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घुइसरनाथधाम में नहीं लगेगा मेला, रुद्राभिषेक व भंडारे पर भी रोक
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घुइसरनाथधाम में आज से शुरू हो रहे सावन मास में भोलेबाबा का दर्शन के लिए लंबी प्रतीक्षा करनी होगी। कोरोना महामारी को देखते हुए एक बार में पांच श्रद्धालुओं को मंदिर में प्रवेश मिल सकेगा। मंदिर परिसर में मेला नहीं लगेगा और रुद्राभिषेक, भंडारा व धार्मिक अनुष्ठान पर महीने भर पूरी तरह से रोक रहेगी।
सोमवार से श्रावण मास शुरू होने को लेकर प्रशासन ने घुइसरनाथधाम पहुंचकर तैयारियों को जायजा लिया और शासन की गाइडलाइन मंदिर प्रशासन को बताई।
रविवार को एसडीएम बीके प्रसाद व सीओ जगमोहन सिंह यहां पहुंचे और घुइसरनाथ धाम के मयंकभाल गिरि, राम जानकी कुटी के महंत उमापति दास के साथ बैठक कर शासन की गाइडलाइन समझाई। इसके तहत मंदिर परिसर में सावन मास के दौरान मेला नहीं लगेगा।
सिर्फ स्थायी दुकानें को खोलने की अनुमति प्रशासन की ओर से दी गई है। कोरोना महामारी को देखते हुए गंगा सरोवर में जल नहीं भराया जाएगा, श्रद्धालु सई नदी में स्नान करेंगे। कोरोना के चलते इस बार रुद्राभिषेक, भंडारा व धार्मिक अनुष्ठान पर रोक लगा दी गई है। मंदिर में बारी-बारी से पांच श्रद्धालुओं को ही दर्शन-पूजन के लिए जाने की अनुमति होगी।
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मंदिर प्रशासन के साथ हुई बैठक में एसडीएम बीके प्रसाद ने कहा कि कोरोना महामारी के चलते इस बार श्रावण मास में दर्शन पूजन के लिए शासन की गाइडलाइन जारी की गई। जिसे मंदिर प्रशासन को समझा दिया गया है। किसी प्रकार से इसका उलंघन नहीं होने दिया जाएगा। एसडीएम ने वृद्ध व बच्चे अपने घर में पूजा पाठ करने की अपील की है। कहा कि जितना संभव हो सके श्रद्धालु अपने घरों में पूजा पाठ करें। सीओ जगमोहन सिंह ने सांगीपुर के प्रभारी निरीक्षक सुशील कुमार को सई नदी घाट पर बैरिकेडिंग कराने का निर्देश दिया।
श्रावण मास के दौरान मंदिर परिसर की साफ सफाई के लिए सफाई कर्मियों को तैनात करने करने का निर्देश दिया गया है। इस मौके पर बीडीओ राजनारायण पांडेय, एडीओ पंचातय आद्या प्रसाद द्विवेदी, ग्राम प्रधान आशुतोष मिश्रा, फक्कड़ पांडेय आदि मौजूद रहे।
संदिग्ध परिस्थिति में युवक ने फांस लगाकर दी जान
संदिग्ध परिस्थितियों में युवक का शव पेड़ से फांसी के फंदे पर लटकता मिला। घटना की जानकारी पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। युवक के आत्महत्या करने की आशंका जताई जा रही है। वह लॉकडाउन में महाराष्ट्र से घर आया था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
सांगीपुर थाना क्षेत्र के आरोपुर नौगीर पूरे डींगुर निवासी ओमप्रकाश सिंह चौहान (28) पुत्र चंद्रभान सिंह कामकाज के सिलसिले में महाराष्ट्र में रहता था। लॉकडाउन के दौरान वह दो माह पहले घर लौट आया और खेती-किसानी में जुट गया। रविवार की भोर उसका शव गांव के किनारे संदिग्ध परिस्थितियों में एक पेड़ से फांसी के फंदे पर लटकता मिला।
