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Pratapgarh News: दूसरे दिन भी मेडिकल कॉलेज में पानी के लिए जूझे मरीज-तीमारदार

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 23 Nov 2025 12:06 AM IST
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Patients and attendants struggled for water at the medical college for the second day.
मेडिकल कॉलेज के राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में दूसरे दिन शनिवार को भी पानी की किल्लत बनी रही। इससे मरीजों और स्वास्थ्य कर्मचारियों को दिक्कत का सामना करना पड़ा। सबमर्सिबल पंप से नीचे की मंजिल पर पानी की आपूर्ति की गई लेकिन ऊपरी मंजिल पर पानी न पहुंचने से मरीज, तीमारदार संग स्वास्थ्य कर्मचारियों की समस्या गहरा गई।
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मेडिकल कॉलेज के राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में बनी छह मंजिला इमारतों के लिए बड़ा नलकूप लगाया गया है। आपूर्ति के दौरान कई बार नलकूप की पाइप फट चुकी है। बृहस्पतिवार को नलकूप की मोटर खराब हो गई। अस्पताल में पानी की समस्या को देखते हुए दो टैंकर से लगातार पानी की आपूर्ति कराई जा रही है। टैंकर से ग्राउंड फ्लोर पर ही पानी उपलब्ध हो पा रहा है।
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वार्ड और ओटी में पेयजल की समस्या बनी हुई है। शनिवार को छोटी मोटर से पानी आपूर्ति का प्रयास किया गया लेकिन वह ग्राउंड फ्लोर तक ही सीमित रहा। सीएमएस डॉ. शैलेंद्र कुशवाहा का दावा है कि पानी की दिक्कत को देखते हुए छोटी मोटर व टैंकर से आपूर्ति की कराई जा रही है। रविवार तक पेयजल आपूर्ति बहाल होने की उम्मीद है।
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लोहंगपट्टी के रहने वाले मनीष कुमार द्विवेदी का कहना है कि ऊपरी मंजिल पर भर्ती मरीजों को पानी की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। तीमारदार बोतलों में भरकर पानी मरीजों को उपलब्ध करा रहे हैं।
फेनहा के केशु श्रीवास्तव ने बताया कि बाजार से पीने का पानी खरीदकर लाना पड़ रहा है। शौचालय में पानी नहीं है, जिस कारण नीचे जाकर पानी भरकर लाना पड़ रहा है।


नई बोरिंग से निकल रहा बालू
राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में बने छह मंजिला भवन और वार्डों तक पानी पहुंचाने की दिक्कत दूर करने के लिए नई बोरिंग मंदिर के पास कराई गई है। इस बोरिंग से बड़ा नलकूप खराब होने पर ऑपरेशन थियेटर, ओपीडी, मरीजों के वार्ड आदि में पानी आसानी से पहुंचाया जा सकेगा। बोरिंग होने के बाद लगातार मोटर न चलाने से बालू निकल रहा है। ऐसे में नई बोरिंग का लाभ किसी को नहीं मिल पा रहा है।
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