{"_id":"122-67202","slug":"Pilibhit-67202-122","type":"story","status":"publish","title_hn":"दो बच्चे देवहा और दो युवक शारदा सागर में डूबे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दो बच्चे देवहा और दो युवक शारदा सागर में डूबे
Pilibhit
Updated Sun, 26 May 2013 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीलीभीत। भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए बीसलपुर के एक गांव में नदी और माधोटांडा स्थित शारदा नहर पर नहाने गए दो बच्चे और दो युवक डूब गए। बच्चे सगे भाई थे। उनके शव घर पहुंचने पर कोहराम मच गया। युवकों की तलाश के लिए तैराकों की प्रतीक्षा की जा रही है।
बीसलपुर। गर्मी में देवहा नदी में नहाने गए दो सगे भाइयों की नदी में डूबकर मौत हो गई। इनमें से एक गांव के ही स्कूल में कक्षा चार और एक पांचवीं का छात्र था। घटना कोतवाली क्षेत्र के गांव कड़ैला में शनिवार की दोपहर करीब बारह बजे हुई। यहां रहने वाले लालता प्रसाद कश्यप के तीन पुत्र उमाचरन (8), नरेश (10) और जमुना प्रसाद (12) शनिवार को दोपहर लगभग 12 बजे गांव के पश्चिम में बह रही देवहा नदी में नहाने गए थे। नहाते समय उमाचरन और नरेश पैर फिसल जाने से नदी में डूब गए। जमुना प्रसाद भाइयों को बचाने के प्रयास में डूबते-डूबते बचा। उसने घर आकर परिवार वालों को सूचना दी। ग्रामीणों को काफी देर की तलाश के बाद दोनों बच्चों के शव मिल पाए।
माधोटांडा। भीषण गर्मी से राहत पाने की ख्वाहिश लेकर शारदा सागर डैम पर नहाने गए दो युवक डूब गए। पूरनपुर के मोहल्ला कायस्थान निवासी 28 वर्षीय विकास जायसवाल, 27 वर्षीय नितिन सक्सेना, राहुल जायसवाल, चित्रांश, श्लोक और ऋषभ शनिवार की दोपहर करीब एक बजे शारदा सागर डैम पहुंचे। बकौल राहुल स्नान और भोजन के बाद विकास और नितिन शारदा सागर फीडर की रेलिंग पर बैठे थे। अचानक विकास पानी में जा गिरा। उसे बचाने के लिए नितिन भी पानी में कूद गया। बाकी साथी कुछ दूरी पर थे। दोनों साथियों को नहर में गोते खाते देख उनके साथी नजदीक में मौजूद एसएसबी कैंप पहुंचे। मौके पर कोई तैराक नहीं था। कुछ ही देर में दोनों युवक आंखों से ओझल हो गए। सूचना मिलने पर युवकों के परिवार वाले भी पहुंच गए। एसओ सत्येंद्र कुमार ने नहर का पानी बंद करवा दिया। उन्होंने बताया कि तैराकों को बुलाया गया है। खबर लिखे जाने तक तैराक नहीं पहुंचे थे।
विज्ञापन
जिसने सुना वही रह गया दंग
पूरनपुर। युवकों के नहर में डूबने की सूचना पर उनके परिवार वालों में कोहराम मच गया है। जिसने भी सुना उसे एक बारगी विश्वास नहीं हुआ। तमाम लोग घटना स्थल को रवाना हो गए हैं। मोहल्ले में जगह-जगह लोग युवकों के व्यवहार और उनकी दोस्ती की चर्चा कर रहे थे।
शारदा सागर फीडर की नहर मेें डूबने वाले दोनों युवक नगर के मोहल्ला कायस्थान और जायसवाल कॉलोनी के रहने वाले थे। साथ-साथ पढ़े नितिन और विकास में घनिष्ठ मित्रता थी। हालांकि नितिन सक्सेना बीएससी की पढ़ाई पूरी करने के बाद बरेली में प्राइवेट नौकरी कर रहा है, जबकि विकास जायसवाल गाजियाबाद में शराब कंपनी का सेल्समैन है। दोनोें मित्र अपने अन्य मित्रों के साथ पिकनिक मनाने गए थे। नितिन सक्सेना के पिता राजेश सक्सेना की करीब दो साल पहले मौत हो चुकी है। उसके परिवार में मां शशि वाला के अलावा छोटा भाई अंकुर सक्सेना है। अंकुर गांव अभयपुर शाहगढ़ में खाद की दुकान करता है। बहन रंजना की शादी हो चुकी है। जबकि वंदना अभयपुर शाहगढ़ में शिक्षा मित्र है। उधर, विकास जायसवाल के परिवार मेें पिता गंगाराम गाजियाबाद में शराब की दुकान पर मैनेजर है। उनका छोटा भाई राहुल सीए कर रहा है। बहन सोनी की शादी हो चुकी है। विकास की शादी कुछ साल पहले सीतापुर के नौगवां की नीतू से हुई थी। उसके एक पुत्री है। इधर दोनों युवकों के डूबने की सूचना पूरे मोहल्ले में आग की तरह फैल गई। लोग की भीड़ उनके घरों पर इकट्ठा होने लगी। मोहल्ले में जगह-जगह एकत्र लोग विकास और नितिन के स्वभाव की चर्चा कर रहे थे।