घटना की जानकारी पर इलाके में सनसनी फैल गई। रोत-बिलखते मौके पर पहुंचे परिजनों ने बताया कि मृतक खाना खाने के बाद सोने के लिए बिस्तर लगाया। रात करीब दस बजे उसके फोचनस्त्रत्त् पर कोई काल आई और वह अचानक बाहर चला गया। सुबह उसका शव गांव के समीप एक पेड़ पर फांसी के फंदे पर झूलता मिला।
घटना की जानकारी पर सांगीपुर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से शव को नीचे उतारकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा। पुलिस की छानबीन में व घटनास्थल का निरीक्षण करने पर युवक के आत्महत्या करने की आशंका जताई गई। हालांकि उसके आत्महत्या का कारण न तो पुलिस बता सकी और न ही परिजन इस बारे में कुछ साफ कर सके। प्रभारी निरीक्षक सुशील कुमार ने बताया कि छानबीन में युवक के आत्महत्या करने की बात सामने आई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मृतक के परिजनों ने इत्तेफाकिया घटना की तहरीर दी है।
लॉकडाउन में टूट गई थी शादी
मृतक ओमप्रकाश सिंह की शादी संग्रामगढ़ इलाके के महमदपुर गांव में 25 अप्रैल को तय हुई थी, लेकिन लॉकडाउन के चलते लड़की पक्ष के लोग शादी की डेट आगे पीछे करते रहे। कई बार दोनों पक्षों में शादी की तारीख को लेकर बातचीत हुई, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। लड़की पक्ष के लोग लॉकडाउन खत्म होने पर ही शादी के बाबत कोई निर्णय लेने की बात कहते रहे। आखिरकार उसकी शादी टूट गई। सांगीपुर एसओ ने बताया कि युवक की शादी तय थी, लेकिन किसी कारण से उसकी शादी टूट गई।
कोरोना की पुष्टि होने के बाद मुंबई से भाग निकला व्यवसायी
मुंबई में कोयला व बर्फ का थोक कारोबारी कोरोना की रिपोर्ट पाजिटिव आने के बाद वहां से भाग निकला। पांच दिन तक ट्रक, बस व पिकअप से सफर के बाद शनिवार रात वह घर पहुंचा। उसके कोरोना पीड़ित होने की जानकारी पर हड़कंप मच गया। खबर लिखे जाने प्रशासन उसे कोविड अस्पताल भेजे जाने की तैयारी में जुटा था।
उदयपुर थाना क्षेत्र के ऊछापुर निवासी एक चालीस वर्षीय युवक मुंबई के ठाणे में रहकर बर्फ व कोयला का थोक व्यवसाय करता है। वहां तबियत खराब होने होने पर उसने 29 जून को कोरोना की अपनी जांच कराई।
दूसरे दिन जांच रिपोर्ट में कोरोना पाजिटिव आने पर उसे ठाणे प्रशासन ने सूचना देकर अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी। रिपोर्ट पाजिटिव आने की जानकारी मिलते ही व्यवसायी अपना मोबाइल बंदकर कहीं छिप गया।
एक जुलाई को वह स्थानीय प्रशासन से बचते हुए चोरी छिपे किसी ट्रक पर सवार हो गया। तीन दिन का सफर ट्रक से तय कर वह आगरा पहुंचा। आगरा से बस पकड़कर कानपुर आया। फिर यहां से सब्जी लादकर आ रही पिकअप से शनिवार को पूर्वाह्न रायबरेली जिल के सलोन बाजार पहुंचा। इसके बाद सलोन से वह पैदल ही रात दस बजे गांव पहुंचा।
