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मेले में भगदड़ के दौरान हुई थी मानसिंह की मौत
ब्यूरो /पीलीभीत
Updated Mon, 27 Feb 2017 10:25 PM IST
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मजदूर मान सिंह की मौत मेले में मची भगदड़ के दौरान भीड़ में दबने से हुई थी। मेला कमेटी के लोगों ने परिजनों को सूचित करने के बजाय शव उठाकर तालाब में फेंक दिया था। पुलिस ने करीब चार महीने की तफ्तीश के बाद सोमवार को घटना का खुलासा कर दिया। इसमें बिठौरा गांव में लगने वाले मेले की कमेटी अध्यक्ष समेत चार लोगों को जेल भेजा गया है। गजरौला थाना क्षेत्र के जैतपुर गांव निवासी मजदूर मान सिंह 29 अक्तूबर को मेला देखने बिठौरा गांव गया था, जिसके बाद वह घर नहीं लौटा। एक नबंबर को मानसिंह का शव मुढ़ैलाकलां गांव के तालाब में पड़ा मिला था। पोस्टमार्टम के दौरान मौत की वजह स्पष्ट नहीं हुई थी। इधर, मानसिंह के परिवार वाले पुलिस पर मिलीभगत का आरोप लगा रहे थे। चार महीने बाद गजरौला इंस्पेक्टर जयवीर सिंह ने मानसिंह की हत्या का खुलासा कर दिया। हत्या करने के आरोप में बिठौरा गांव में लगे मेला के अध्यक्ष ओमप्रकाश, लालता प्रसाद, रामस्वरूप और वीरबल को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के बाद चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। सीओ सिटी अनुराग दर्शन ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि 29 अक्तूबर को मेले में कैच व बिठौरा गांव के लोगों में मारपीट हो गई थी, जिसके बाद भगदड़ मच गई। भगदड़ के दौरान नीचे दबने से मान सिंह की मौत हो गई। भीड़ छटने के बाद मेला कमेटी के लोगों ने खुद को बचाने के लिए मानसिंह का शव उठाकर मुढ़ैलाकलां गांव स्थित तालाब में फेंक दिया था।
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