फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pratapgarh News ›   Pratapgarh: 21,458 in Kohdaur after expansion of boundary, 21,956 population in Prithviganj is now urban

प्रतापगढ़: सीमा विस्तार के बाद कोहड़ौर में 21,458, पृथ्वीगंज में 21,956 की आबादी अब शहरी

Thu, 02 Jan 2020 12:09 AM IST
Allahabad Bureau इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 02 Jan 2020 12:09 AM IST
विज्ञापन
Pratapgarh: 21,458 in Kohdaur after expansion of boundary, 21,956 population in Prithviganj is now urban
Pratapgarh: 21,458 in Kohdaur after expansion of boundary, 21,956 population in Prithviganj is now urban - फोटो : PRATAPGARH
जिले की नवसृजित टाउन एरिया कोहड़ौर और पृथ्वीगंज में 21-21 हजार आबादी अब शहरी हो जाएगी। कोहड़ौर में 10,253 मतदाता अपने अध्यक्ष का चुनाव करेंगे तो पृथ्वीगंज में 12,425 मतदाता पहली बार टाउन एरिया अध्यक्ष का चुनाव करेंगे।
विज्ञापन

कोहड़ौर में 21,458 और पृथ्वीगंज में 21,956 लोग अब शहरी हो जाएंगे।
कोहड़ौर नगर पंचायत में स्थानीय बाजार के साथ 12 ग्राम पंचायतों को शामिल किया जाएगा। जबकि पृथ्वीगंज में 11 ग्राम पंचायतों को शामिल किया जाएगा। कोहड़ौर में 10,253 मतदाता अपने अध्यक्ष का चुनाव करेंगे तो पृथ्वीगंज में 12,425 मतदाता पहली बार टाउन एरिया अध्यक्ष का चुनाव करेंगे। बुधवार को योगी सरकार के कैबिनेट के फैसले की जानकारी होते ही इन बाजारों के लोग खुशी से झूम उठे।
विज्ञापन

गांव के लोग इस बात से बेहद खुश हैं कि वह शहर में शामिल हो रहे हैं। जिले में नई टाउन एरिया का सृजन होने से इन ग्राम पंचायतों के विकास के लिए मिलने वाली धनराशि पर प्रतिबंध लग जाएगा। इससे प्रधानों को बड़ा झटका लगा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

वार्डों का अभी नहीं हुआ है गठन
नवसृजित टाउन एरिया में वार्डों का गठन होना है, मगर अभी तक इसका निर्धारण नहीं हुआ है। फिलहाल यह माना जा रहा है कि पहले चरण में दस-दस वार्ड का निर्माण किया जाएगा। पंचायत चुनाव के बाद टाउन एरिया अध्यक्ष का चुनाव हो सकता है।
बढ़ेगी जमीन की कीमत, शहरी कहलाएंगे लोग
गांव से शहर में शामिल होने वाले लोग अब विनियमित क्षेत्र से नक्शा पास कराए बगैर भवन नहीं बनवा पाएंगे। इन इलाकों में जमीन की कीमतें बढ़ जाएंगी। इससे जमीन की बिक्री करने वालों को अधिक लाभ मिलेगा।
गांव से शहर में शामिल होने वाले लोगों को जहां अधिकांश सुविधाएं मिलेंगी, वहीं कुछ कठिनाइयों का भी सामना करना पड़ेगा। मकान और दुकान का निर्माण कराने वालों के लिए नक्शा पास कराना आवश्यक होगा।

अगर कोई व्यक्ति विनियमित क्षेत्र से नक्शा पास नहीं कराता है तो उसे भवन निर्माण के लिए बैंकों से मिलने वाला ऋण नहीं मिलेगा। साथ ही नगर पंचायत जुर्माना लगा सकती है। ऐेसी दशा में अब कोई भी व्यक्ति दुकान और भवन का निर्माण कराता है तो उसे विनियमित क्षेत्र से नक्शा बनवाना होगा और मानक के अनुरूप ही भवन का निर्माण कराना होगा। इधर गांव को शहर का दर्जा मिलने से जमीनों की कीमतें बढ़ेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed