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कुंडा में मकान की छत गिरी, युवती की मौत
pratapgarh
Updated Thu, 20 Sep 2018 11:36 PM IST
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कुंडा। नगर पंचायत के गड़ेरियन का पुरवा में गुरुवार शाम बरसात के दौरान एक मकान की छत गिर पड़ी। जिसके मलबे में दबने से युवती की मौत हो गई। जबकि परिवार के तीन सदस्य गंभीर रूप से घायल हो गए। काफी मशक्कत के बाद घायलों को बाहर निकाला गया और उपचार के लिए इलाहाबाद ले जाया गया। घटनास्थल पर प्रशासिनक अमला डटा रहा।
कुंडा कोतवाली के गड़ेरियन का पुरवा निवासी श्रीराम पाल (45) पुत्र रामकृपाल पाल गुरुवार की देर शाम तेज हवा के साथ बरसात होने के कारण पत्नी लक्ष्मी देवी (42), बेटे अनुराग (12) और बेटी सविता (18) के साथ कमरे में चला गया। अचानक मकान की छत भरभराकर गिर पड़ी। जिसके मलबे में सभी लोग दब गए।
बाहर मौजूद बेटे अनुज व बेटी सरिता के शोर मचाने पर आसपास के लोग मदद के लिए दौड़ पड़े। कुछ ही देर में फायरब्रिगेड कर्मचारी भी पहुंच गए। लोग मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालने लगे। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद मलबे में दबे श्रीराम पाल, लक्ष्मी देवी व अनुराग को घायल अवस्था में निकालने के बाद उपचार के लिए सीएचसी ले जाया गया। सविता के ऊपर मलबा जमा था। उसे किसी तरह बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। यह देख लोग रोने बिलखने लगे। गंभीर रूप से घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए इलाहाबाद ले जाया गया। कुंडा कोतवाल पुलिस बल के साथ मलबा हटवाने में पसीना बहाते रहे।
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कुंडा कोतवाली के गड़ेरियन का पुरवा निवासी श्रीराम पाल (45) पुत्र रामकृपाल पाल गुरुवार की देर शाम तेज हवा के साथ बरसात होने के कारण पत्नी लक्ष्मी देवी (42), बेटे अनुराग (12) और बेटी सविता (18) के साथ कमरे में चला गया। अचानक मकान की छत भरभराकर गिर पड़ी। जिसके मलबे में सभी लोग दब गए।
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बाहर मौजूद बेटे अनुज व बेटी सरिता के शोर मचाने पर आसपास के लोग मदद के लिए दौड़ पड़े। कुछ ही देर में फायरब्रिगेड कर्मचारी भी पहुंच गए। लोग मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालने लगे। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद मलबे में दबे श्रीराम पाल, लक्ष्मी देवी व अनुराग को घायल अवस्था में निकालने के बाद उपचार के लिए सीएचसी ले जाया गया। सविता के ऊपर मलबा जमा था। उसे किसी तरह बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। यह देख लोग रोने बिलखने लगे। गंभीर रूप से घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए इलाहाबाद ले जाया गया। कुंडा कोतवाल पुलिस बल के साथ मलबा हटवाने में पसीना बहाते रहे।
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