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गंदे पानी में घुसकर स्कूल पहुंचने को मजबूर बच्चे, शिक्षक
Updated Tue, 18 Sep 2018 12:07 AM IST
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17 पीबीटीपी 16
गंदे पानी में घुसकर स्कूल पहुंचने को मजबूर बच्चे, शिक्षक
अभिभावकों ने डीएम को पत्र भेज की समस्या समाधान की मांग की
अमर उजाला ब्यूरो
अमरैयाकलां (पीलीभीत)। ग्राम पंचायत तकिया दीनारपुर के मझरा सुखदासपुर के प्राथमिक स्कूल में जलभराव होने से स्कूल पहुंचने वाले बच्चों और शिक्षकों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। जलभराव से संक्रामक रोग फैलने की आशंका पर अभिभावकों में रोष है।
बेसिक शिक्षा की दशा सुधारने को सरकार भारी रकम खर्च कर रही है। पूरनपुर-कलीनगर मार्ग के समीप स्थित गांव में स्कूल तक खड़ंजा तक नहीं लगा है। स्कूल परिसर निचला होने से स्कूल में पिछले कई दिनों से बरसाती पानी भरा हुआ है। इससे बच्चों और शिक्षकों को गंदे पानी में घुसकर निकलना पड़ता है। अभिभावक बताते है कि स्कूल तक मार्ग बनवाने, स्कूल में मिट्टी का भराव कराने की मांग क्षेत्रीय विधायक से भी की गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। अब ग्रामीणों ने डीएम को पत्र भेजकर समस्या का समाधान कराने की मांग की है। स्कूल की इंचार्ज शिक्षिका शिखा ने बताया कि समस्या को लेकर विभागीय अफसरों को जानकारी दी गई, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ। प्रधान सुमित्रा देवी ने बताया कि स्कूल तक खड़ंजा लगवाने का प्रस्ताव कार्य योजना में शामिल है। बजट आते ही खड़ंजा डलवा दिया जाएगा और स्कूल परिसर में मिट्टी का भराव करवाया जाएगा। उन्होंने बताया कि गांव में बिजली सप्लाई न होने को लेकर एसडीओ बिजली को पत्र लिखा गया है।
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वर्जन
स्कूल में जलभराव की जानकारी नहीं है। पता करा जाएगा। यदि विद्यालय में जलभराव की स्थिति है तो जल्द ही व्यवस्था दुरुस्त कराई जाएगी।
- लक्ष्मी नारायन, खंड शिक्षा अधिकारी
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ग्राम निधि में ग्राम प्रधानों को स्कूलों में कार्य कराने का अधिकार है। इससे वे मरम्मत कार्य समेत मिट्टी भराव आदि कार्य भी करवा सकते हैं।
- सतीश पांडे, खंड विकास अधिकारी
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विद्यालय प्रांगण में जलभराव की समस्या अभी तक मेरे संज्ञान में नहीं आई है। अब उसकी जानकारी हो गई है। मंगलवार को ही तहसील के अधिकारियों को मौके पर भेज कर भरा पानी निकलवाने की व्यवस्था करा दी जाएगी। इसके बाद वहां दवा का भी छिड़काव कराया जाएगा। जिससे किसी तरह की कोई बीमारी न फैलने पाए। - डॉ. अखिलेश मिश्र, जिलाधिकारी पीलीभीत
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गंदे पानी में घुसकर स्कूल पहुंचने को मजबूर बच्चे, शिक्षक
अभिभावकों ने डीएम को पत्र भेज की समस्या समाधान की मांग की
अमर उजाला ब्यूरो
अमरैयाकलां (पीलीभीत)। ग्राम पंचायत तकिया दीनारपुर के मझरा सुखदासपुर के प्राथमिक स्कूल में जलभराव होने से स्कूल पहुंचने वाले बच्चों और शिक्षकों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। जलभराव से संक्रामक रोग फैलने की आशंका पर अभिभावकों में रोष है।
बेसिक शिक्षा की दशा सुधारने को सरकार भारी रकम खर्च कर रही है। पूरनपुर-कलीनगर मार्ग के समीप स्थित गांव में स्कूल तक खड़ंजा तक नहीं लगा है। स्कूल परिसर निचला होने से स्कूल में पिछले कई दिनों से बरसाती पानी भरा हुआ है। इससे बच्चों और शिक्षकों को गंदे पानी में घुसकर निकलना पड़ता है। अभिभावक बताते है कि स्कूल तक मार्ग बनवाने, स्कूल में मिट्टी का भराव कराने की मांग क्षेत्रीय विधायक से भी की गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। अब ग्रामीणों ने डीएम को पत्र भेजकर समस्या का समाधान कराने की मांग की है। स्कूल की इंचार्ज शिक्षिका शिखा ने बताया कि समस्या को लेकर विभागीय अफसरों को जानकारी दी गई, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ। प्रधान सुमित्रा देवी ने बताया कि स्कूल तक खड़ंजा लगवाने का प्रस्ताव कार्य योजना में शामिल है। बजट आते ही खड़ंजा डलवा दिया जाएगा और स्कूल परिसर में मिट्टी का भराव करवाया जाएगा। उन्होंने बताया कि गांव में बिजली सप्लाई न होने को लेकर एसडीओ बिजली को पत्र लिखा गया है।
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स्कूल में जलभराव की जानकारी नहीं है। पता करा जाएगा। यदि विद्यालय में जलभराव की स्थिति है तो जल्द ही व्यवस्था दुरुस्त कराई जाएगी।
- लक्ष्मी नारायन, खंड शिक्षा अधिकारी
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ग्राम निधि में ग्राम प्रधानों को स्कूलों में कार्य कराने का अधिकार है। इससे वे मरम्मत कार्य समेत मिट्टी भराव आदि कार्य भी करवा सकते हैं।
- सतीश पांडे, खंड विकास अधिकारी
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विद्यालय प्रांगण में जलभराव की समस्या अभी तक मेरे संज्ञान में नहीं आई है। अब उसकी जानकारी हो गई है। मंगलवार को ही तहसील के अधिकारियों को मौके पर भेज कर भरा पानी निकलवाने की व्यवस्था करा दी जाएगी। इसके बाद वहां दवा का भी छिड़काव कराया जाएगा। जिससे किसी तरह की कोई बीमारी न फैलने पाए। - डॉ. अखिलेश मिश्र, जिलाधिकारी पीलीभीत
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