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ठेले से ले जाए गए बुजुर्ग का इलाज भी बमुश्किल शुरू हुआ, हालत में सुधार
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पीलीभीत। एंबुलेंस 108 न आने पर ठेले से जिला अस्पताल ले जाए गए बुजुर्ग विशेवरनाथ की हालत में सुधार हुआ है। सीएमओ ने मामले में लापरवाही बरतने वालों की जांच कराने को कहा है।
मोहल्ला बशीर खां निवासी 50 वर्षीय विशेवरनाथ की दो दिन पहले अचानक तबीयत खराब हो गई। उन्हें सांस लेने में दिक्कत होने लगी थी। उनके दामाद अखिलेश ने 108 एंबुलेंस को फोन किया। पहले तो एंबुलेंस का फोन नहीं लगा। जब फोन लगा तो एंबुलेंस कर्मचारियों ने मरीज को कोरोना संक्रमित बताकर अस्पताल ले जाने से मना कर दिया। तब दामाद मजबूरी में अपने ससुर को ठेले पर लादकर जिला अस्पताल चल दिया। पीड़ित ने सीएमओ के ट्विटर पर इस बात की जानकारी दी। बुजुर्ग के दामाद अखिलेश ने बताया कि बीच रास्ते में सीएमओ ने एंबुलेंस भेजने की बात कही थी। लेकिन तब तक वह अस्पताल पहुंच चुका था। अस्पताल में पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने बहुत देर तक मरीज का इलाज नहीं किया। पीड़ित का आरोप है कि सीएमएस को भी उसने फोन किया, लेकिन उन्होंने भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया। तब उसने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत की। इसके अलावा डीएम से भी शिकायत की गई। शासन के संज्ञान में आने के बाद डीएम ने सीएमओ डॉ. सीमा अग्रवाल से पूरे मामले की रिपोर्ट मांग ली। उसके बाद बुजुर्ग का इलाज शुरु किया गया। फिलहाल बुजुर्ग की हालत में सुधार है।
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मोहल्ला बशीर खां निवासी 50 वर्षीय विशेवरनाथ की दो दिन पहले अचानक तबीयत खराब हो गई। उन्हें सांस लेने में दिक्कत होने लगी थी। उनके दामाद अखिलेश ने 108 एंबुलेंस को फोन किया। पहले तो एंबुलेंस का फोन नहीं लगा। जब फोन लगा तो एंबुलेंस कर्मचारियों ने मरीज को कोरोना संक्रमित बताकर अस्पताल ले जाने से मना कर दिया। तब दामाद मजबूरी में अपने ससुर को ठेले पर लादकर जिला अस्पताल चल दिया। पीड़ित ने सीएमओ के ट्विटर पर इस बात की जानकारी दी। बुजुर्ग के दामाद अखिलेश ने बताया कि बीच रास्ते में सीएमओ ने एंबुलेंस भेजने की बात कही थी। लेकिन तब तक वह अस्पताल पहुंच चुका था। अस्पताल में पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने बहुत देर तक मरीज का इलाज नहीं किया। पीड़ित का आरोप है कि सीएमएस को भी उसने फोन किया, लेकिन उन्होंने भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया। तब उसने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत की। इसके अलावा डीएम से भी शिकायत की गई। शासन के संज्ञान में आने के बाद डीएम ने सीएमओ डॉ. सीमा अग्रवाल से पूरे मामले की रिपोर्ट मांग ली। उसके बाद बुजुर्ग का इलाज शुरु किया गया। फिलहाल बुजुर्ग की हालत में सुधार है।
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