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कुत्तों के झुंड ने हिरन को नोचकर मार डाला
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मृत पड़ा चीतल
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चुर्रासकतपुर/पीलीभीत। गर्मी के चलते जंगल से बाहर आ रहे वन्यजीव छिपने की जगह न मिलने से आवारा कुत्तों के हमले का शिकार हो रहे हैं। सोमवार को जंगल से बाहर निकलकर आया एक हिरन चुर्रासकतपुर गांव के अंतर्गत महादेवा क्षेत्र की सीमा में पहुंच गया। यहां आवारा घूम रहे कुत्तों के झुंड ने हिरन पर हमला बोल दिया। मार्ग से गुजर रहे राहगीरों ने प्रयास कर बमुश्किल हिरन को कुत्तों के चुंगल से छुड़ाया। हिरन की स्थिति गंभीर देख ग्रामीणों ने सूचना वन विभाग को दी। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना के करीब चार घंटे बाद वनकर्मी मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक हिरन की मौत हो गई। वन विभाग की इस कार्यप्रणाली के बाद ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया।
वन और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए भले ही अफसर संजीदा होने का दावा कर रहे हो लेकिन धरातल पर हकीकत कुछ और ही है। इन दिनों गर्मी की तपन बढ़ रही है। पानी की तलाश में तृणभोजी वन्यजीव जंगल से बाहर अधिक रुख कर रहे है। वहीं वर्तमान में गन्ने की फसल कट जाने से उनके छिपने के लिए स्थान नहीं मिल पा रहा है। जिसके चलते वन्यजीव भटक कर आबादी के निकट तक पहुंच रहे है। वहीं उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाल रहे जिम्मेदार अपने कर्तव्यों की इतिश्री करने में जुटे है। यही वजह है कि पिछले तीन दिनों में हिरन प्रजाति के तीन वन्यजीव कुत्तों का निवाला व दो अन्य अज्ञात वाहन की चपेट में आ गए। वन दरोगा राधे श्याम ने बताया कि सूचना के कुछ देर बाद मौके पर टीम पहुंच गई थी, लेकिन तब तक हिरन की मौत हो चुकी थी। उसको पोस्टमार्टम के लिए बीसलपुर भेजा गया है।
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वन और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए भले ही अफसर संजीदा होने का दावा कर रहे हो लेकिन धरातल पर हकीकत कुछ और ही है। इन दिनों गर्मी की तपन बढ़ रही है। पानी की तलाश में तृणभोजी वन्यजीव जंगल से बाहर अधिक रुख कर रहे है। वहीं वर्तमान में गन्ने की फसल कट जाने से उनके छिपने के लिए स्थान नहीं मिल पा रहा है। जिसके चलते वन्यजीव भटक कर आबादी के निकट तक पहुंच रहे है। वहीं उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाल रहे जिम्मेदार अपने कर्तव्यों की इतिश्री करने में जुटे है। यही वजह है कि पिछले तीन दिनों में हिरन प्रजाति के तीन वन्यजीव कुत्तों का निवाला व दो अन्य अज्ञात वाहन की चपेट में आ गए। वन दरोगा राधे श्याम ने बताया कि सूचना के कुछ देर बाद मौके पर टीम पहुंच गई थी, लेकिन तब तक हिरन की मौत हो चुकी थी। उसको पोस्टमार्टम के लिए बीसलपुर भेजा गया है।
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