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बाघों को जंगल में भेजने की होगी कवायद
ब्यूरो /पीलीभीत
Updated Thu, 11 Aug 2016 11:30 PM IST
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मानव वन्यजीव घटनाओं को रोकने के लिए डीएम ने गंभीरता दिखाई है। अमरिया क्षेत्र में घूम रहे बाघ के परिवार को जंगल में वापस भेजने की कवायद शुरू कर दी गई है। शीघ्र ही वह वन्य जीव प्रतिपालक को पत्र लिखेंगे। महोफ रेंज से निकला बाघ का एक जोड़ करीब एक वर्ष से अमरिया क्षेत्र में घूम रहा है। पिछले दिनों बाघिन को दो शावकों के साथ घूमते देखा गया था। जंगल के बाहर घूम रहे बाघ के परिवार से जहां लोगों में दहशत है वहीं हमले की घटनाएं भी हो रही हैं। मंगलवार को अमरिया क्षेत्र में बाघिन के हमले में खेतों में काम कर रहा मजदूर विश्वजीत घायल हो गया था। बाघ-बाघिन के हमले को डीएम मासूम अली सरवर ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने बताया कि जंगल के बाहर घूम रहा बाघ परिवार जनता के लिए परेशानी का सबब है, वहीं इन्हें शिकारियों से भी खतरा है। ऐसे में बाघ परिवार को ट्रैंक्यूलाइज कर या किसी प्रकार जंगल में वापस कराने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए वह जल्द वन्यजीव प्रतिपालक रूपक डे को पत्र लिखेंगे और जरूरत पड़ी तो उनके व्यक्तिगत रूप से मिलकर इसका समाधान कराने का प्रयास करेंगे। डीएम ने बताया कि सामाजिक वानिकी इस पर लगातार नजर बनाए हुए है और क्षेत्र के लोगों को भी जागरूक किया जा रहा है।
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