{"_id":"5e3488b58ebc3ebfe67629c4","slug":"locks-hanging-in-banks-people-returning-unsaid-transactions-worth-350-crores-stalled-raibaraily-news-lko5059794173","type":"story","status":"publish","title_hn":"बैंकों में लटके ताले, बैरंग लौटे लोग, 350 करोड़ का लेनदेन रहा ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बैंकों में लटके ताले, बैरंग लौटे लोग, 350 करोड़ का लेनदेन रहा ठप
विज्ञापन
रायबरेली। नई पेंशन योजना की समाप्ति समेत विभिन्न मांगों को लेकर शुक्रवार को 336 बैंक शाखाओं में पूरी तरह से तालाबंदी रही। दो दिवसीय हड़ताल के चलते पहले दिन बैंक के अधिकारियों और कर्मचारियों ने नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया। केंद्र सरकार पर उपेक्षा का आरोप लगाया। बैंकों में ताले लटकने से कामकाज नहीं हुआ और लोगों को बैरंग लौटना पड़ा। पहले दिन हड़ताल से 350 करोड़ का लेनदेन प्रभावित रहा।
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के बैनर तले दो दिवसीय हड़ताल शुरू की गई। हड़ताल से बैंक ऑफ बड़ौदा, भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, विजया बैंक समेत 336 बैंक शाखाओं में तालाबंदी रही। बैंक अधिकारी और कर्मचारी सुपर मार्केट में एकत्र हुए और नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया।
पंजाब नेशनल बैंक के कर्मचारी अयाज, केनरा बैंक के रणविजय सिंह, शिवाकांत श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार की मनमानी नहीं चलने दी जाएगी। सरकार की तरफ से बैंकों का प्रतिनिधित्व कर रही आईबीए वेतन समझौते के नाम पर सिर्फ बैंक कर्मियों के हितों का नजरदांज कर रही है। सभी ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो 11, 12 और 13 मार्च को तीन दिवसीय हड़ताल फिर की जाएगी।
विज्ञापन
इस मौके पर अरुण सिंह, रंजन साहा, प्रभात, गंगा, संजीव, निखिल, विक्रम सिंह, बृजेश सिंह, मान सिंह, धीरेंद्र बहादुर सिंह मौजूद रहे। वहीं जगतपुर ब्लॉक क्षेत्र के सिद्धौर के रहने वाले सुधीर सिंह, श्रीराम यादव कस्बा स्थित बैंक रुपया निकालने पहुंचे थे, लेकिन वापस घर लौैटना पड़ा। उनका कहना था कि गेहूं की फसल में खाद डालनी थी।
इसलिए खाद के लिए उन्हें रुपया चाहिए थे। विकास नगर निवासी संजय कुमार बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा धन निकालने पहुंचे, लेकिन मायूसी हाथ लगी। इसी तरह अन्य ग्राहकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बैंकों में तालाबंदी होने से एटीएम में कैश निकालने के लिए लोग पहुंचते रहे। हालांकि कहीं पर इतनी भीड़ नहीं दिखी कि कैश निकालने को लेकर एटीएम में मारामारी मची हो।
शहर के सुपर मार्केट, जिला अस्पताल चौराहा, डिग्री कॉलेज चौराहा, सिविल लाइंस समेत अन्य जगहों पर एटीएम खुले रहे। पहले दिन हड़ताल की वजह से जिले की 336 बैंक शाखाओं में तालाबंदी रही। वहीं बड़ौदा उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंकें, प्राइवेट बैंकें और जिला सहकारी बैंक की शाखाएं खुली रही, जहां पर हर दिन की तरह लेनदेन हुआ।
विभिन्न मांगों को लेकर जिले की विभिन्न बैंकों की 336 शाखाओं में तालाबंदी रही। कामकाज नहीं हुआ। अधिकारी, कर्मचारी हड़ताल पर रहे। हड़ताल की वजह से 350 करोड़ का लेनदेन प्रभावित हुआ। ग्राहकों को कैश पहुंचाने के लिए एटीएम खुले रहे। एटीएम में पर्याप्त धन था। कहीं पर किसी ग्राहक को कोई दिक्कत नहीं आई।- विजय शर्मा, एलडीएम
विज्ञापन
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के बैनर तले दो दिवसीय हड़ताल शुरू की गई। हड़ताल से बैंक ऑफ बड़ौदा, भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, विजया बैंक समेत 336 बैंक शाखाओं में तालाबंदी रही। बैंक अधिकारी और कर्मचारी सुपर मार्केट में एकत्र हुए और नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया।
विज्ञापन
पंजाब नेशनल बैंक के कर्मचारी अयाज, केनरा बैंक के रणविजय सिंह, शिवाकांत श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार की मनमानी नहीं चलने दी जाएगी। सरकार की तरफ से बैंकों का प्रतिनिधित्व कर रही आईबीए वेतन समझौते के नाम पर सिर्फ बैंक कर्मियों के हितों का नजरदांज कर रही है। सभी ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो 11, 12 और 13 मार्च को तीन दिवसीय हड़ताल फिर की जाएगी।
विज्ञापन
इस मौके पर अरुण सिंह, रंजन साहा, प्रभात, गंगा, संजीव, निखिल, विक्रम सिंह, बृजेश सिंह, मान सिंह, धीरेंद्र बहादुर सिंह मौजूद रहे। वहीं जगतपुर ब्लॉक क्षेत्र के सिद्धौर के रहने वाले सुधीर सिंह, श्रीराम यादव कस्बा स्थित बैंक रुपया निकालने पहुंचे थे, लेकिन वापस घर लौैटना पड़ा। उनका कहना था कि गेहूं की फसल में खाद डालनी थी।
इसलिए खाद के लिए उन्हें रुपया चाहिए थे। विकास नगर निवासी संजय कुमार बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा धन निकालने पहुंचे, लेकिन मायूसी हाथ लगी। इसी तरह अन्य ग्राहकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बैंकों में तालाबंदी होने से एटीएम में कैश निकालने के लिए लोग पहुंचते रहे। हालांकि कहीं पर इतनी भीड़ नहीं दिखी कि कैश निकालने को लेकर एटीएम में मारामारी मची हो।
शहर के सुपर मार्केट, जिला अस्पताल चौराहा, डिग्री कॉलेज चौराहा, सिविल लाइंस समेत अन्य जगहों पर एटीएम खुले रहे। पहले दिन हड़ताल की वजह से जिले की 336 बैंक शाखाओं में तालाबंदी रही। वहीं बड़ौदा उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंकें, प्राइवेट बैंकें और जिला सहकारी बैंक की शाखाएं खुली रही, जहां पर हर दिन की तरह लेनदेन हुआ।
विभिन्न मांगों को लेकर जिले की विभिन्न बैंकों की 336 शाखाओं में तालाबंदी रही। कामकाज नहीं हुआ। अधिकारी, कर्मचारी हड़ताल पर रहे। हड़ताल की वजह से 350 करोड़ का लेनदेन प्रभावित हुआ। ग्राहकों को कैश पहुंचाने के लिए एटीएम खुले रहे। एटीएम में पर्याप्त धन था। कहीं पर किसी ग्राहक को कोई दिक्कत नहीं आई।- विजय शर्मा, एलडीएम