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ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवारी बैठाना मना: टिकैत बोले, 'किसानों के आंदोलन को रोकने षड्यंत्र, नहीं मानेंगे आदेश'
Tue, 04 Oct 2022 01:29 PM IST
विजय पुंडीर
अमर उजाला नेटवर्क, पीलीभीत
अमर उजाला नेटवर्क, पीलीभीत
Published by: विजय पुंडीर
Updated Tue, 04 Oct 2022 01:29 PM IST
सार
टिकैत ने कहा कि सरकार की मंशा है कि किसान आंदोलन में ट्रैक्टर से नहीं पहुंचे, इसीलिए पूरा कार्यक्रम तय किया गया है। इस शासनादेश का विरोध करते हुए जैसे पहले ट्रैक्टर ट्रॉली चलते थे। उसी तरह चलाए जाएंगे। हम इसका पूरी तरह से विरोध करते हैं।
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राकेश टिकैत।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने प्रदेश सरकार के ट्रैक्टर ट्रॉली पर जारी आदेश को मानने से इनकार कर दिया है। कहा कि जब ट्रेनों और बसों में हादसे होते है, तो उन्हें क्यों बंद नहीं कराया जाता है। प्रदेश सरकार ने सिर्फ किसानों के आंदोलन को रोकने के लिए यह आदेश जारी किया है। मगर भाकियू की ओर से इस आदेश को नहीं मना जाएगा। आंदोलन में किसान ट्रैक्टर ट्रॉली से पहुंचकर शामिल होंगे।
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अमरिया के बड़ेपुरा गुरुद्वारा में सोमवार देर रात लखीमपुर से लौटे राष्ट्रीय प्रवक्ता ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि किसान संगठन और गांव के लोगों के आने-जाने का ट्रैक्टर ट्राली एक मुख्य साधन है। उसे सरकार रोकना चाहती है। प्रदेश सरकार के आदेश पर जुर्माना लगाया जा रहा है। जबकि किसान और ग्रामीणों को इसके अलावा कोई दूसरा संसाधान नहीं है। ट्रेन और बसों से जब हादसे होते तो क्या उन्हें बंद कराया जाता है। बाइकों से एक्सीडेंट होते हैं, तो क्या बाइकों की कंपनियां बंद कराई गई। जबकि किसानों के ट्रैक्टर को बंद कराकर सरकार उन्हें बर्बाद करने पर तुली है।
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उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि किसान आंदोलन में ट्रैक्टर से नहीं पहुंचे, इसीलिए पूरा कार्यक्रम तय किया गया है। इस शासनादेश का विरोध करते हुए जैसे पहले ट्रैक्टर ट्रॉली चलते थे। उसी तरह चलाए जाएंगे। हम इसका पूरी तरह से विरोध करते हैं। किसान के खेतों में तार नहीं लगाया जाएगा, ट्रैक्टर नहीं चलाने दिया जाएगा, खेतों में दवाई कौन सी लगाई जाएगी यह भी सरकार तय करतीं है, मगर फसल के रेट को तय नहीं कर पा रही है। किसानों को गन्ने का भुगतान नहीं कराया जा रहा। इसके लिए कोई आदेश जारी नहीं हुआ। मुख्यमंत्री ने आदेश जारी किया था कि किसानों को बिजली मुफ्त दी जाएगी। मगर आज तक आदेश लागू नहीं किया गया। ट्रैक्टर के मामले में सरकार की घोषणा होते ही कार्रवाई शुरू कर दी गई।
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