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बिजली की दरें बढ़ाने को लेकर मैदान में कूदी सपा
Updated Fri, 08 Dec 2017 12:34 AM IST
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बिजली की दरें बढ़ाने का किया विरोध
रायबरेली। बिजली की दरें बढ़ाने के विरोध में सपाइयों ने गुरुवार को जिला प्रशासन के माध्यम से राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सौंपा। सपाइयों ने कहा कि नगर निकाय चुनाव खत्म होते ही उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने जिस तरह बिजली की दरें बढ़ाकर घरेलू अर्थव्यवस्था पर चोट की है, उससे लोगों की कमर टूट गई है।
जिलाध्यक्ष राम बहादुर यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने राज्य के विकास की दिशा में नौ महीने में कोई कदम नहीं उठाया। निकाय चुनाव खत्म होते ही बिजली दर में भारी वृद्धि लागू करना जनविरोधी है। महासचिव मो. इलियास ने कहा कि समाजवादी पार्टी ने हमेशा किसानों, गांवों और समाज के कमजोर वर्ग के हितों को प्राथमिकता दी है। उनके साथ हो रहे अन्याय को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। सपाइयों ने ज्ञापन के जरिए मांग की है कि बिजली दरों में वृद्धि के प्रस्ताव को वापस कराया जाए। चेतावनी दी कि, ऐसा नहीं किया गया तो समाजवादी पार्टी संघर्ष करने के लिए सड़कों पर उतरेगी। इस मौके पर रामसेवक वर्मा, विनय कुमार यादव, रवींद्र पांडेय, रामप्रसाद, मनोज यादव आदि उपस्थित रहे।
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रायबरेली। बिजली की दरें बढ़ाने के विरोध में सपाइयों ने गुरुवार को जिला प्रशासन के माध्यम से राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सौंपा। सपाइयों ने कहा कि नगर निकाय चुनाव खत्म होते ही उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने जिस तरह बिजली की दरें बढ़ाकर घरेलू अर्थव्यवस्था पर चोट की है, उससे लोगों की कमर टूट गई है।
जिलाध्यक्ष राम बहादुर यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने राज्य के विकास की दिशा में नौ महीने में कोई कदम नहीं उठाया। निकाय चुनाव खत्म होते ही बिजली दर में भारी वृद्धि लागू करना जनविरोधी है। महासचिव मो. इलियास ने कहा कि समाजवादी पार्टी ने हमेशा किसानों, गांवों और समाज के कमजोर वर्ग के हितों को प्राथमिकता दी है। उनके साथ हो रहे अन्याय को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। सपाइयों ने ज्ञापन के जरिए मांग की है कि बिजली दरों में वृद्धि के प्रस्ताव को वापस कराया जाए। चेतावनी दी कि, ऐसा नहीं किया गया तो समाजवादी पार्टी संघर्ष करने के लिए सड़कों पर उतरेगी। इस मौके पर रामसेवक वर्मा, विनय कुमार यादव, रवींद्र पांडेय, रामप्रसाद, मनोज यादव आदि उपस्थित रहे।
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