{"_id":"67ab9b200685f1e0f50ffcf4","slug":"devotees-of-the-district-left-for-prayagraj-mahakumbh-by-train-roadways-and-50-private-buses-pilibhit-news-c-121-1-pbt1005-130615-2025-02-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pilibhit News: ट्रेन, रोडवेज और 50 निजी बसों से प्रयागराज महाकुंभ रवाना हुए जिले के श्रद्धालु","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pilibhit News: ट्रेन, रोडवेज और 50 निजी बसों से प्रयागराज महाकुंभ रवाना हुए जिले के श्रद्धालु
Wed, 12 Feb 2025 12:16 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Wed, 12 Feb 2025 12:16 AM IST
विज्ञापन
शहर के रेलवे स्टेशन पर ट्रेन में चढ़ते यात्री।संवाद
- फोटो : kathua news
पीलीभीत। माघ पूर्णिमा पर महाकुंभ में आस्था की डुबकी लगाने के लिए जिले के एक हजार से अधिक श्रद्धालु प्रयागराज रवाना हुए हैं। मंगलवार को प्रयागराज की सीधी ट्रेन न होने से श्रद्धालुओं ने पहले बरेली और वहां से प्रयागराज की ट्रेन पकड़ी। 50 से अधिक निजी बसों की बुकिंग भी प्रयागराज के लिए कराई गई है।
माघ पूर्णिमा स्नान को लेकर जिले से हजारों श्रद्धालु सोमवार की देर रात से ही प्रयागराज रवाना होने लगे थे। रात में श्रद्धालुओं ने महाकुंभ स्पेशल से सफर किया। मंगलवार को जिले से करीब 50 प्राइवेट बसोें से यात्री प्रयागराज गए। इसके अलावा कई श्रद्धालुओं ने पीलीभीत से बरेली तक ट्रेन का सफर किया। वहां से दूसरी ट्रेन पकड़ी। निजी वाहनों से भी श्रद्धालुओं का जत्था प्रयागराज गया है।
सोमवार को देरी से पहुंची कांठगोदाम-झूंसी एक्सप्रेस
काठगोदाम-झूंसी एक्सप्रेस सोमवार की शाम छह बजे रेलवे स्टेशन पर पहुंचती है, लेकिन दो घंटा देरी होने से यह ट्रेन करीब आठ बजे प्लेटफार्म पर पहुंची। इस पर करीब 156 यात्रियों ने प्रयागराज का सफर किया। रात करीब 11.30 पर जाने वाली कासगंज-झूंसी ट्रेन पर 14 यात्री प्रयागराज के लिए रवाना हुए।
विज्ञापन
कम नहीं हुई स्थानीय मार्गों के यात्रियों की मुश्किलें
पीलीभीत डिपो की 14 बसें प्रयागराज गई हैं। अन्य अधिकांश बसें दिल्ली मार्ग पर संचालित हो रही हैं। इस वजह से स्थानीय मार्गों की परिवहन व्यवस्था लड़खड़ाई चल रही है। यात्री इधर से उधर भटकने को विवश हैं। सबसे ज्यादा अफरातफरी का माहौल शाम के समय दिखता है। मंगलवार की शाम छह बजे शहर के असम चौराहे पर यात्रियों की भीड़ थी। किसी को बीसलपुर, कोई शाहजहांपुर जाने को बस का इंतजार कर रहा था। यही हाल पूरनपुर मार्ग का था। बस न आने पर यात्रियों ने डग्गामार वाहनों का सहारा लिया।
--
1.5 किमी की दूरी में लगे तीन घंटे, संगम में डुबकी लगाते ही प्रसन्न हुआ मन
