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अप्रैल में भी सचिन पर हुआ था हमला
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 02 Dec 2014 11:33 PM IST
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सचिन पर अप्रैल माह में भी हमला हुआ था। कटरा चौराहे पर रामप्रताप ने उसे
दौड़ाया लेकिन आसपास के लोगों के पहुंचने पर वह भाग निकला। इस बाबत कोतवाली
में शिकायत की गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
आरती का जेठ सोरांव फाफामऊ निवासी रामप्रताप उर्फ सुनील सोनी चेयरमैन के बेटे के साढ़ू का बड़ा भाई था। भाई के जेल जाने के बाद वह चेयरमैन के घर आने लगा था। तीन साल से तो उसका अधिकांश समय कटरा मेदनीगंज में ही गुजर रहा था। आरती के पति राजकुमार की तरह रामप्रताप भी अपराधी किस्म का था। सियाराम ने आरती की शादी कहीं और कर दी तो वह परेशान हो गया। इसके बाद कटरा चौराहे पर अप्रैल में सचिन पर हमला किया, हालांकि उस समय उसकी जान बच गई थी। सोमवार रात सचिन की हत्या के बाद परिजनों में पुलिस की कार्रवाई पर क्षोभ रहा। लोगों ने कहा कि अगर पुलिस ने घटना के बाद कोई कार्रवाई की होती तो सचिन जिंदा होता।
सचिन की हत्या करने वाले पूरी तैयारी से आए थे। गेस्ट हाउस से ही हत्यारे सचिन पर निगाह रखे थे। उसके बाहर निकलते ही पीछा कर लिया और मौका मिलते ही हत्या कर दी।
सचिन की बहन ज्योति उर्फ शगुन की शादी में कटरा मेदनीगंज कस्बे के साथ ही शहर के भी तमाम व्यापारी शामिल हुए थे। हाईवे पर स्थित मैरेज हाल के सामने देर रात बारातियों और घरातियों की भीड़ के बीच दुश्मनाें को पहचानना संभव नहीं था। रामप्रताप को सचिन के घर के सभी लोग पहचानते थे लेकिन वह सामने नहीं आया। आशंका है कि उसने किसी को सचिन के आसपास लगा दिया होगा। देर रात अगर वह बाहर न निलकता तो मौका मिलते ही विवाह स्थल पर भी उसकी हत्या की जा सकती थी। शहर कोतवाल बलिराम मिश्र ने भी कहा कि हत्या में और लोगाें का हाथ रहा होगा। हत्यारे विवाह स्थल के आसपास थे। विवाह की सीडी देखकर उन लोगों को भी चिह्नित करने का प्रयास किया जाएगा जो हत्यारों के संपर्क में रहे होंगे।
हत्यारों ने बड़े इत्मीनान और विश्वास के साथ सचिन को गोली मारी। एक गोली में उसकी मौत हो गई। उन्होंने दूसरी गोली मारने की जरूरत नहीं महसूस की। गोली सीने पर इतना सटाकर मारी गई थी कि सचिन बच नहीं सका। इससे साफ है कि हत्यारे पेशेवर शूटर हैं।
सचिन की हत्या के आरोपियों की तलाश में पुलिस की एक टीम इलाहाबाद रवाना कर दी गई है। सभी आरोपी सोरांव थाना क्षेत्र के फाफामऊ के रहने वाले हैं। पुलिस टीम रिश्तेदारों के यहां भी दबिश दे रही है। एएसपी पूर्वी ब्रजेश मिश्र ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए इलाहाबाद पुलिस का भी सहयोग लिया जाएगा।
आरती का जेठ सोरांव फाफामऊ निवासी रामप्रताप उर्फ सुनील सोनी चेयरमैन के बेटे के साढ़ू का बड़ा भाई था। भाई के जेल जाने के बाद वह चेयरमैन के घर आने लगा था। तीन साल से तो उसका अधिकांश समय कटरा मेदनीगंज में ही गुजर रहा था। आरती के पति राजकुमार की तरह रामप्रताप भी अपराधी किस्म का था। सियाराम ने आरती की शादी कहीं और कर दी तो वह परेशान हो गया। इसके बाद कटरा चौराहे पर अप्रैल में सचिन पर हमला किया, हालांकि उस समय उसकी जान बच गई थी। सोमवार रात सचिन की हत्या के बाद परिजनों में पुलिस की कार्रवाई पर क्षोभ रहा। लोगों ने कहा कि अगर पुलिस ने घटना के बाद कोई कार्रवाई की होती तो सचिन जिंदा होता।
सचिन की हत्या करने वाले पूरी तैयारी से आए थे। गेस्ट हाउस से ही हत्यारे सचिन पर निगाह रखे थे। उसके बाहर निकलते ही पीछा कर लिया और मौका मिलते ही हत्या कर दी।
सचिन की बहन ज्योति उर्फ शगुन की शादी में कटरा मेदनीगंज कस्बे के साथ ही शहर के भी तमाम व्यापारी शामिल हुए थे। हाईवे पर स्थित मैरेज हाल के सामने देर रात बारातियों और घरातियों की भीड़ के बीच दुश्मनाें को पहचानना संभव नहीं था। रामप्रताप को सचिन के घर के सभी लोग पहचानते थे लेकिन वह सामने नहीं आया। आशंका है कि उसने किसी को सचिन के आसपास लगा दिया होगा। देर रात अगर वह बाहर न निलकता तो मौका मिलते ही विवाह स्थल पर भी उसकी हत्या की जा सकती थी। शहर कोतवाल बलिराम मिश्र ने भी कहा कि हत्या में और लोगाें का हाथ रहा होगा। हत्यारे विवाह स्थल के आसपास थे। विवाह की सीडी देखकर उन लोगों को भी चिह्नित करने का प्रयास किया जाएगा जो हत्यारों के संपर्क में रहे होंगे।
हत्यारों ने बड़े इत्मीनान और विश्वास के साथ सचिन को गोली मारी। एक गोली में उसकी मौत हो गई। उन्होंने दूसरी गोली मारने की जरूरत नहीं महसूस की। गोली सीने पर इतना सटाकर मारी गई थी कि सचिन बच नहीं सका। इससे साफ है कि हत्यारे पेशेवर शूटर हैं।
सचिन की हत्या के आरोपियों की तलाश में पुलिस की एक टीम इलाहाबाद रवाना कर दी गई है। सभी आरोपी सोरांव थाना क्षेत्र के फाफामऊ के रहने वाले हैं। पुलिस टीम रिश्तेदारों के यहां भी दबिश दे रही है। एएसपी पूर्वी ब्रजेश मिश्र ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए इलाहाबाद पुलिस का भी सहयोग लिया जाएगा।