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हत्या के मामले में पुलिस ने लगाई एफआर, सीओ ने लौटाई
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पीलीभीत। बुजुर्ग रामस्वरुप उर्फ केसरीलाल की हत्या के मामले में बरखेड़ा पुलिस की ओर से लगाई गई फाइनल रिपोर्ट सीओ बीसलपुर प्रवीण मलिक ने वापस कर दी है। सीओ ने थाना प्रभारी को हत्यारे का पता लगाकर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अब इस मामले की दुबारा विवेचना होगी।
बरखेड़ा थाना क्षेत्र के पतरसिया गांव निवासी 62 वर्षीय रामस्वरुप 23 दिसंबर 2018 की दोपहर एक बजे खेत पर जाने की बात कहकर घर से निकले थे। 25 दिसंबर 2018 को उनका शव मकान से एक किमी दूर खारजा में पड़ा मिला था। पोस्टमार्टम में गला दबाकर हत्या करने की पुष्टि हुई थी। 27 दिसंबर को बेटे गजेंद्र की ओर से हत्या की अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई। इस मामले की विवेचना चलती रही, लेकिन पुलिस हत्यारे तक पहुंचने में सफल नहीं हुई। यह कहना गलत नहीं होगा कि शुरुआत में परिवार वाले कार्रवाई को लेकर आगे नहीं आ रहे थे। बाद में पुलिस ने इस मामले में गंभीरता नहीं दिखाई। नतीजतन करीब तीन माह पूर्व पुलिस ने इस मामले में खुद की नाकामी को छिपाते हुए फाइनल रिपोर्ट लगाकर कर्तव्यों से इतिश्री कर ली। फाइनल रिपोर्ट सीओ बीसलपुर के यहां पहुंची। कई दिनों तक उस पर मंथन होता रहा। इसके बाद अब सीओ बीसलपुर ने दोबारा विवेचना करने के निर्देश दिए हैं। सीओ ने बताया कि फाइनल रिपोर्ट वापस कर दी गई है। बरखेड़ा इंस्पेक्टर को मामले की गहनता से पड़ताल करने के निर्देेश दिए गए हैं।
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बरखेड़ा थाना क्षेत्र के पतरसिया गांव निवासी 62 वर्षीय रामस्वरुप 23 दिसंबर 2018 की दोपहर एक बजे खेत पर जाने की बात कहकर घर से निकले थे। 25 दिसंबर 2018 को उनका शव मकान से एक किमी दूर खारजा में पड़ा मिला था। पोस्टमार्टम में गला दबाकर हत्या करने की पुष्टि हुई थी। 27 दिसंबर को बेटे गजेंद्र की ओर से हत्या की अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई। इस मामले की विवेचना चलती रही, लेकिन पुलिस हत्यारे तक पहुंचने में सफल नहीं हुई। यह कहना गलत नहीं होगा कि शुरुआत में परिवार वाले कार्रवाई को लेकर आगे नहीं आ रहे थे। बाद में पुलिस ने इस मामले में गंभीरता नहीं दिखाई। नतीजतन करीब तीन माह पूर्व पुलिस ने इस मामले में खुद की नाकामी को छिपाते हुए फाइनल रिपोर्ट लगाकर कर्तव्यों से इतिश्री कर ली। फाइनल रिपोर्ट सीओ बीसलपुर के यहां पहुंची। कई दिनों तक उस पर मंथन होता रहा। इसके बाद अब सीओ बीसलपुर ने दोबारा विवेचना करने के निर्देश दिए हैं। सीओ ने बताया कि फाइनल रिपोर्ट वापस कर दी गई है। बरखेड़ा इंस्पेक्टर को मामले की गहनता से पड़ताल करने के निर्देेश दिए गए हैं।
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