00
खुशी के माहौल में मचा कोहराम
शारदा सागर डैम में डूबे विकास जायसवाल की पुत्री के मुंडन संस्कार को लेकर कल उसके घर दुर्गा जागरण था। घर में तमाम मेहमान भी थे। घर खुशी का माहौल था। विकास के डूबने की सूचना से खुशियां पल भर में काफूर हो गई। जिस घर में लोग हंसी खुशी कार्यक्रम की तैयारियां कर रहे थे। उस घर में पल भर में ही कोहराम मच गया।
00
मां अभी आया, यहीं तक जा रहा हूं
नितिन की मां शशिवाला बताती हैं कि विकास दोपहर को नितिन को बुलाने आया था। जाते समय पूछने पर नितिन तो नहीं बोले पर विकास ने कहा कि मां यहीं तक जा रहा हूं। अभी आ जाऊंगा। तुम चिंता मत करना।
दो बच्चों की मौत से कड़ैला में मातम
बीसलपुर। देवहा नदी में डूबकर जान गंवाने वाले दो मासूम बच्चों के शव घर आए तो कोहराम मच गया। गांव कड़ैला में लालता प्रसाद के आठ साल के बेटे उमाचरन, दस साल के नरेश की मौत के बाद सन्नाटा पसरा हुआ है।
देवहा में नहाने के दौरान दोनों की डूबने से मौत हो गई। इनका बड़ा भाई जमुना प्रसाद भाइयों को बचाने के प्रयास में डूबते-डूबते बचा। बड़ी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने नदी से शव निकाले। शव आते ही घर में कोहराम मच गया। लालता प्रसाद की पत्नी शांति देवी का रो-रो कर बुरा हाल है। सूचना मिलने पर उनके अधिकांश रिश्तेदार भी पहुंच गए थे। शाम को गमगीन वातावरण में शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया, जिसमें कड़ैला के अलावा आस पास के गांवों के भी तमाम लोगों ने भाग लिया। इस घटना से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। शोक में गांव की सभी दुकानें भी बंद रहीं। दोनों भाई गांव के ही प्राथमिक विद्यालय में कक्षा चार और कक्षा पांच के छात्र थे। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई थी, लेकिन तब तक शवों का अंतिम संस्कार हो चुका था।
विज्ञापन
बीसलपुर। गर्मी में देवहा नदी में नहाने गए दो सगे भाइयों की नदी में डूबकर मौत हो गई। इनमें से एक गांव के ही स्कूल में कक्षा चार और एक पांचवीं का छात्र था। घटना कोतवाली क्षेत्र के गांव कड़ैला में शनिवार की दोपहर करीब बारह बजे हुई। यहां रहने वाले लालता प्रसाद कश्यप के तीन पुत्र उमाचरन (8), नरेश (10) और जमुना प्रसाद (12) शनिवार को दोपहर लगभग 12 बजे गांव के पश्चिम में बह रही देवहा नदी में नहाने गए थे। नहाते समय उमाचरन और नरेश पैर फिसल जाने से नदी में डूब गए। जमुना प्रसाद भाइयों को बचाने के प्रयास में डूबते-डूबते बचा। उसने घर आकर परिवार वालों को सूचना दी। ग्रामीणों को काफी देर की तलाश के बाद दोनों बच्चों के शव मिल पाए।
विज्ञापन
माधोटांडा। भीषण गर्मी से राहत पाने की ख्वाहिश लेकर शारदा सागर डैम पर नहाने गए दो युवक डूब गए। पूरनपुर के मोहल्ला कायस्थान निवासी 28 वर्षीय विकास जायसवाल, 27 वर्षीय नितिन सक्सेना, राहुल जायसवाल, चित्रांश, श्लोक और ऋषभ शनिवार की दोपहर करीब एक बजे शारदा सागर डैम पहुंचे। बकौल राहुल स्नान और भोजन के बाद विकास और नितिन शारदा सागर फीडर की रेलिंग पर बैठे थे। अचानक विकास पानी में जा गिरा। उसे बचाने के लिए नितिन भी पानी में कूद गया। बाकी साथी कुछ दूरी पर थे। दोनों साथियों को नहर में गोते खाते देख उनके साथी नजदीक में मौजूद एसएसबी कैंप पहुंचे। मौके पर कोई तैराक नहीं था। कुछ ही देर में दोनों युवक आंखों से ओझल हो गए। सूचना मिलने पर युवकों के परिवार वाले भी पहुंच गए। एसओ सत्येंद्र कुमार ने नहर का पानी बंद करवा दिया। उन्होंने बताया कि तैराकों को बुलाया गया है। खबर लिखे जाने तक तैराक नहीं पहुंचे थे।
