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बच्चों के साथ आत्मदाह की चेतावनी

Thu, 21 Sep 2017 12:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़ Updated Thu, 21 Sep 2017 12:12 AM IST
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matter of nagar kotwali area
प्रतापगढ़ - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
प्रतापगढ़। शौहर की बेवफाई से तंग एक महिला बच्चों के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय इंसाफ मांगने पहुंचीं। अधिकारियों के न मिलने पर वह बच्चों संग आत्मदाह करने की चेतावनी देती रही। बच्चों की पुस्तकों को जलाने का प्रयास किया। वकीलों ने उसे रोक लिया। इंसाफ के लिए पुलिस अधीक्षक कार्यालय में वह घंटेभर बिलखती रही। बाद में शहर कोतवाल ने उसे महिला थाने भेजकर परिजनों को बुलाया।
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नगर कोतवाली क्षेत्र के महुली भोरई का पुरवा की रहने वाली शाहजहां बेगम का विवाह महुली तेलियरगंज के मोबीन के साथ एक दशक पूर्व हुआ था। शादी के बाद मोबीन के तीन संतान पैदा हुई। शाहजहां का आरोप है कि तीन माह से ट्रक चलाने वाला शौहर मोबीन, उसकी मां व ननद उसे प्रताड़ित कर घर से भगा दिए। तीन बच्चों को लेकर वह अपने मायके रहने लगी। दो बच्चे स्कूल जाते हैं। इनकी फीस तक जमा नहीं हो पा रही है। बच्चों की परवरिश में दिक्कतें आ रहीं हैं। शौहर दूसरी को लेकर बाहर रहने लगा है। जिससे उसकी व बच्चों की जिंदगी बर्बाद हो रही है। पति की बेवफाई से नाराज होकर बुधवार को वह पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची।
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काफी देर तक वह कार्यालय में भटकती रही, लेकिन अफसरों की गैरमौजूदगी के कारण वह किसी को दुखड़ा नहीं सुना सकी। करीब एक घंटे तक भटकने के बाद वह बच्चों के स्कूली बैग से पुस्तकें निकालकर जलाने लगी। तभी उसे वकीलों ने रोक दिया। वह बराबर बच्चों संग आत्मदाह की धमकी देती रही। लोगों के हस्तक्षेप के बाद वह बिलख-बिलख कर रोने लगी। शहर कोतवाल उसे महिला थाने भेजकर परिवार के लोगों को बुलाने के लिए पुलिसकर्मियों को भेजा। पुलिस अधीक्षक कार्यालय के पोर्टिकों में बुधवार को मां शाहजहां को बिलखता देख बेटी महक भी रोने लगी। वह मां के गले से लिपट गई और उसके आंसू पोछते हुए बोली मां हम भूख सह लेंगे। मां के गले से लिपटी मासूम बेटी रो रहे भाई शहजादा को भी चुप कराती रही। कभी उसके पास जाती तो कभी रो रही मां को खामोश कराने के लिए उसकी आंसू पोछने लगती। शहजाद व महक महुली स्थित एक कालेज में पढ़ते हैं। जबकि सबसे छोटे बेटे रेहान की उम्र दो बरस है।
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