{"_id":"59f0c9d34f1c1bf3538b93ef","slug":"81508952531-pilibhit-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"ढाकी गांव एवं पसौली नदी किनारे मिले बाघ के पदचिन्ह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ढाकी गांव एवं पसौली नदी किनारे मिले बाघ के पदचिन्ह
पीलीभीत
Updated Wed, 25 Oct 2017 11:44 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमरिया क्षेत्र में जंगल से बाहर घूम रहे बाघों के पगचिह्न उनकी मौजूदगी का सबूत दे रहे हैं। बुधवार सुबह ड्यिूनीडाम से उत्तराखंड के बार्डर के गांव ढाकी में बाघ के पगचिह्न मिले। वहीं, अमरिया के निकट पसौली नदी पर भी पगचिह्न देखे गए।
सामाजिक वानिकी के डीएफओ आदर्श कुमार ने बताया कि विभागीय निगरानी टीम ने बुधवार को सुबह क्षेत्र का भ्रमण कर बाघ की लोकेशन ट्रेस करने का प्रयास किया। इस दौरान ग्राम चंदोई, बेहरी, हिमकरपुर, नावकूड, सुस्वार, अंडरायन, जगदीशपुर, भिखारीपुर, नगरिया कॉलोनी और आसपास खेतों में कहीं भी बाघ के पगचिह्न नहीं मिले लेकिन अमरिया क्षेत्र के ड्यूनीडाम के निकट बाघ के उत्तरखंड की ओर जाने के निशान मिले हैं। ड्यूनीडाम के अलावा अमरिया क्षेत्र की ही पंसौली नदी के किनारे भी सुबह बाघ के पगचिह्न ट्रेस किए गए। डीएफओ ने बताया कि निगरानी टीमें क्षेत्र में भ्रमण के दौरान ग्रामीणों के साथ बैठकें कर उन्हें सतर्क कर रही हैं।
विज्ञापन
सामाजिक वानिकी के डीएफओ आदर्श कुमार ने बताया कि विभागीय निगरानी टीम ने बुधवार को सुबह क्षेत्र का भ्रमण कर बाघ की लोकेशन ट्रेस करने का प्रयास किया। इस दौरान ग्राम चंदोई, बेहरी, हिमकरपुर, नावकूड, सुस्वार, अंडरायन, जगदीशपुर, भिखारीपुर, नगरिया कॉलोनी और आसपास खेतों में कहीं भी बाघ के पगचिह्न नहीं मिले लेकिन अमरिया क्षेत्र के ड्यूनीडाम के निकट बाघ के उत्तरखंड की ओर जाने के निशान मिले हैं। ड्यूनीडाम के अलावा अमरिया क्षेत्र की ही पंसौली नदी के किनारे भी सुबह बाघ के पगचिह्न ट्रेस किए गए। डीएफओ ने बताया कि निगरानी टीमें क्षेत्र में भ्रमण के दौरान ग्रामीणों के साथ बैठकें कर उन्हें सतर्क कर रही हैं।
विज्ञापन