विज्ञापन
जिसने सुना वही रह गया दंग
पूरनपुर। युवकों के नहर में डूबने की सूचना पर उनके परिवार वालों में कोहराम मच गया है। जिसने भी सुना उसे एक बारगी विश्वास नहीं हुआ। तमाम लोग घटना स्थल को रवाना हो गए हैं। मोहल्ले में जगह-जगह लोग युवकों के व्यवहार और उनकी दोस्ती की चर्चा कर रहे थे।
शारदा सागर फीडर की नहर मेें डूबने वाले दोनों युवक नगर के मोहल्ला कायस्थान और जायसवाल कॉलोनी के रहने वाले थे। साथ-साथ पढ़े नितिन और विकास में घनिष्ठ मित्रता थी। हालांकि नितिन सक्सेना बीएससी की पढ़ाई पूरी करने के बाद बरेली में प्राइवेट नौकरी कर रहा है, जबकि विकास जायसवाल गाजियाबाद में शराब कंपनी का सेल्समैन है। दोनोें मित्र अपने अन्य मित्रों के साथ पिकनिक मनाने गए थे। नितिन सक्सेना के पिता राजेश सक्सेना की करीब दो साल पहले मौत हो चुकी है। उसके परिवार में मां शशि वाला के अलावा छोटा भाई अंकुर सक्सेना है। अंकुर गांव अभयपुर शाहगढ़ में खाद की दुकान करता है। बहन रंजना की शादी हो चुकी है। जबकि वंदना अभयपुर शाहगढ़ में शिक्षा मित्र है। उधर, विकास जायसवाल के परिवार मेें पिता गंगाराम गाजियाबाद में शराब की दुकान पर मैनेजर है। उनका छोटा भाई राहुल सीए कर रहा है। बहन सोनी की शादी हो चुकी है। विकास की शादी कुछ साल पहले सीतापुर के नौगवां की नीतू से हुई थी। उसके एक पुत्री है। इधर दोनों युवकों के डूबने की सूचना पूरे मोहल्ले में आग की तरह फैल गई। लोग की भीड़ उनके घरों पर इकट्ठा होने लगी। मोहल्ले में जगह-जगह एकत्र लोग विकास और नितिन के स्वभाव की चर्चा कर रहे थे।
00
खुशी के माहौल में मचा कोहराम
शारदा सागर डैम में डूबे विकास जायसवाल की पुत्री के मुंडन संस्कार को लेकर कल उसके घर दुर्गा जागरण था। घर में तमाम मेहमान भी थे। घर खुशी का माहौल था। विकास के डूबने की सूचना से खुशियां पल भर में काफूर हो गई। जिस घर में लोग हंसी खुशी कार्यक्रम की तैयारियां कर रहे थे। उस घर में पल भर में ही कोहराम मच गया।
00
मां अभी आया, यहीं तक जा रहा हूं
नितिन की मां शशिवाला बताती हैं कि विकास दोपहर को नितिन को बुलाने आया था। जाते समय पूछने पर नितिन तो नहीं बोले पर विकास ने कहा कि मां यहीं तक जा रहा हूं। अभी आ जाऊंगा। तुम चिंता मत करना।
दो बच्चों की मौत से कड़ैला में मातम
बीसलपुर। देवहा नदी में डूबकर जान गंवाने वाले दो मासूम बच्चों के शव घर आए तो कोहराम मच गया। गांव कड़ैला में लालता प्रसाद के आठ साल के बेटे उमाचरन, दस साल के नरेश की मौत के बाद सन्नाटा पसरा हुआ है।
देवहा में नहाने के दौरान दोनों की डूबने से मौत हो गई। इनका बड़ा भाई जमुना प्रसाद भाइयों को बचाने के प्रयास में डूबते-डूबते बचा। बड़ी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने नदी से शव निकाले। शव आते ही घर में कोहराम मच गया। लालता प्रसाद की पत्नी शांति देवी का रो-रो कर बुरा हाल है। सूचना मिलने पर उनके अधिकांश रिश्तेदार भी पहुंच गए थे। शाम को गमगीन वातावरण में शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया, जिसमें कड़ैला के अलावा आस पास के गांवों के भी तमाम लोगों ने भाग लिया। इस घटना से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। शोक में गांव की सभी दुकानें भी बंद रहीं। दोनों भाई गांव के ही प्राथमिक विद्यालय में कक्षा चार और कक्षा पांच के छात्र थे। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई थी, लेकिन तब तक शवों का अंतिम संस्कार हो चुका था।