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Pilibhit News: आत्महत्या को विवश करने के दोषी को चार साल का कारावास, जुर्माना
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घटना के मात्र आठ माह में न्यायालय में सुनाया फैसला
पीलीभीत। दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को आत्महत्या के लिए विवश करने वाले पति विजय पाल को घटना के आठ माह बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधीर कुमार ने चार साल के कारावास और तीन हजार के अर्थदंड से दंडित किया।
शाहजहांपुर के थाना बंडा के गांव सिंघापुर पनई निवासी द्वारिका प्रसाद ने पूरनपुर में पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उसने पुत्री श्रीदेवी की शादी पूरनपुर के गांव रघुनाथ निवासी विजय पाल से की थी। शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसकी पुत्री का दहेज उत्पीड़न करने लगे थे। 29 अप्रैल 2022 को उन्हें सूचना मिली कि उसकी पुत्री की हत्या विजय पाल और उसके भाई मुनीश ने कर दी है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी। विवेचना के दौरान पुलिस को उसके भाई के खिलाफ साक्ष्य नहीं मिले, जबकि देवर विजय पाल के खिलाफ पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
न्यायालय ने दोनों पक्षों का तर्क सुनने और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद विजय पाल को चार साल का कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई। अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी महेंद्रपाल गंगवार ने पैरवी की।
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पीलीभीत। दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को आत्महत्या के लिए विवश करने वाले पति विजय पाल को घटना के आठ माह बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधीर कुमार ने चार साल के कारावास और तीन हजार के अर्थदंड से दंडित किया।
शाहजहांपुर के थाना बंडा के गांव सिंघापुर पनई निवासी द्वारिका प्रसाद ने पूरनपुर में पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उसने पुत्री श्रीदेवी की शादी पूरनपुर के गांव रघुनाथ निवासी विजय पाल से की थी। शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसकी पुत्री का दहेज उत्पीड़न करने लगे थे। 29 अप्रैल 2022 को उन्हें सूचना मिली कि उसकी पुत्री की हत्या विजय पाल और उसके भाई मुनीश ने कर दी है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी। विवेचना के दौरान पुलिस को उसके भाई के खिलाफ साक्ष्य नहीं मिले, जबकि देवर विजय पाल के खिलाफ पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
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न्यायालय ने दोनों पक्षों का तर्क सुनने और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद विजय पाल को चार साल का कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई। अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी महेंद्रपाल गंगवार ने पैरवी की।
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