सीधे घर जाने के बजाए उसने गांव के बाहर खेत में लगे ट्यूबवेल पर पहुंचकर परिजनों को कोरोना पाजिटिव होने की जानकारी दी। रविवार की सुबह प्रधान को जानकारी हुई तो उन्होंने सांगीपुर सीएचसी अधीक्षक डॉ. अभिषेक सिंह को पीड़ित की जांच रिपोर्ट भेजकर मामले की जानकारी दी। कोरोना पीड़ित व्यापारी के घर पहुंचने की जानकारी पर प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए और ग्रामीणों में दहशत फैल गई।
पुलिस भी मौके पर जांच के लिए पहुंची। स्वास्थ्य विभाग कोरोना पीड़ित को कोविड अस्पताल में भर्ती कराने की कवायद में जुट गया है, लेकिन खबर लिखे जाने तक जिला अस्पताल से एंबुलेंस व विशेष टीम मौके पर नहीं पहुंच सकी थी। देर रात उसे अस्पताल में स्त्रत्त्भर्ती कराने की संभावना है। सांगीपुर सीएचसी के अधीक्षक डॉ. अभिषेक सिंह ने बताया कि कोरोना पाजिटिव युवक के घर पहुंचने की जानकारी हुई है। उसे कोविड अस्पताल में भर्ती करने के लिए अफसरों का सूचना दी गई है। गांव में उसके मूवमेंट के बारे में जानकारी खंगाली जा रही है।
दो दिन पहले निकला था भाई का परिवार
मुंबई में व्यवसायी के साथ उसका भाई भी रहता है। व्यवसायी की जांच रिपोर्ट पाजिटिव आने से दो दिन पहले वह अपने बच्चों के साथ घर के लिए रवाना हो गया था। जैसे ही व्यवसायी के कोरोना पाजिटिव होने की जानकारी मिली ग्रामीण सकते में आ गए।
बंदर के काटने से चार लोग घायल
बंदर के काटने से मासूम समेत चार लोग घायल हो गए। उत्पाती बंदर को पकडने के लिए कालोनी में पिंजरा लगाया गया है। लालगंज के नेताजी पुरम कालोनी में इन दिनों एक बंदर ने आतंक मचा रखा है। बंदर ने एक दिन में अलग अलग घरों के जया गौड़(55), स्नेहा श्रीवास्तव(21), प्राची सिंह(12) व रोशनी सोनी(6) को काट लिया। बंदर के काटने से चारों लहूलुहान हो गए। कालोनी में बंदर के आतंक की शिकायत पर वन विभाग की ओर से उसे पकडने के लिए पिंजरा लगाया है। वन क्षेत्राधिकारी कमलेश तिवारी ने बताया कि उत्पाती बंदर को पकडने के लिए कालोनी में पिंजरा लगाया गया है। शीघ्र ही उसे पकडने का प्रयास किया जा रहा है।
शहीद व घायल पुलिसकर्मियों को मिले आउट आफ टर्न प्रमोशन
कांग्रेस विधान मंडल की नेता व क्षेत्रीय विधायक आराधना मिश्रा मोना ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का पत्र लिखकर कानपुर की घटना में शहीद हुए पुलिस कर्मियों दो करोड़ रुपये का मुआवजा व एक आउट आफ टर्न प्रमोशन देने की मांग की है।
मीडिया प्रभारी ज्ञान प्रकाश शुक्ल के माध्यम से सीएम को लिखे पत्र को जारी कर मोना ने कहा कि अन्य राज्यों की तरह ही मुठभेड़ में शहीद होने वाले पुलिस के जवानों के परिजनों के लिए एक करोड़ रुपये की राशि दिए जाने की नीतिगत व्यवस्था सरकार को करनी चाहिए। उन्होंने मांग की है कि शहीदों गांव में सार्वजनिक रास्तों व सरकारी स्कूलों का नाम शहादत देने वालों का नाम दिया जाए। सीएलपी लीडर मोना ने कांग्रेस विधायकों का एक दिन का वेतन भत्ता शहीद पुलिस कर्मियों के नाम देने का प्रस्ताव भी सीएम को दिया है।
