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नाबालिग से बलात्कार के मामले में उम्रकैद जुर्माना
Updated Thu, 30 Nov 2017 11:31 PM IST
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अदालत ने सुनाई सजा
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- चार साल बाद पीड़िता को मिला इंसाफ
पीलीभीत। अपर सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार सिंह ने नाबालिग के साथ बलात्कार करने के आरोपी को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है।
थाना बीसलपुर में एक ग्रामीण द्वारा दर्ज कराई गई रिपोर्ट में कहा था कि छह फरवरी 2014 को दोपहर करीब 12 बजे उसकी 15 वर्षीय पुत्री खेत पर गई थी। काफी देर तक वापस न आने पर उसकी तलाश की गई। गांव के लोगों ने बताया कि उसकी पुत्री को बीसलपुर थाना क्षेत्र के गांव मलकपुर के जमुना प्रसाद द्वारा खींचते हुए गन्ने के खेत में ले जाते देखा है। इस पर उसने परिवार के लोगों के साथ खेत पर पहुंचकर बेटी की तलाश की। आरोप है कि आवाज सुनकर आरोपी जमुना प्रसाद बेटी को छोड़कर भाग गया। बेटी ने बताया था कि जमुना प्रसाद ने उसके मुंह में कपड़ा ठूंसकर बुरा काम किया। विवेचना के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। राज्य सरकार की ओर से पैरवी शासकीय अधिवक्ता काजी रिफाकत हुसैन फरहान ने की। मुकदमे की सुनवाई के बाद न्यायालय ने जमुना प्रसाद को दोषी पाते हुए उम्रकैद और 20 हजार जुर्माने की सजा सुनाई है।
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पीलीभीत। अपर सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार सिंह ने नाबालिग के साथ बलात्कार करने के आरोपी को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है।
थाना बीसलपुर में एक ग्रामीण द्वारा दर्ज कराई गई रिपोर्ट में कहा था कि छह फरवरी 2014 को दोपहर करीब 12 बजे उसकी 15 वर्षीय पुत्री खेत पर गई थी। काफी देर तक वापस न आने पर उसकी तलाश की गई। गांव के लोगों ने बताया कि उसकी पुत्री को बीसलपुर थाना क्षेत्र के गांव मलकपुर के जमुना प्रसाद द्वारा खींचते हुए गन्ने के खेत में ले जाते देखा है। इस पर उसने परिवार के लोगों के साथ खेत पर पहुंचकर बेटी की तलाश की। आरोप है कि आवाज सुनकर आरोपी जमुना प्रसाद बेटी को छोड़कर भाग गया। बेटी ने बताया था कि जमुना प्रसाद ने उसके मुंह में कपड़ा ठूंसकर बुरा काम किया। विवेचना के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। राज्य सरकार की ओर से पैरवी शासकीय अधिवक्ता काजी रिफाकत हुसैन फरहान ने की। मुकदमे की सुनवाई के बाद न्यायालय ने जमुना प्रसाद को दोषी पाते हुए उम्रकैद और 20 हजार जुर्माने की सजा सुनाई है।
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