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यूपी में बड़ा खेला: यहां आबादी से ज्यादा बना दिए जन्म प्रमाणपत्र... आतंकी कनेक्शन के बाद चर्चा में आया ये गांव

Wed, 24 Jul 2024 09:29 AM IST
शाहरुख खान मनोज ओझा, अमर उजाला, रायबरेली
मनोज ओझा, अमर उजाला, रायबरेली Published by: शाहरुख खान Updated Wed, 24 Jul 2024 09:29 AM IST
सार

रायबरेली में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। इस गांव में जालसाजों ने आबादी से ज्यादा जन्म प्रमाणपत्र बना दिए। यहां की आबादी 7500 है, जालसाजों ने 10, 151 प्रमाणपत्र बना दिए। चार अन्य गांवों में भी अब तक जांच में नौ हजार से अधिक फर्जी प्रमाणपत्र की पुष्टि हुई है।

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Fraud in Raebareli Fraudsters made more birth certificates than population in up
Fraud in Raebareli - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

फर्जी जन्म प्रमाणपत्र के आतंकी कनेक्शन से चर्चा में आए रायबरेली के सलोन ब्लॉक के बाद अब छतोह में भी बड़ा खेल सामने आया है। यहां के नुरुद्दीनपुर गांव में जालसाजों ने आबादी से 7500 से ज्यादा 10, 151 जन्म प्रमाणपत्र बना दिए। 
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सीडीओ अर्पित उपाध्याय की जांच में सामने आया है कि जिन नाम से प्रमाणपत्र जारी किए गए हैं, उन नाम के लोग गांव में रहते ही नहीं हैं। इससे पहले सलोन में 20 हजार से अधिक फर्जी प्रमाणपत्र पकड़ में आ चुके हैं।
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केरल में पीएफआई के एक संदिग्ध सदस्य का प्रमाणपत्र सलोन का बना मिला था। कर्नाटक में भी एक संदिग्ध का जन्म प्रमाणपत्र यहीं से बनाया गया था। दोनों प्रदेशों की पुलिस जांच के लिए रायबरेली पहुंची। 
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इसके बाद भाजपा विधायक अशोक कुमार कोरी ने जांच की मांग उठाई। सीडीओ ने जांच शुरू की तो ग्राम विकास अधिकारी (वीडीओ) विजय सिंह यादव की यूजर आईडी और पासवर्ड से करीब 20 हजार फर्जी प्रमाणपत्र जारी मिले। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर वीडीओ, सलोन निवासी मो. जीशान, रियाज और सुहेल खान को जेल भेज दिया।

जहां रही आरोपी वीडीओ की तैनाती वे गांव जांच के दायरे में
जांच आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) ने भी शुरू कर दी। पूरे रैकेट के भंडाफोड़ के लिए आरोपी वीडीओ की तैनाती वाले सभी ग्राम पंचायतों को जांच के दायरे में लिया गया। इसी क्रम में नुरुद्दीनपुर में आबादी से ज्यादा जन्म प्रमाणपत्र जारी करने का मामला प्रकाश में आया।
 

सलोन के बाद छतोह ब्लॉक के गांवों में भी फर्जीवाड़े की आशंका
सलोन ब्लॉक के पांच गांवों में 19,184 फर्जी जन्म प्रमाणपत्र की जांच की आंच छतोह ब्लॉक के आठ गांवों में भी पहुंच गई है। यहां चार साल में जारी किए गए प्रमाणपत्रों की जांच के आदेश दिए गए हैं। आरोपी ग्राम विकास अधिकारी (वीडीओ) विजय यादव पूर्व में इन ग्राम पंचायतों में भी तैनात रह चुका है।

 

सलोन कोतवाली क्षेत्र के सिरसिरा, लहुरेपुर, नुरुद्दीनपुर, गोपालपुर उर्फ अनंतपुर, गढ़ी इस्लाम नगर गांवों में वीडीओ विजय सिंह यादव की यूजर आईडी और पासवर्ड से 19,184 फर्जी जन्म प्रमाणपत्र जारी कर दिया गया। मामले में आरोपी वीडीओ समेत चार लोगों पर मुकदमा दर्ज हुआ है। 

 

एटीएस की आईजी नीलाब्जा चौधरी और लखनऊ रेंज के आईजी अमरेंद्र सेंगर ने सलोन पहुंचकर जांच की थी। आरोपी वीडीओ ऊंचाहार थाना क्षेत्र के कोटरा बहादुरपुर निवासी विजय सिंह यादव, सलोन निवासी मो. जीशान, रियाज और सुहेल खान को गिरफ्तार करने के बाद जेल भेजा जा चुका है।

 

आरोपी वीडीओ के तैनाती वाले गांवों में फर्जी जन्म प्रमाणपत्रों की संख्या 25 से 30 हजार तक हो सकती है। इसी कारण चार साल में उसकी तैनाती वाले सभी गांवों में जांच के आदेश दिए गए हैं।

छतोह ब्लॉक की ग्राम पंचायतों बारा, निनावां, गढ़ा, महानंदपुर, बरावां, बढ़ौना, दोस्तपुर बुढ़वारा, महमदपुर नमकसार में पूर्व में उसकी तैनाती थी। इसी कारण इन गांवों में भी अब तक जारी किए गए जन्म प्रमाणपत्रों की जांच के लिए कमेटी गठित की गई है।

सलोन ब्लॉक के 12 गांवों में भी शुरू हुई जांच
वीडीओ विजय यादव के सलोन ब्लॉक के तैनाती वाली ग्राम पंचायतों पाल्हीपुर, दुबहन, पृथ्वीपुर, अवनानीश, माधवपुर निनौया, सांडा सैदन, लहुरेपुर, गोपालपुर उर्फ अनंतपुर, नूरुद्दीनपुर, गढ़ी इस्लामनगर, कालू जलालपुर, सिरसिरा में जन्म प्रमाणपत्रों की जांच शुरू कर दी गई है।

सलोन के पांच गांवों में अब तक 19,184 फर्जी प्रमाणपत्र पकड़ में आए हैं। जांच में यह संख्या बढ़ने की आशंका है। टीमों को एक फरवरी 2020 से अब तक बनाए गए जन्म प्रमाणपत्रों की जांच करके रिपोर्ट देनी है।

 

छतोह ब्लॉक की आठ ग्राम पंचायतों में एक फरवरी 2020 से बनाए गए जन्म प्रमाणपत्रों की जांच के लिए कमेटी गठित की गई है। इसके साथ ही आरोपी वीडीओ की तैनाती के सलोन के 12 गांवों की भी जांच शुरू कराई गई है। उसके बाद स्पष्ट हो सकेगा कि उसकी यूजर आईडी और पासवर्ड से कितने फर्जी जन्म प्रमाणपत्र जारी किए गए हैं।-अरुण कुमार, जिला विकास अधिकारी
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