पर्व की तरह हुआ वन महोत्सव आगाज, रोपे गए पौधे
तहसील क्षेत्र में रविवार को पर्व की तरह वन महोत्सव की शुरुआत चारों ओर पौधरोपण अभियान के साथ हुई। वन प्रभाग द्वारा वर्मा नगर के आसपास आम, अमरूद, आंवला आदि के पौध रोपे गए। यहां कार्यक्रम का शुंभारंभ क्षेत्रीय विधायक के मीडिया प्रभारी ज्ञान प्रकाश शुक्ल व संयोजन वनक्षेत्राधिकारी कमलेश तिवारी ने किया। वन महोत्सव अभियान के तहत विकास खंड के विभिन्न गांव में पौधरोपण किया गया।
एडीओ पंचायत राजेश तिवारी के संयोजन में ब्लाक परिसर में आयोजित पौधरोपण कार्यक्रम का शुभारंभ बीडीओ मुनव्वर खान किया। पौधरोपण करने के पश्चात बीडीओ ने कहा कि प्रकृत का सुरक्षित रखने के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाने होगें।
बीडीओ मुनौवर खान, एडीओ पंचायत राजेश तिवारी भवज एडीओ सहकारिता नीलोत्पल सिंह की देखरेख में ब्लाक भर के विभन्न ग्राम पंचायतों में भारी संख्या में पौधरोपण किया गया। बीडीओ मुनव्वर खान ने ग्रामीणों को पौधरोपण का संकल्प दिलाया।
उधर रोडवेज बस डिपो में नगर पंचायत की कार्यदायी संस्था के तत्वाधान में चेयरपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी ने पौधरोपण कर वन महोत्सव अभियान का शुभारंभ किया। इस मौके परअधिशाषी अधिकारी सुभाषचंद्र सिंह, वन दरोगा सर्वेश मिश्र, स्टेशन अधीक्षक चिंतामणि त्रिपाठी, सौरभ शास्त्री आदि मौजूद रहे। इसी क्रम में गांधी इंटर कालेज सांगीपुर में प्रधानाचार्य सुधाकर पांडेय, लालगंज के राम अंजोर मिश्र इंटर कालेज में प्रधानाचार्य सुनील कुमार शुक्ल, अवधेश विद्या निकेतन इंटर कालेज में प्रधानाचार्य सुरेश कुमार सिंह, सरस्वती विद्या मंदिर विज्ञान एवं प्रौद्योगिब ी पीजी कालेज में प्राचार्य डॉ. अमित कुमार सिंह, राजाराम किसान इंटर कालेज में प्रधानाचार्य नरेंद्र नारायण तिवारी ने पौधरोपण किया।
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सोमवार से श्रावण मास शुरू होने को लेकर प्रशासन ने घुइसरनाथधाम पहुंचकर तैयारियों को जायजा लिया और शासन की गाइडलाइन मंदिर प्रशासन को बताई।
रविवार को एसडीएम बीके प्रसाद व सीओ जगमोहन सिंह यहां पहुंचे और घुइसरनाथ धाम के मयंकभाल गिरि, राम जानकी कुटी के महंत उमापति दास के साथ बैठक कर शासन की गाइडलाइन समझाई। इसके तहत मंदिर परिसर में सावन मास के दौरान मेला नहीं लगेगा।
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सिर्फ स्थायी दुकानें को खोलने की अनुमति प्रशासन की ओर से दी गई है। कोरोना महामारी को देखते हुए गंगा सरोवर में जल नहीं भराया जाएगा, श्रद्धालु सई नदी में स्नान करेंगे। कोरोना के चलते इस बार रुद्राभिषेक, भंडारा व धार्मिक अनुष्ठान पर रोक लगा दी गई है। मंदिर में बारी-बारी से पांच श्रद्धालुओं को ही दर्शन-पूजन के लिए जाने की अनुमति होगी।
