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Pratapgarh News: मां की मौत के सदमे में बेटी की भी थम गई सांसें
Tue, 19 Dec 2023 12:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
Updated Tue, 19 Dec 2023 12:03 AM IST
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मां की मौत के सदमे में बेटी की भी थम गई सांसें
घर से एक साथ उठी मां-बेटी की अर्थी, आंखों से बहे आंसू
आसपुर देवसरा के बनपुरवा में पसरा रहा मातम
संवाद न्यूज एजेंसी
आसपुर देवसरा। बुजुर्ग मां की मौत का सदमा इकलौती बेटी बर्दाश्त न कर सकी। उसने भी मां की मौत के कुछ घंटों बाद दम तोड़ दिया। सोमवार को मां-बेटी की एक साथ अर्थी उठी तो वहां मौजूद लोगों की आंखों से आंसू बहता रहा। दोनों की मौत से मातम का माहौल रहा।
बनपुरवा गांव के रहने वाले रामनेवाज की एक बेटी निर्मला थी। जिसकी शादी तारापति के साथ हुई थी। कुछ दिनों पहले रामनेवाज की मौत हो गई। जिसके बाद मां की सेवा करने के लिए निर्मला मायके आकर रहने लगी। मां की देखभाल के साथ खेती का कामकाज भी संभाला करती थी। रविवार को रामनेवाज की 75 वर्षीय पत्नी श्याम कुमारी की मौत हो गई। दूर दराज से आने वाले रिश्तेदारों की समस्या को देखते हुए सोमवार को अंतिम संस्कार के लिए परिवार के लोगों ने समय तय किया। मां की मौत से बेटी निर्मला सदमे में थी। रात करीब 11 बजे उसकी तबियत खराब हो गई। परिजनों ने उसे अस्पताल ले जाने के लिए एंबुलेंस बुलाई। जब तक उसे लेकर घर से निकलते। इससे पहले ही निर्मला (45) ने भी दम तोड़ दिया। मां के बाद बेटी की मौत से गांव में मातम पसरा रहा। सोमवार को मां-बेटी की एक साथ अर्थी उठी। यह देख वहां मौजूद लोगों की आंखों से आंसू बहते रहे। निर्मला का बेटा लवकुश नानी व मां को अंतिम संस्कार के लिए प्रयागराज ले गया।
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घर से एक साथ उठी मां-बेटी की अर्थी, आंखों से बहे आंसू
आसपुर देवसरा के बनपुरवा में पसरा रहा मातम
संवाद न्यूज एजेंसी
आसपुर देवसरा। बुजुर्ग मां की मौत का सदमा इकलौती बेटी बर्दाश्त न कर सकी। उसने भी मां की मौत के कुछ घंटों बाद दम तोड़ दिया। सोमवार को मां-बेटी की एक साथ अर्थी उठी तो वहां मौजूद लोगों की आंखों से आंसू बहता रहा। दोनों की मौत से मातम का माहौल रहा।
बनपुरवा गांव के रहने वाले रामनेवाज की एक बेटी निर्मला थी। जिसकी शादी तारापति के साथ हुई थी। कुछ दिनों पहले रामनेवाज की मौत हो गई। जिसके बाद मां की सेवा करने के लिए निर्मला मायके आकर रहने लगी। मां की देखभाल के साथ खेती का कामकाज भी संभाला करती थी। रविवार को रामनेवाज की 75 वर्षीय पत्नी श्याम कुमारी की मौत हो गई। दूर दराज से आने वाले रिश्तेदारों की समस्या को देखते हुए सोमवार को अंतिम संस्कार के लिए परिवार के लोगों ने समय तय किया। मां की मौत से बेटी निर्मला सदमे में थी। रात करीब 11 बजे उसकी तबियत खराब हो गई। परिजनों ने उसे अस्पताल ले जाने के लिए एंबुलेंस बुलाई। जब तक उसे लेकर घर से निकलते। इससे पहले ही निर्मला (45) ने भी दम तोड़ दिया। मां के बाद बेटी की मौत से गांव में मातम पसरा रहा। सोमवार को मां-बेटी की एक साथ अर्थी उठी। यह देख वहां मौजूद लोगों की आंखों से आंसू बहते रहे। निर्मला का बेटा लवकुश नानी व मां को अंतिम संस्कार के लिए प्रयागराज ले गया।
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