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कुत्तों के हमले से घायल हुआ चीतल
ब्यूरो, अमर उजाला पीलीभीत
Updated Fri, 01 May 2015 12:04 AM IST
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क्षेत्र के गांव पिपरिया संतोष में बृहस्पतिवार को सुबह एक चीतल पहुंच गया। यहां उसे कुछ कुत्तों ने घेरकर घायल कर दिया। कुत्तों के हमले से उसके पैरों में घाव हो गए। इस बीच गांव वालों ने उसे कुत्तों से बचाया और वनविभाग को सूचना दी। इस पर सामाजिक वानिकी के वनदरोग अयूब हसन टीम के साथ पहुंचे और घायल चीतल को कब्जे में लिया। वह उसे लेकर कस्बे के पशु चिकित्सालय पहुंचे लेकिन डॉक्टर के न मिलने पर उसे पूरनपुर ले जाकर इलाज कराया गया। इस दौरान प्रभागीय निदेशक आदर्श कुमार भी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से जानकारी ली। उन्होंने बताया चीतल का इलाज चल रहा है। एक दो दिन में ठीक होने पर उसे जंगल में छुड़वाया जाएगा।
वन्यजीवों पर बढ़ रहा खतरा
जंगल से बाहर आ रहे वन्यजीवों पर लगातार खतरा मंडरा रहा है। पिछले दिनों गजरौला क्षेत्र में नहर से हिरन के दो शव मिले थे। इसके बाद मंगलवार को बरेली मार्ग पर सड़क दुर्घटना में घायल हुए काले हिरन की इलाज के दौरान मौत हो गई। बुधवार को गजरौला क्षेत्र की हरदोई ब्रांच में हिरन का शव मिला। अब पिपरिया गांव में कुत्तों के हमले से चीतल घायल हो गया। वहीं एक सप्ताह पूर्व हरदोई ब्रांच नहर में बाघ का शव मिला था। इस तरह 20 दिन में हिरन प्रजाति के चार जीव और एक बाघ की मौत हो चुकी है जबकि एक चीतल घायल अवस्था में है।
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वन्यजीवों पर बढ़ रहा खतरा
जंगल से बाहर आ रहे वन्यजीवों पर लगातार खतरा मंडरा रहा है। पिछले दिनों गजरौला क्षेत्र में नहर से हिरन के दो शव मिले थे। इसके बाद मंगलवार को बरेली मार्ग पर सड़क दुर्घटना में घायल हुए काले हिरन की इलाज के दौरान मौत हो गई। बुधवार को गजरौला क्षेत्र की हरदोई ब्रांच में हिरन का शव मिला। अब पिपरिया गांव में कुत्तों के हमले से चीतल घायल हो गया। वहीं एक सप्ताह पूर्व हरदोई ब्रांच नहर में बाघ का शव मिला था। इस तरह 20 दिन में हिरन प्रजाति के चार जीव और एक बाघ की मौत हो चुकी है जबकि एक चीतल घायल अवस्था में है।
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