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श्रावण मास के दौरान मंदिर परिसर की साफ सफाई के लिए सफाई कर्मियों को तैनात करने करने का निर्देश दिया गया है। इस मौके पर बीडीओ राजनारायण पांडेय, एडीओ पंचातय आद्या प्रसाद द्विवेदी, ग्राम प्रधान आशुतोष मिश्रा, फक्कड़ पांडेय आदि मौजूद रहे।
संदिग्ध परिस्थिति में युवक ने फांस लगाकर दी जान
संदिग्ध परिस्थितियों में युवक का शव पेड़ से फांसी के फंदे पर लटकता मिला। घटना की जानकारी पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। युवक के आत्महत्या करने की आशंका जताई जा रही है। वह लॉकडाउन में महाराष्ट्र से घर आया था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
सांगीपुर थाना क्षेत्र के आरोपुर नौगीर पूरे डींगुर निवासी ओमप्रकाश सिंह चौहान (28) पुत्र चंद्रभान सिंह कामकाज के सिलसिले में महाराष्ट्र में रहता था। लॉकडाउन के दौरान वह दो माह पहले घर लौट आया और खेती-किसानी में जुट गया। रविवार की भोर उसका शव गांव के किनारे संदिग्ध परिस्थितियों में एक पेड़ से फांसी के फंदे पर लटकता मिला।
घटना की जानकारी पर इलाके में सनसनी फैल गई। रोत-बिलखते मौके पर पहुंचे परिजनों ने बताया कि मृतक खाना खाने के बाद सोने के लिए बिस्तर लगाया। रात करीब दस बजे उसके फोचनस्त्रत्त् पर कोई काल आई और वह अचानक बाहर चला गया। सुबह उसका शव गांव के समीप एक पेड़ पर फांसी के फंदे पर झूलता मिला।
घटना की जानकारी पर सांगीपुर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से शव को नीचे उतारकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा। पुलिस की छानबीन में व घटनास्थल का निरीक्षण करने पर युवक के आत्महत्या करने की आशंका जताई गई। हालांकि उसके आत्महत्या का कारण न तो पुलिस बता सकी और न ही परिजन इस बारे में कुछ साफ कर सके। प्रभारी निरीक्षक सुशील कुमार ने बताया कि छानबीन में युवक के आत्महत्या करने की बात सामने आई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मृतक के परिजनों ने इत्तेफाकिया घटना की तहरीर दी है।
लॉकडाउन में टूट गई थी शादी
मृतक ओमप्रकाश सिंह की शादी संग्रामगढ़ इलाके के महमदपुर गांव में 25 अप्रैल को तय हुई थी, लेकिन लॉकडाउन के चलते लड़की पक्ष के लोग शादी की डेट आगे पीछे करते रहे। कई बार दोनों पक्षों में शादी की तारीख को लेकर बातचीत हुई, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। लड़की पक्ष के लोग लॉकडाउन खत्म होने पर ही शादी के बाबत कोई निर्णय लेने की बात कहते रहे। आखिरकार उसकी शादी टूट गई। सांगीपुर एसओ ने बताया कि युवक की शादी तय थी, लेकिन किसी कारण से उसकी शादी टूट गई।
कोरोना की पुष्टि होने के बाद मुंबई से भाग निकला व्यवसायी
मुंबई में कोयला व बर्फ का थोक कारोबारी कोरोना की रिपोर्ट पाजिटिव आने के बाद वहां से भाग निकला। पांच दिन तक ट्रक, बस व पिकअप से सफर के बाद शनिवार रात वह घर पहुंचा। उसके कोरोना पीड़ित होने की जानकारी पर हड़कंप मच गया। खबर लिखे जाने प्रशासन उसे कोविड अस्पताल भेजे जाने की तैयारी में जुटा था।