पीलीभीत। महाकुंभ में आस्था की डुबकी लगाने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी तो प्रयागराज में जाम की स्थिति हो गई। जाम भी एक-दो नहीं सात से आठ घंटे का लगा। काफी मुश्किलों से संगम पहुंचे और डुबकी लगाई तो मन खुश हो गया। यह कहना है जिले के टीबी अस्पताल के सुपरवाइजर राजेश कुमार का। राजेश कुमार अपने साथियों के साथ रविवार को प्रयागराज गए थे। वह प्रयागराज से करीब 47 किमी की दूरी पर ही जाम में फंस गए। वहां से रेंगते हुए बमुश्किल फाफामऊ पहुंचे। इस सफर में करीब चार घंटे लगे। फाफामऊ से संगम महज 1.5 किमी की दूरी पर है। यह दूरी करने में उन्हें करीब तीन घंटे से ज्यादा लग गए। बताया कि संगम में डुबकी लगाते ही सब मुश्किलें गायब हो गई। किसी तरह की कोई असुविधा नहीं हुई। मन बहुत ही प्रसन्न है।
विज्ञापन
माघ पूर्णिमा स्नान को लेकर जिले से हजारों श्रद्धालु सोमवार की देर रात से ही प्रयागराज रवाना होने लगे थे। रात में श्रद्धालुओं ने महाकुंभ स्पेशल से सफर किया। मंगलवार को जिले से करीब 50 प्राइवेट बसोें से यात्री प्रयागराज गए। इसके अलावा कई श्रद्धालुओं ने पीलीभीत से बरेली तक ट्रेन का सफर किया। वहां से दूसरी ट्रेन पकड़ी। निजी वाहनों से भी श्रद्धालुओं का जत्था प्रयागराज गया है।
विज्ञापन
सोमवार को देरी से पहुंची कांठगोदाम-झूंसी एक्सप्रेस
काठगोदाम-झूंसी एक्सप्रेस सोमवार की शाम छह बजे रेलवे स्टेशन पर पहुंचती है, लेकिन दो घंटा देरी होने से यह ट्रेन करीब आठ बजे प्लेटफार्म पर पहुंची। इस पर करीब 156 यात्रियों ने प्रयागराज का सफर किया। रात करीब 11.30 पर जाने वाली कासगंज-झूंसी ट्रेन पर 14 यात्री प्रयागराज के लिए रवाना हुए।
विज्ञापन
कम नहीं हुई स्थानीय मार्गों के यात्रियों की मुश्किलें
पीलीभीत डिपो की 14 बसें प्रयागराज गई हैं। अन्य अधिकांश बसें दिल्ली मार्ग पर संचालित हो रही हैं। इस वजह से स्थानीय मार्गों की परिवहन व्यवस्था लड़खड़ाई चल रही है। यात्री इधर से उधर भटकने को विवश हैं। सबसे ज्यादा अफरातफरी का माहौल शाम के समय दिखता है। मंगलवार की शाम छह बजे शहर के असम चौराहे पर यात्रियों की भीड़ थी। किसी को बीसलपुर, कोई शाहजहांपुर जाने को बस का इंतजार कर रहा था। यही हाल पूरनपुर मार्ग का था। बस न आने पर यात्रियों ने डग्गामार वाहनों का सहारा लिया।
1.5 किमी की दूरी में लगे तीन घंटे, संगम में डुबकी लगाते ही प्रसन्न हुआ मन
पीलीभीत। महाकुंभ में आस्था की डुबकी लगाने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी तो प्रयागराज में जाम की स्थिति हो गई। जाम भी एक-दो नहीं सात से आठ घंटे का लगा। काफी मुश्किलों से संगम पहुंचे और डुबकी लगाई तो मन खुश हो गया। यह कहना है जिले के टीबी अस्पताल के सुपरवाइजर राजेश कुमार का। राजेश कुमार अपने साथियों के साथ रविवार को प्रयागराज गए थे। वह प्रयागराज से करीब 47 किमी की दूरी पर ही जाम में फंस गए। वहां से रेंगते हुए बमुश्किल फाफामऊ पहुंचे। इस सफर में करीब चार घंटे लगे। फाफामऊ से संगम महज 1.5 किमी की दूरी पर है। यह दूरी करने में उन्हें करीब तीन घंटे से ज्यादा लग गए। बताया कि संगम में डुबकी लगाते ही सब मुश्किलें गायब हो गई। किसी तरह की कोई असुविधा नहीं हुई। मन बहुत ही प्रसन्न है।