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नाबार्ड तैयार करेगी मृदा परीक्षण टीमें
पीलीभीत।
Updated Sun, 08 Mar 2015 10:38 PM IST
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खेती को और बेहतर बनाने के लिए मृदा परीक्षण पर जोर दिया है। इसके तहत खेतों की मिट्टी की जांच की जानी है। प्रधानमंत्री के इस प्रोजेक्ट पर नाबार्ड ने पहल करते हुए काम शुरू कर दिया है। जिले के विभिन्न गांव से 100 कृषकों का चयन कर उन्हें मृदा परीक्षण का प्रशिक्षण देकर मास्टर ट्रेनर के रूप में तैयार करने के लिए मंगलवार से कृषि विज्ञान केंद्र में प्रशिक्षण कार्य प्रारंभ होगा।
फसल उगाने से पहले मिट्टी की जांच कराई जानी चाहिए लेकिन न तो जिले में इसकी बेहतर व्यवस्था है और न ही किसान इसके प्रति जागरूक। प्रधानमंत्री के पहल पर नाबार्ड ने योजना तैयार की जिसे स्वीकृति के लिए लखनऊ भेजा था। स्वीकृति मिलने पर अब नाबार्ड ने कृषि विज्ञान केंद्र के माध्यम से इस पर काम शुरू कर दिया है।
नाबार्ड कृषक क्लबों के सदस्यों को प्रशिक्षण देकर मास्टर ट्रेनर के रूप में तैयार करेगा। इसके लिए नाबार्ड ने जिले के विभिन्न गांव में चल रहे अपने 100 कृषक क्लबों से एक एक सदस्य का चयन किया है। इन सदस्यों को मंगलवार से कृषि विज्ञान केंद्र में वैज्ञानिकों द्वारा एक सप्ताह का आवासीय प्रशिक्षण देकर मास्टर ट्रेनर के रूप में तैयार करेगा। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन मास्टर ट्रेनरों को मृदा परीक्षण किट उपलब्ध कराई जाएगी। इसके माध्यम से प्रशिक्षित किसान गांव में ही मिट्टी की जांच कर सकेंगे।
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किसानों को मिट्टी की जांच की सुविधा गांव में उपलब्ध कराने के लिए नाबार्ड ने प्रोजेक्ट बनाकर भेजा था जिसे स्वीकृति मिल गई है। मंगलवार से कृषि विज्ञान केंद्र में इसका प्रशिक्षण प्रारंभ होगा।
- एके रावत, डीडीएम नाबार्ड
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फसल उगाने से पहले मिट्टी की जांच कराई जानी चाहिए लेकिन न तो जिले में इसकी बेहतर व्यवस्था है और न ही किसान इसके प्रति जागरूक। प्रधानमंत्री के पहल पर नाबार्ड ने योजना तैयार की जिसे स्वीकृति के लिए लखनऊ भेजा था। स्वीकृति मिलने पर अब नाबार्ड ने कृषि विज्ञान केंद्र के माध्यम से इस पर काम शुरू कर दिया है।
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नाबार्ड कृषक क्लबों के सदस्यों को प्रशिक्षण देकर मास्टर ट्रेनर के रूप में तैयार करेगा। इसके लिए नाबार्ड ने जिले के विभिन्न गांव में चल रहे अपने 100 कृषक क्लबों से एक एक सदस्य का चयन किया है। इन सदस्यों को मंगलवार से कृषि विज्ञान केंद्र में वैज्ञानिकों द्वारा एक सप्ताह का आवासीय प्रशिक्षण देकर मास्टर ट्रेनर के रूप में तैयार करेगा। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन मास्टर ट्रेनरों को मृदा परीक्षण किट उपलब्ध कराई जाएगी। इसके माध्यम से प्रशिक्षित किसान गांव में ही मिट्टी की जांच कर सकेंगे।
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किसानों को मिट्टी की जांच की सुविधा गांव में उपलब्ध कराने के लिए नाबार्ड ने प्रोजेक्ट बनाकर भेजा था जिसे स्वीकृति मिल गई है। मंगलवार से कृषि विज्ञान केंद्र में इसका प्रशिक्षण प्रारंभ होगा।
- एके रावत, डीडीएम नाबार्ड