमावां क्षेत्र में चकलोहरा होते हुए गौरीगंज गांव तक।
-जगतपुर क्षेत्र में जगतपुर में रामगढ़ होते हुए दौलतपुर रोड तक।
-जगतपुर क्षेत्र में डलमऊ-ऊंचाहार रोड से जगतपुर डलमऊ रोड तक।
-डीह क्षेत्र में छोटी केसरिया से पोठई होते हुए रोखा मार्ग।
-डीह क्षेत्र में आशापुर से त्रिलोकपुर होते हुए जायस-सलोन रोड तक।
-रोहनिया क्षेत्र में बीकरगढ़ से पूरे नंदी गांव तक
-रोहनिया क्षेत्र में उमरन से मतरमपुर गांव तक।
-शिवगढ़ क्षेत्र में महराजगंज-हैदरगंढ से पूरे नंदी गांव तक।
-खीरों क्षेत्र में खीरों से तिवारिनखेड़ा तक
-छतोह क्षेत्र में नसीराबाद से राजापुर, गरहा होते हुए बभनपुर तक।
-सतांव क्षेत्र में दरीबा से कठगर तक।
एफडीआर तकनीक से सड़कों की लागत में आएगी कमी
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की सड़कों में एफडीआर तकनीक का इस्तेमाल क्रांतिकारी कदम है। अब सड़कों का निर्माण फास्ट ट्रैक मोड में होगा। एफडीआर तकनीक से सड़कों की लागत में कमी आएगी और वे ज्यादा मजबूत होंगी। 11 सड़कों का अनुबंध पूरा हो गया है। जल्द ही इन पर काम शुरू कराया जाएगा। 16 सड़कों की टेंडर प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है। -नूर आलम, अधिशासी अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग