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जहानाबाद चेयरमैन के दोनों बेटों को नहीं मिली अग्रिम जमानत
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पीलीभीत। कपड़ा व्यापारी के बेटे को पुरानी रंजिश में बंधक बनाकर पीटने और लूट के मामले में नगर पंचायत चेयरमैन ममता गुप्ता के दोनों बेटे शिवा और शगुन को अदालत से अग्रिम जमानत नहीं मिल सकी। सत्र न्यायाधीश महताब अहमद ने सुनवाई के बाद जमानत को दिए गए प्रार्थना पत्र खारिज कर दिए। इस मामले में चेयरमैन पति दुर्गाचरन गुप्ता घटना के बाद ही गिरफ्तार कर जेल भेज दिए गए थे। उनकी जमानत भी खारिज हो चुकी है।
घटना दो जून की रात हुई थी। मोहल्ला काजीटोला निवासी कपड़ा व्यापारी धीरेंद्र गुप्ता ने चेयरमैन पति और उनके दोनों बेटों पर जानलेवा हमला करने और लूट की धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई थी। दुकानदार का आरोप था कि दुकान से घर आ रहे उनके बेटे प्रिंस को आरोपियों ने जबरन अपने घर ले जाकर बंधक बनाकर पीटा। उनसे मोबाइल-सोने की चेन भी लूट ली। हालांकि चेन-मोबाइल उसी दिन बरामद भी दिखाया गया था। दूसरे दिन तीन जून को चेयरमैन पति को इस मामले में जेल भेज दिया था। बीते दिनों पुलिस ने चेयरमैन के दोनों बेटों का गैर जमानती वारंट जारी कराया था। इसी के बाद चेयरमैन पुत्रों की ओर से अग्रिम जमानत के लिए प्रार्थना पत्र अदालत में प्रस्तुत किया गया था। सुनवाई करने के बाद सत्र न्यायाधीश ने उसे खारिज कर दिया।
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घटना दो जून की रात हुई थी। मोहल्ला काजीटोला निवासी कपड़ा व्यापारी धीरेंद्र गुप्ता ने चेयरमैन पति और उनके दोनों बेटों पर जानलेवा हमला करने और लूट की धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई थी। दुकानदार का आरोप था कि दुकान से घर आ रहे उनके बेटे प्रिंस को आरोपियों ने जबरन अपने घर ले जाकर बंधक बनाकर पीटा। उनसे मोबाइल-सोने की चेन भी लूट ली। हालांकि चेन-मोबाइल उसी दिन बरामद भी दिखाया गया था। दूसरे दिन तीन जून को चेयरमैन पति को इस मामले में जेल भेज दिया था। बीते दिनों पुलिस ने चेयरमैन के दोनों बेटों का गैर जमानती वारंट जारी कराया था। इसी के बाद चेयरमैन पुत्रों की ओर से अग्रिम जमानत के लिए प्रार्थना पत्र अदालत में प्रस्तुत किया गया था। सुनवाई करने के बाद सत्र न्यायाधीश ने उसे खारिज कर दिया।
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