फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pratapgarh News ›   pratpgarh news

बीवी-बच्चों के लिए कादिर बन गया ‘वीरू’

Wed, 20 May 2015 11:23 PM IST
ब्यूरो।अमर उजाला प्रतापगढ़
ब्यूरो।अमर उजाला प्रतापगढ़ Updated Wed, 20 May 2015 11:23 PM IST
विज्ञापन
pratpgarh news
 नगर कोतवाली के सिप्तैन रोड निवासी कादिर अली अपने बीवी बच्चों के लिए शोले फिल्म का ‘वीरू’ बन गया। इंसाफ न मिलने पर बुधवार को वह खुदकुशी के लिए कलेक्ट्रेट की छत पर चढ़ गया। करीब आधे घंटे तक चले हाईवोल्टेज ड्रामे के बाद उसे नीचे उतारा जा सका। कोतवाली पुलिस ने उसे हवालात में डाल दिया। जहां अचानक उसकी हालत बिगड़ गई। इससे पुलिस के होश उड़ गए। आनन-फानन में उसे पुलिस ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
विज्ञापन


सिप्तैन रोड निवासी कादिर अली पुत्र साबिर अली बुधवार को कलेक्ट्रेट पहुंचा। हाथ में पांच लीटर केरोसिन से भरा डिब्बा व माचिस लेकर वह डीएम कार्यालय की छत पर चढ़ गया। वहां से वह कोतवाली पुलिस पर ज्यादती का आरोप लगाते हुए जान देने की धमकी देने लगा। कुछ ही देर में भारी संख्या में लोग जमा हो गए। अधिवक्ताओं ने जानकारी पुलिस को दी। शहर कोतवाल पहुंच गए। अधिवक्ता उसे समझाकर नीचे उतारने के लिए प्रयास कर रहे थे, लेकिन वह जान देने की धमकी देता रहा। उसने अपने शरीर पर केरोसिन उड़ेल लिया। माचिस हाथ में लेकर खुद को जलाने की धमकी पुलिस के साथ ही अधिकारियों को देने लगा। उसका आरोप था कि उसकी बीवी रुखसाना तीन बच्चों को लेकर मायके चली गई। इसके लिए कोतवाली पुलिस भी जिम्मेदार है।
विज्ञापन



 कोतवाली में पंचायत करते हुए पुलिस ने जबरन उसकी बीवी व बच्चों को एक माह पहले मायके वालों के सुपुर्द कर दिया। शिकायत के बाद भी उसकी कोई नहीं सुन रहा है। इसलिए अब वह अपनी जान दे देगा। इस बीच उसकी मां शाहिदा भी पहुंच गई। वह अपने बेटे को समझाने लगी। कादिर को बातों में उलझाकर पुलिस ने फायरब्रिगेड के सिपाहियों को भवन पर चढ़ा दिया। इस बीच फायरब्रिगेड के जवान और एक सिपाही ने उसे पीछे से दबोच लिया। उसके हाथ से माचिस छीनकर नीचे ले आए। पुलिस कोतवाली ले गई और हवालात में डाल दिया। लॉकअप में बंद कादिर की दोपहर में अचानक तबीयत बिगड़ने लगी। हवालात में बंद दूसरे बंदियों के शोर मचाने पर पुलिसकर्मी उस ओर दौड़े। आनन-फानन में उसे लॉकअप से बाहर निकाला और उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। जहां उसका इलाज चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


 कलेक्ट्रेट की छत पर चढ़े कादिर को पुलिस कोतवाली ले आई। उससे मिलने के लिए उसकी मां शाहिदा कोतवाली पहुंची तो उसे बताया गया कि उसकी तबीयत खराब हो गई। इस वजह से उसे जिला अस्पताल भेज दिया गया है। यह सुनते ही उसके होश उड़ गए। उसने कोतवाल पर आरोप लगाया कि उसकी बहू तीन बच्चों के साथ घर से रुपये और जेवरात लेकर मायके जा रही थी। बाद में मामला कोतवाली पहुंचा। यहां कोतवाल ने कादिर की बात सुने बिना ही उसकी पत्नी को मायके वालों के साथ जाने दिया। उसने डीएम-एसपी से भी मामले की शिकायत की, लेकिन कोई निराकरण नहीं निकला। इससे कादिर परेशान रहता था। कोतवाली में पुलिसकर्मियों ने उसे पीटा है।


नगर कोतवाली के लॉकअप में बुधवार को कादिर समेत तीन युवक बंद थे। बराछा का रहने वाला लल्लू कादिर के मुंह से झाग निकलते देख उसके पास पहुंचा। तब तक वह जमीन पर लेट गया और उसके मुंह से झाग निकलने लगा। इससे परेशान लल्लू ने शोर मचाया। इसके बाद भागकर होमगार्ड और फिर पुलिसकर्मी पहुंचे। लॉकअप से उसे बाहर निकाला, लेकिन वह होश में नहीं आया। उसे जीप में दूसरे बंदियों ने बैठाया। पुलिसकर्मी हाथ लगाने से बचते रहे। यदि समय पर दूसरे बंदी न देखते तो अनहोनी भी हो सकती थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed