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कोलकाता कांड: पीलीभीत में चिकित्सकों की हड़ताल, बंद रही ओपीडी और इमरजेंसी सेवा, मरीज हुए परेशान

Sat, 17 Aug 2024 02:05 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 17 Aug 2024 02:05 PM IST
सार

पीलीभीत के जिला अस्पताल की ओपीडी और निजी अस्पतालों में हड़ताल रही। कोलकाता की घटना के विरोध में न्याय की मांग को लेकर चिकित्सक मेडिकल कॉलेज अस्पताल में एकत्र हुए। यहां से नारेबाजी करते हुए जुलूस निकाला।

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Doctors on strike in Pilibhit in protest against Kolkala case
Doctors Protest - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कोलकाता के मेडिकल कॉलेज में महिला चिकित्सक से दुष्कर्म और हत्या की घटना के विरोध में पीलीभीत के स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध जिला अस्पताल में आईएमए को देशव्यापी समर्थन देने को हड़ताल कर दी। इसकी वजह से शनिवार को ओपीडी के ठप रही। हालांकि इमरजेंसी में सेवाएं सुचारू रखने का दावा किया गया, लेकिन वहां भी मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं नहीं मिली। दूरदराज से आए मरीजों को मायूस होकर लौटना पड़ा। 

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शनिवार को जिला अस्पताल की ओपीडी और निजी अस्पतालों में हड़ताल रही। घटना के विरोध में न्याय की मांग को लेकर चिकित्सक मेडिकल कॉलेज अस्पताल में एकत्र हुए। यहां से नारेबाजी करते हुए जुलूस निकाला। जुलूस गौहनिया चौराहा के रास्ते गांधी स्टेडियम रोड, छतरी चौराहा से वापस गौहानिया चौराहा होते हुए मेडिकल कॉलेज में समाप्त हुआ। इस दौरान भारी पुलिस बल चौराहों पर तैनात रहा। 
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इमरजेंसी में भी नहीं बैठे डॉक्टर 
चिकित्सकों की हड़ताल के चलते अस्पताल की ओपीडी में ताला लटकता रहा। इसकी वजह से मरीज भटकते हुए नजर आए। प्राचार्य की ओर से अस्पताल में इमरजेंसी सेवाएं चलने का दावा किया गया। लेकिन यहां भी कोई चिकित्सक नहीं बैठे। इसकी वजह से इमरजेंसी में आए मरीज, चिकित्सक के  इंतजार में बैठे रहे। 

प्रदर्शन के दौरान चिकित्सकों ने कहा कि चिकित्सकों की सुरक्षा को देखते हुए अस्पताल के आसपास पुलिस चौकी स्थापित करने की मांग की जा चुकी है, लेकिन सिर्फ आश्वासन दिया गया। साथ ही सेंट्रल प्रोटेक्शन एक्ट को लागू किया जाए, ताकि चिकित्सकों के साथ होने वाली घटनाओं से निजात मिल सके। कहा कि जल्द मांग पूरी नहीं होती है तो अतिशीघ्र अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी।

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