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भड़के स्टाफ ने सीएचसी में जड़ा ताला
रायबरेली/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 02 Aug 2015 12:00 AM IST
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नसीराबाद सीएचसी अधीक्षक की पिटाई से खफा स्वास्थ्य कर्मियों ने शनिवार को स्वास्थ्य केंद्र में ताला जड़ दिया। साथ ही आरोपी की गिरफ्तारी की मांग पर अड़ गए। इसका खामियाजा रोगियों को उठाना पड़ा।
बिना इलाज के ही बैरंग लौटना पड़ा या फिर प्राइवेट डॉक्टरों का सहारा लेना पड़ा। यही नहीं ग्रामीणों ने अधीक्षक के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए जुलूस निकालकर नसीराबाद थाने का घेराव किया।
सभी ने अधीक्षक को हटाने की मांग की। इससे दो घंटे तक अफरातफरी का माहौल रहा। एसडीएम सलोन ने किसी तरह ग्रामीणों को शांत कराया।
नसीराबाद सीएचसी में तैनात अधीक्षक डॉ. आरपी गिरि की शुक्रवार को नसीराबाद कस्बा निवासी इकबाल ने पिटाई कर दी थी। अधीक्षक ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई थी।
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सुबह अधीक्षक की पिटाई से स्वास्थ्य कर्मी आक्रोशित हो गए। उन्होंने सीएचसी में ताला जड़ दिया और रोगियों का इलाज करने से मना कर दिया। सभी ने सीएचसी के बाहर नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया।
डॉ. केके सिंह, ओपी कुमार आदि स्वास्थ्य कर्मियों का कहना था कि आरोपी की गिरफ्तारी की जाए, तभी कामकाज शुरू किया जाएगा। सीएचसी में पुलिस तैनात की जाए।
स्वास्थ्य कर्मियों की हड़ताल के कारण सैकड़ों की संख्या में पहुंचे रोगियों को बैरंग घर लौटना पड़ा। कुछ रोगियों ने प्राइवेट में इलाज कराया।
उधर, नसीराबाद कस्बे के लोगों ने जुलूस निकाला और थाने का घेराव करके जमकर प्रदर्शन किया। आमिया, खातून, सविता, राजपाल, रमेश का कहना है कि सीएचसी अधीक्षक रोगियों के साथ मनमानी करते हैं।
यहां पर रुकते नहीं हैं। इससे रोगियों का इलाज ठीक से नहीं हो पाता। अधीक्षक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाए। एसडीएम सलोन डीपी मिश्रा ने लोगों को कार्रवाई का भरोसा देकर शांत कराया।
सभी ने कहा कि यदि मामले में अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा।
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बिना इलाज के ही बैरंग लौटना पड़ा या फिर प्राइवेट डॉक्टरों का सहारा लेना पड़ा। यही नहीं ग्रामीणों ने अधीक्षक के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए जुलूस निकालकर नसीराबाद थाने का घेराव किया।
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सभी ने अधीक्षक को हटाने की मांग की। इससे दो घंटे तक अफरातफरी का माहौल रहा। एसडीएम सलोन ने किसी तरह ग्रामीणों को शांत कराया।
नसीराबाद सीएचसी में तैनात अधीक्षक डॉ. आरपी गिरि की शुक्रवार को नसीराबाद कस्बा निवासी इकबाल ने पिटाई कर दी थी। अधीक्षक ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई थी।
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सुबह अधीक्षक की पिटाई से स्वास्थ्य कर्मी आक्रोशित हो गए। उन्होंने सीएचसी में ताला जड़ दिया और रोगियों का इलाज करने से मना कर दिया। सभी ने सीएचसी के बाहर नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया।
डॉ. केके सिंह, ओपी कुमार आदि स्वास्थ्य कर्मियों का कहना था कि आरोपी की गिरफ्तारी की जाए, तभी कामकाज शुरू किया जाएगा। सीएचसी में पुलिस तैनात की जाए।
स्वास्थ्य कर्मियों की हड़ताल के कारण सैकड़ों की संख्या में पहुंचे रोगियों को बैरंग घर लौटना पड़ा। कुछ रोगियों ने प्राइवेट में इलाज कराया।
उधर, नसीराबाद कस्बे के लोगों ने जुलूस निकाला और थाने का घेराव करके जमकर प्रदर्शन किया। आमिया, खातून, सविता, राजपाल, रमेश का कहना है कि सीएचसी अधीक्षक रोगियों के साथ मनमानी करते हैं।
यहां पर रुकते नहीं हैं। इससे रोगियों का इलाज ठीक से नहीं हो पाता। अधीक्षक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाए। एसडीएम सलोन डीपी मिश्रा ने लोगों को कार्रवाई का भरोसा देकर शांत कराया।
सभी ने कहा कि यदि मामले में अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा।