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दस करोड़ से बनाई जा रही वाशिंग लाइन का कार्य होगा जल्द पूरा
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रायबरेली। सांसद सोनिया गांधी के संसदीय क्षेत्र से जल्द ही लंबी दूरी की ट्र्रेनों का संचालन भी शुरू हो जाएगा। इसके लिए रेलवे स्टेशन से सिविल लाइंस तक नई रेल लाइन बिछाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। साफ-सफाई का कार्य शुरू हो गया है। वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन शुरू होने से हर दिन जिले के 50 हजार से ज्यादा लोगों को गंतव्य तक आने-जाने में सहूलियत मिलेगी।
करीब दस करोड़ की लागत से 26 डिब्बों वाली वाशिंग लाइन का निर्माण रेलवे स्टेशन के पास कराया जा रहा है। वैसे तो वाशिंग लाइन का कार्य वर्ष 2013 तक ही पूरा हो जाना था, लेकिन बीच में इसका काम बंद हो गया था। रेलवे के अफसरों की ओर से इसको लेकर तेजी नहीं दिखाई गई। ठेकेदारों की ओर से भी निर्माण कार्य में मनमानी की गई।
नतीजा यह रहा कि इसका निर्माण कार्य ठप ही रहा। अब वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य तेजी के साथ कराया जा रहा है। बताया जा रहा है कि इसी साल वाशिंग लाइन का कार्य पूरा करा लिया जाएगा। चूंकि वाशिंग लाइन बनने के बाद यहां पर ट्रेनों का ठहराव होगा। ऐसे में रेलवे स्टेशन से सिविल लाइंस तक नई रेल लाइन बिछाने का कार्य भी शुरू करा दिया गया है।
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स्टेशन से सिविल लाइंस तक दोनों तरफ सफाई कराई जा रही है। घास-फूस को हटाया जा रहा है। ऐसा होने के बाद रायबरेली से ही लंबी दूरी की ट्र्रेनों का संचालन शुरू हो जाएगा, जिसका लाभ 50 हजार लोगों को मिलेगा।
महज एक ही ट्रेन का हो रहा संचालन
मौजूदा समय की बात करें तो रेलवे स्टेशन रायबरेली से महज मुंबई के लिए एक ट्रेन सप्ताह में दो बार चलाई जा रही है। इस ट्रेन के चलने से लोगों को फायदा मिलता है। अभी तक लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन दूसरे जिलों से कराया जा रहा है। वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य पूरा होने पर यहीं से लंबी दूरी की ट्रेनें चलेंगी, जिसका फायदा न सिर्फ रायबरेली, बल्कि अमेठी जिले के लोगों को भी मिलेगा।
वर्जन
वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य होने पर लंबी दूरी की ट्रेनों के संचालन की योजना है। ऐसे में ट्रेनों के ठहराव के लिए रेल लाइन की जरूरत होगी। इसलिए नई रेल लाइन बिछाने का प्रयास शुरू कराया गया है।
- वेदांत सहाय, सहायक मंडल अभियंता, रेलवे
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करीब दस करोड़ की लागत से 26 डिब्बों वाली वाशिंग लाइन का निर्माण रेलवे स्टेशन के पास कराया जा रहा है। वैसे तो वाशिंग लाइन का कार्य वर्ष 2013 तक ही पूरा हो जाना था, लेकिन बीच में इसका काम बंद हो गया था। रेलवे के अफसरों की ओर से इसको लेकर तेजी नहीं दिखाई गई। ठेकेदारों की ओर से भी निर्माण कार्य में मनमानी की गई।
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नतीजा यह रहा कि इसका निर्माण कार्य ठप ही रहा। अब वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य तेजी के साथ कराया जा रहा है। बताया जा रहा है कि इसी साल वाशिंग लाइन का कार्य पूरा करा लिया जाएगा। चूंकि वाशिंग लाइन बनने के बाद यहां पर ट्रेनों का ठहराव होगा। ऐसे में रेलवे स्टेशन से सिविल लाइंस तक नई रेल लाइन बिछाने का कार्य भी शुरू करा दिया गया है।
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स्टेशन से सिविल लाइंस तक दोनों तरफ सफाई कराई जा रही है। घास-फूस को हटाया जा रहा है। ऐसा होने के बाद रायबरेली से ही लंबी दूरी की ट्र्रेनों का संचालन शुरू हो जाएगा, जिसका लाभ 50 हजार लोगों को मिलेगा।
महज एक ही ट्रेन का हो रहा संचालन
मौजूदा समय की बात करें तो रेलवे स्टेशन रायबरेली से महज मुंबई के लिए एक ट्रेन सप्ताह में दो बार चलाई जा रही है। इस ट्रेन के चलने से लोगों को फायदा मिलता है। अभी तक लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन दूसरे जिलों से कराया जा रहा है। वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य पूरा होने पर यहीं से लंबी दूरी की ट्रेनें चलेंगी, जिसका फायदा न सिर्फ रायबरेली, बल्कि अमेठी जिले के लोगों को भी मिलेगा।
वर्जन
वाशिंग लाइन का निर्माण कार्य होने पर लंबी दूरी की ट्रेनों के संचालन की योजना है। ऐसे में ट्रेनों के ठहराव के लिए रेल लाइन की जरूरत होगी। इसलिए नई रेल लाइन बिछाने का प्रयास शुरू कराया गया है।
- वेदांत सहाय, सहायक मंडल अभियंता, रेलवे