उदयपुर थाना क्षेत्र के ऊछापुर निवासी एक चालीस वर्षीय युवक मुंबई के ठाणे में रहकर बर्फ व कोयला का थोक व्यवसाय करता है। वहां तबियत खराब होने होने पर उसने 29 जून को कोरोना की अपनी जांच कराई।
दूसरे दिन जांच रिपोर्ट में कोरोना पाजिटिव आने पर उसे ठाणे प्रशासन ने सूचना देकर अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी। रिपोर्ट पाजिटिव आने की जानकारी मिलते ही व्यवसायी अपना मोबाइल बंदकर कहीं छिप गया।
एक जुलाई को वह स्थानीय प्रशासन से बचते हुए चोरी छिपे किसी ट्रक पर सवार हो गया। तीन दिन का सफर ट्रक से तय कर वह आगरा पहुंचा। आगरा से बस पकड़कर कानपुर आया। फिर यहां से सब्जी लादकर आ रही पिकअप से शनिवार को पूर्वाह्न रायबरेली जिल के सलोन बाजार पहुंचा। इसके बाद सलोन से वह पैदल ही रात दस बजे गांव पहुंचा।
सीधे घर जाने के बजाए उसने गांव के बाहर खेत में लगे ट्यूबवेल पर पहुंचकर परिजनों को कोरोना पाजिटिव होने की जानकारी दी। रविवार की सुबह प्रधान को जानकारी हुई तो उन्होंने सांगीपुर सीएचसी अधीक्षक डॉ. अभिषेक सिंह को पीड़ित की जांच रिपोर्ट भेजकर मामले की जानकारी दी। कोरोना पीड़ित व्यापारी के घर पहुंचने की जानकारी पर प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए और ग्रामीणों में दहशत फैल गई।
पुलिस भी मौके पर जांच के लिए पहुंची। स्वास्थ्य विभाग कोरोना पीड़ित को कोविड अस्पताल में भर्ती कराने की कवायद में जुट गया है, लेकिन खबर लिखे जाने तक जिला अस्पताल से एंबुलेंस व विशेष टीम मौके पर नहीं पहुंच सकी थी। देर रात उसे अस्पताल में स्त्रत्त्भर्ती कराने की संभावना है। सांगीपुर सीएचसी के अधीक्षक डॉ. अभिषेक सिंह ने बताया कि कोरोना पाजिटिव युवक के घर पहुंचने की जानकारी हुई है। उसे कोविड अस्पताल में भर्ती करने के लिए अफसरों का सूचना दी गई है। गांव में उसके मूवमेंट के बारे में जानकारी खंगाली जा रही है।
दो दिन पहले निकला था भाई का परिवार
मुंबई में व्यवसायी के साथ उसका भाई भी रहता है। व्यवसायी की जांच रिपोर्ट पाजिटिव आने से दो दिन पहले वह अपने बच्चों के साथ घर के लिए रवाना हो गया था। जैसे ही व्यवसायी के कोरोना पाजिटिव होने की जानकारी मिली ग्रामीण सकते में आ गए।
बंदर के काटने से चार लोग घायल
बंदर के काटने से मासूम समेत चार लोग घायल हो गए। उत्पाती बंदर को पकडने के लिए कालोनी में पिंजरा लगाया गया है। लालगंज के नेताजी पुरम कालोनी में इन दिनों एक बंदर ने आतंक मचा रखा है। बंदर ने एक दिन में अलग अलग घरों के जया गौड़(55), स्नेहा श्रीवास्तव(21), प्राची सिंह(12) व रोशनी सोनी(6) को काट लिया। बंदर के काटने से चारों लहूलुहान हो गए। कालोनी में बंदर के आतंक की शिकायत पर वन विभाग की ओर से उसे पकडने के लिए पिंजरा लगाया है। वन क्षेत्राधिकारी कमलेश तिवारी ने बताया कि उत्पाती बंदर को पकडने के लिए कालोनी में पिंजरा लगाया गया है। शीघ्र ही उसे पकडने का प्रयास किया जा रहा है।
