{"_id":"660ff50b1b1d46c9420cb1d4","slug":"raid-on-two-rice-mills-for-storing-wheat-pilibhit-news-c-121-1-lkh1003-114381-2024-04-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pilibhit News: गेहूं के भंडारण पर दो राइस मिलों पर छापा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pilibhit News: गेहूं के भंडारण पर दो राइस मिलों पर छापा
विज्ञापन
पूरनपुर मंडी समिति के गेंहू खरीद केंद्र पर पहुंचा गेंहू । संवाद
प्रशासन की सख्ती के चलते व्यापारियों ने खरीद से खींचे हाथ, आरएफसी के केंद्रों पर हुई गेहूं की खरीद
संवाद न्यूज एजेंसी
पूरनपुर। मंडी समिति सचिव और डिप्टी आरएमओ ने गेहूं का भंडारण किए जाने पर दो राइस मिलों पर छापा मारकर गेहूं का स्टॉक चेक किया। मिलर्स से अभिलेख तलब किए। फिलहाल प्रशासन की सख्ती के कारण मंडी में समर्थन मूल्य से अधिक भाव होने के बाद भी व्यापारी गेहूं खरीदने से कतरा रहे है। ऐसे में मंडी समिति में आरएफसी के केंद्रों पर खरीद भी शुरू हो गई है।
खेतों में गेहूं की फसल तैयार होने पर कटाई शुरू हो गई है। आग, पानी आदि के भय से किसान गेहूं की फसल समय से काटकर बिक्री करने की तैयारी में है। मंडी में गेहूं का मूल्य शुक्रवार को भी समर्थन मूल्य 2275 प्रति क्विंटल से अधिक रहा, लेकिन व्यापारियों ने गेहूं की खरीद नहीं की।
मंडी के एक आढ़ती ने बताया कि दो दिन पहले 150 क्विंटल गेहूं खरीदने पर मंडी और खाद्यान्न विभाग के अफसरों ने कार्रवाई का भय दिखाकर उसे खूब धमकाया। एक मिल मालिक ने बताया कि व्यापारी गेहूं न खरीदें और केंद्रों पर गेहूं पहुंचे इसको लेकर मौखिक चेतावनी दी जा रही है।
विज्ञापन
व्यापारियों के गेहूं खरीद से हाथ खींचने पर मंडी समिति में आरएफसी के सभी नौ खरीद केंद्रों पर खरीद शुरू हो गई। उधर, मंडी समिति सचिव सर्वेश कुमार शुक्ला और डिप्टी आरएमओ विजय कुमार शुक्ला ने गर्ग राइस मिल और कलीनगर की भगवान राइस मिल में गेहूं के स्टाक को चेक किया।
मंडी समिति सचिव ने बताया कि दोनों जगह गेहूं का स्टाक मिला है। इस पर दोनों राइस मिलर्स से अभिलेख तलब किए गए हैं। जांच के बाद कार्रवाई होगी।
-
किसान असमंजस में, कहां ले जाए गेहूं
व्यापारियों के गेहूं खरीद से हाथ खींच लेने से किसान असमंजस में है। किसानों का कहना है कि फसल काटकर घर में रख नहीं सकते। बाजार में बिक नहीं रही। मजबूरी में बाजार मूल्य से कम दाम पर बेचना पड़ रहा है।
-
बोले किसान नेता-किसानों का घोंटा जा रहा गला
भाकियू (अराजनीतिक) के जिलाध्यक्ष मंजीत सिंह का कहना है कि व्यापारियों पर प्रतिबंध लगाकर किसानों का गला घोंटा जा रहा है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भाकियू (टिकैत) के प्रदेश सचिव स्वराज सिंह ने व्यापारियों पर अंकुश लगाने पर रोष व्यक्त किया। कहा कि एक तरफ आमदनी दोगुनी होने, सबका साथ सबका विकास की बात की जा रही है। दूसरी ओर किसानों की फसल की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। सरकार गेहूं पर तीन सौ रुपये बोनस घोषित करे। उत्पीड़न, पाबंदी के विरोध में आंदोलन होगा।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
पूरनपुर। मंडी समिति सचिव और डिप्टी आरएमओ ने गेहूं का भंडारण किए जाने पर दो राइस मिलों पर छापा मारकर गेहूं का स्टॉक चेक किया। मिलर्स से अभिलेख तलब किए। फिलहाल प्रशासन की सख्ती के कारण मंडी में समर्थन मूल्य से अधिक भाव होने के बाद भी व्यापारी गेहूं खरीदने से कतरा रहे है। ऐसे में मंडी समिति में आरएफसी के केंद्रों पर खरीद भी शुरू हो गई है।
खेतों में गेहूं की फसल तैयार होने पर कटाई शुरू हो गई है। आग, पानी आदि के भय से किसान गेहूं की फसल समय से काटकर बिक्री करने की तैयारी में है। मंडी में गेहूं का मूल्य शुक्रवार को भी समर्थन मूल्य 2275 प्रति क्विंटल से अधिक रहा, लेकिन व्यापारियों ने गेहूं की खरीद नहीं की।
विज्ञापन
मंडी के एक आढ़ती ने बताया कि दो दिन पहले 150 क्विंटल गेहूं खरीदने पर मंडी और खाद्यान्न विभाग के अफसरों ने कार्रवाई का भय दिखाकर उसे खूब धमकाया। एक मिल मालिक ने बताया कि व्यापारी गेहूं न खरीदें और केंद्रों पर गेहूं पहुंचे इसको लेकर मौखिक चेतावनी दी जा रही है।
विज्ञापन
व्यापारियों के गेहूं खरीद से हाथ खींचने पर मंडी समिति में आरएफसी के सभी नौ खरीद केंद्रों पर खरीद शुरू हो गई। उधर, मंडी समिति सचिव सर्वेश कुमार शुक्ला और डिप्टी आरएमओ विजय कुमार शुक्ला ने गर्ग राइस मिल और कलीनगर की भगवान राइस मिल में गेहूं के स्टाक को चेक किया।
मंडी समिति सचिव ने बताया कि दोनों जगह गेहूं का स्टाक मिला है। इस पर दोनों राइस मिलर्स से अभिलेख तलब किए गए हैं। जांच के बाद कार्रवाई होगी।
-
किसान असमंजस में, कहां ले जाए गेहूं
व्यापारियों के गेहूं खरीद से हाथ खींच लेने से किसान असमंजस में है। किसानों का कहना है कि फसल काटकर घर में रख नहीं सकते। बाजार में बिक नहीं रही। मजबूरी में बाजार मूल्य से कम दाम पर बेचना पड़ रहा है।
-
बोले किसान नेता-किसानों का घोंटा जा रहा गला
भाकियू (अराजनीतिक) के जिलाध्यक्ष मंजीत सिंह का कहना है कि व्यापारियों पर प्रतिबंध लगाकर किसानों का गला घोंटा जा रहा है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भाकियू (टिकैत) के प्रदेश सचिव स्वराज सिंह ने व्यापारियों पर अंकुश लगाने पर रोष व्यक्त किया। कहा कि एक तरफ आमदनी दोगुनी होने, सबका साथ सबका विकास की बात की जा रही है। दूसरी ओर किसानों की फसल की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। सरकार गेहूं पर तीन सौ रुपये बोनस घोषित करे। उत्पीड़न, पाबंदी के विरोध में आंदोलन होगा।