फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pratapgarh News ›   अपात्रों का चयन करने वाले कर्मचारियों पर गिरेगी गाज 18-03-44

अपात्रों का चयन करने वाले कर्मचारियों पर गिरेगी गाज 18-03-44

Wed, 28 Feb 2018 06:24 PM IST
Updated Wed, 28 Feb 2018 06:24 PM IST
विज्ञापन
अपात्रों का चयन करने वाले कर्मचारियों पर गिरेगी गाज 18-03-44
अपात्रों का चयन करने वाले कर्मचारियों पर गिरेगी गाज
विज्ञापन

पीएम आवास योजना में एक गांव के 900 लोगों का नाम था शामिल, जांच में 278 मिले पात्र
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़।
प्रधानमंत्री आवास (ग्रामीण) के लिए एक गांव में चयनित 900 लाभार्थियों की सूची देखकर सीडीओ के जांच कराने पर मात्र 278 लाभार्थी पात्र मिले हैं। पात्रता सूची में अपात्रों का नाम शामिल करने वाले कर्मचारियों पर जल्द ही विभागीय अधिकारियों का डंडा चलेगा।
प्रधानमंत्री आवास के लाभार्थियों के चयन में व्यापक अनियमितता का खुलासा होने पर सीडीओ राजकमल यादव उन ग्राम पंचायतों के लाभार्थियों की जांच करा रहे हैं, जहां अपेक्षाकृत सूची में अधिक लोगों का नाम शामिल है। बिहार विकास खंड के बेधनगोपाल में आवास के लिए तैयार सूची में गांव के ही 900 लोगों का नाम शामिल किया गया था। सीडीओ के जांच कराने पर खुलासा हुआ कि 622 लाभार्थी ऐसे थे, जिनके पास कार, बंगला, ट्रैक्टर सब था। स्थलीय निरीक्षण के बाद इन लाभार्थियों को योजना के दायरे से बाहर करते हुए वास्तविक 278 लोगों को आवास के लिए पात्र पाया गया है। सीडीओ राजकमल यादव ने बताया कि एक ग्राम पंचायत में इतनी बड़ी संख्या में फर्जी लाभार्थियों का चयन करने वाले कर्मचारियों को भी दंडित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि सूची तैयार करने वाले कर्मचारियों की भूमिका की जांच की जा रही है।
विज्ञापन

इनसेट------------
प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री योजना के लिए एक ही चयन सूची
प्रधानमंत्री आवास (ग्रामीण) और मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत लाभार्थियों का चयन करने के लिए एक ही सूची तैयार की गई है। दोनों योजनाओं के लिए 1.20 लाख रुपये लाभार्थी के खाते में और मजदूरी की धनराशि दी जाएगी। सीडीओ ने बतया कि आवास चयन की एक ही सूची होगी। अलग-अलग योजनाओं के लिए अलग-अलग चयन सूची होने से अपात्र लोग योजना का दुरुपयोग करते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


वेतन भुगतान का आदेश, फिर भी कर्मचारियों की जेब खाली
बाधक बन गया आयकर का विवरण, अब मार्च में मिलेगा वेतन
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। होली के त्योहार पर कर्मचारियों और अध्यापकों को वेतन भुगतान का आदेश जारी होने के बाद भी हाथ खाली रहे। मंगलवार को शासन का आदेश तो आया, मगर आयकर का विवरण नहीं तैयार होने के कारण वेतन भुगतान में बधा खड़ी हो गई। इससे जिले के अधिकांश कर्मचारियों की होली फीकी रहेगी।

योगी सरकार ने होली के त्योहार पर जिले के कर्मचारियों और अध्यापकों का वेतन 28 फरवरी को जारी करने का आदेश दिया था। 27 फरवरी को यह आदेश विभागों के साथ ही सोशल मीडिया पर भी दौडने लगा। विभागीय अधिकारी भी सक्रिय हुए, मगर कर्मचारियों और अध्यापकों के आयकर का विवरण नहीं देने के कारण न तो वेतन बिल तैयार हो पाया, न ही खाते में भुगतान पहुंचा। हालांकि छोटे विभागों में जिसमें कर्मचारियों की संख्या दस से पचास तक है। उन विभागों के कर्मचारियों का वेतन भुगतान हो गया। कलेक्ट्रेट के प्रशासनिक अधिकारी ओम प्रकाश मिश्र ने बताया कि हमारे यहां के कर्मचारियों का वेतन बिल ट्रेजरी भेज दिया गया है, शाम तक वेतन खाते में आ जाएगा। जबकि बीएसए, माध्यमिक, स्वास्थ्य विभाग, विकास विभाग, सिंचाई विभाग के कर्मचारियों को वेतन नहीं मिल पाया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed