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युवक की हत्या करके कोडरी जंगल में फेंका शव
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सलोन (रायबरेली)। कोतवाली क्षेत्र में एक युवक की हत्या कर शव को कोडरी जंगल में फेंक दिया गया। गले और चेहरे पर धारदार हथियार से ताबड़तोड़ वार किए गए।
खून अधिक निकलने के कारण चेहरा पहचान में नहीं आ रहा था। सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर पड़ताल की। रायबरेली-प्रतापगढ़ जिले के बार्डर के पास हुई इस घटना से हड़कंप मच गया।
पुलिस आशंका जता रही है कि बेहोशी की हालत में युवक को जंगल में लाकर मौत के घाट उतार दिया गया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सुबूत जुटाए।
सलोन के धरई कोडरी जंगल की झाड़ियों में गुरुवार को युवक (25) का शव मिला। ग्रामीणों ने आननफानन कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
कोतवाली पुलिस फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची। सीओ सलोन इंद्रपाल ने इस दौरान ग्रामीणों से युवक के शव की पहचान कराई, लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी।
कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि युवक की बड़ी बेरहमी से हत्या की गई। गले के साथ ही चेहरे पर धारदार हथियार से हमला करने के निशान मिले हैं। सिर पर किसी वजनदार सामान से हमला किया गया।
मृत युवक की शिनाख्त न हो, इसके लिए चेहरे पर बुरी तरह जख्म किए गए। कोतवाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया जांच में यह प्रतीत होता है कि बेहोशी की हालत में युवक को यहां लाकर उसकी हत्या की गई।
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घटनास्थल से 200 मीटर की दूरी पर प्रतापगढ़ जनपद का बार्डर लगता है। सीओ ने बताया कि शव की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही घटना का पर्दाफाश किया जाएगा।
एसपी उड़ा रहे सीएम के आदेश का मखौल
जिले में अपराध का ग्राफ तेजी से बढ़ रहा है। चोरियों के साथ ही अब हत्या भी होने लगी। सीएम योगी का आदेश है कि घटना के बाद अधिकारी मौके पर जाकर पड़ताल करें। साथ ही पुलिस अफसर सीयूजी नंबर जरूर उठाएं। जिले में सीएम के आदेश का पालन नहीं हो पा रहा है।
नए पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी से अमर उजाला ने जब घटना की बाबत जानने के लिए उनके सीयूजी नंबर 9454400302 पर फोन मिलाया गया तो पीआरओ ने फोन उठाया। पुलिस अधीक्षक से बात कराने की बात कही गई तो पीआरओ ने कहा अभी कराते हैं, लेकिन एसपी से बात नहीं हो पाई। ऐसा रोज होता है। जब भी एसपी के सीयूजी नंबर पर फोन मिलाकर बात करने का प्रयास किया जाता है, तब पीआरओ ही फोन उठाते हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि सीएम के आदेश का एसपी कैसे मखौल उड़ा रहे हैं।
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खून अधिक निकलने के कारण चेहरा पहचान में नहीं आ रहा था। सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर पड़ताल की। रायबरेली-प्रतापगढ़ जिले के बार्डर के पास हुई इस घटना से हड़कंप मच गया।
पुलिस आशंका जता रही है कि बेहोशी की हालत में युवक को जंगल में लाकर मौत के घाट उतार दिया गया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सुबूत जुटाए।
सलोन के धरई कोडरी जंगल की झाड़ियों में गुरुवार को युवक (25) का शव मिला। ग्रामीणों ने आननफानन कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
कोतवाली पुलिस फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची। सीओ सलोन इंद्रपाल ने इस दौरान ग्रामीणों से युवक के शव की पहचान कराई, लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी।
कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि युवक की बड़ी बेरहमी से हत्या की गई। गले के साथ ही चेहरे पर धारदार हथियार से हमला करने के निशान मिले हैं। सिर पर किसी वजनदार सामान से हमला किया गया।
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मृत युवक की शिनाख्त न हो, इसके लिए चेहरे पर बुरी तरह जख्म किए गए। कोतवाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया जांच में यह प्रतीत होता है कि बेहोशी की हालत में युवक को यहां लाकर उसकी हत्या की गई।
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घटनास्थल से 200 मीटर की दूरी पर प्रतापगढ़ जनपद का बार्डर लगता है। सीओ ने बताया कि शव की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही घटना का पर्दाफाश किया जाएगा।
एसपी उड़ा रहे सीएम के आदेश का मखौल
जिले में अपराध का ग्राफ तेजी से बढ़ रहा है। चोरियों के साथ ही अब हत्या भी होने लगी। सीएम योगी का आदेश है कि घटना के बाद अधिकारी मौके पर जाकर पड़ताल करें। साथ ही पुलिस अफसर सीयूजी नंबर जरूर उठाएं। जिले में सीएम के आदेश का पालन नहीं हो पा रहा है।
नए पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी से अमर उजाला ने जब घटना की बाबत जानने के लिए उनके सीयूजी नंबर 9454400302 पर फोन मिलाया गया तो पीआरओ ने फोन उठाया। पुलिस अधीक्षक से बात कराने की बात कही गई तो पीआरओ ने कहा अभी कराते हैं, लेकिन एसपी से बात नहीं हो पाई। ऐसा रोज होता है। जब भी एसपी के सीयूजी नंबर पर फोन मिलाकर बात करने का प्रयास किया जाता है, तब पीआरओ ही फोन उठाते हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि सीएम के आदेश का एसपी कैसे मखौल उड़ा रहे हैं।