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जिले में धड़ल्ले से चलता है अवैध शराब का कारोबार 17-49-35
Updated Wed, 23 May 2018 06:16 PM IST
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जिले में अवैध शराब का कारोबार धड़ल्ले से चलता है। प्रदेश में कोई भी सरकार हो और जिले में कितना भी तेज तर्रार अफसर, इस कारोबार में लिप्त माफियाआें तक कानून के लंबे हाथ कभी नहीं पहुंच सके। सिंडीकेट चलाने वालाें पर पुलिस सीधे हाथ डालने से कतराती है। तीन दिन पहले महेशगंज थानाध्यक्ष ने अवैध शराब बरामद किया था, लेकिन शराब माफिया तक पुलिस का हाथ नहीं पहुंच सका। इससे पहले संग्रामगढ़ में करोड़ी की शराब बरामद हुई थी, लेकिन पुलिस ने जांच के नाम पर शराब माफियाआें को कार्रवाई की जद से दूर कर दिया। लालगंज में बीते वर्ष दो बार ट्रक पर लदी अवैध शराब पुलिस ने पकड़ी थी। जांच में आरोपियाें ने बताया था कि अंतू के दीवानगंज इलाके में एक ईटभठ्ठे का संचालक अवैध शराब का कारोबार करता है। लेकिन पुलिस का साहस नहीं हुआ कि शराब माफिया पर हाथ डाल सके। इससे पहले कुंडा व रानीगंज इलाके में करोड़ाें की अवैध शराब बरामद की गई थी, लेकिन आज तक किसी मामले में पुलिस शराब माफिया तक नहीं पहुंच सकी। कई वर्षों से जिले में शराब माफियाआें का सिंडीकेट संचालित हो रहा है। पुलिस को भी मालूम है कि शराब के कारोबार में कौन कौन लिप्त है। लेकिन शराब माफियाआें के सिर पर सफेदपोशाें का सरंक्षण मिलने से कानून के लंबे हाथ अवैध शराब के सिंडीकेट को तोड़ पाने में नाकाम साबित हुए हैं।