शहीद व घायल पुलिसकर्मियों को मिले आउट आफ टर्न प्रमोशन
कांग्रेस विधान मंडल की नेता व क्षेत्रीय विधायक आराधना मिश्रा मोना ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का पत्र लिखकर कानपुर की घटना में शहीद हुए पुलिस कर्मियों दो करोड़ रुपये का मुआवजा व एक आउट आफ टर्न प्रमोशन देने की मांग की है।
मीडिया प्रभारी ज्ञान प्रकाश शुक्ल के माध्यम से सीएम को लिखे पत्र को जारी कर मोना ने कहा कि अन्य राज्यों की तरह ही मुठभेड़ में शहीद होने वाले पुलिस के जवानों के परिजनों के लिए एक करोड़ रुपये की राशि दिए जाने की नीतिगत व्यवस्था सरकार को करनी चाहिए। उन्होंने मांग की है कि शहीदों गांव में सार्वजनिक रास्तों व सरकारी स्कूलों का नाम शहादत देने वालों का नाम दिया जाए। सीएलपी लीडर मोना ने कांग्रेस विधायकों का एक दिन का वेतन भत्ता शहीद पुलिस कर्मियों के नाम देने का प्रस्ताव भी सीएम को दिया है।
पर्व की तरह हुआ वन महोत्सव आगाज, रोपे गए पौधे
तहसील क्षेत्र में रविवार को पर्व की तरह वन महोत्सव की शुरुआत चारों ओर पौधरोपण अभियान के साथ हुई। वन प्रभाग द्वारा वर्मा नगर के आसपास आम, अमरूद, आंवला आदि के पौध रोपे गए। यहां कार्यक्रम का शुंभारंभ क्षेत्रीय विधायक के मीडिया प्रभारी ज्ञान प्रकाश शुक्ल व संयोजन वनक्षेत्राधिकारी कमलेश तिवारी ने किया। वन महोत्सव अभियान के तहत विकास खंड के विभिन्न गांव में पौधरोपण किया गया।
एडीओ पंचायत राजेश तिवारी के संयोजन में ब्लाक परिसर में आयोजित पौधरोपण कार्यक्रम का शुभारंभ बीडीओ मुनव्वर खान किया। पौधरोपण करने के पश्चात बीडीओ ने कहा कि प्रकृत का सुरक्षित रखने के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाने होगें।
बीडीओ मुनौवर खान, एडीओ पंचायत राजेश तिवारी भवज एडीओ सहकारिता नीलोत्पल सिंह की देखरेख में ब्लाक भर के विभन्न ग्राम पंचायतों में भारी संख्या में पौधरोपण किया गया। बीडीओ मुनव्वर खान ने ग्रामीणों को पौधरोपण का संकल्प दिलाया।
उधर रोडवेज बस डिपो में नगर पंचायत की कार्यदायी संस्था के तत्वाधान में चेयरपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी ने पौधरोपण कर वन महोत्सव अभियान का शुभारंभ किया। इस मौके परअधिशाषी अधिकारी सुभाषचंद्र सिंह, वन दरोगा सर्वेश मिश्र, स्टेशन अधीक्षक चिंतामणि त्रिपाठी, सौरभ शास्त्री आदि मौजूद रहे। इसी क्रम में गांधी इंटर कालेज सांगीपुर में प्रधानाचार्य सुधाकर पांडेय, लालगंज के राम अंजोर मिश्र इंटर कालेज में प्रधानाचार्य सुनील कुमार शुक्ल, अवधेश विद्या निकेतन इंटर कालेज में प्रधानाचार्य सुरेश कुमार सिंह, सरस्वती विद्या मंदिर विज्ञान एवं प्रौद्योगिब ी पीजी कालेज में प्राचार्य डॉ. अमित कुमार सिंह, राजाराम किसान इंटर कालेज में प्रधानाचार्य नरेंद्र नारायण तिवारी ने पौधरोपण किया।