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किसान आंदोलन के उग्र होने की आशंका
Noida
Updated Sat, 30 Mar 2013 05:30 AM IST
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ग्रेटर नोएडा। खुफिया तंत्र ने अंसल प्रभावित आठ गांवों के किसानों काआंदोलन उग्र होने की आशंका जाहिर करते हुए अपनी रिपोर्ट शासन को भेजी है। एसपी देहात ब्रजेश कुमार का कहना है कि ऐसी जानकारी पुलिस को भी मिल रही है। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी किसानों से लगातार संपर्क बनाए हुए हैं। एहतियात के तौर पर बिल्डर की साइट पर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
बता दें कि भोगपुर गांव में अंसल प्रतिरोध किसान मंच के नेतृत्व में कैमराला, चक्रसैनपुर, मडैया, बील, दतावली, रामगढ़ और बोड़ाकी गांव के किसान 34 दिनों से धरने पर बैठे हैं। उपजिलाधिकारी दादरी राजेश यादव और पुलिस क्षेत्राधिकारी अरविंद कुमार ने किसानों को जिलाधिकारी की मध्यस्थता में बिल्डर से वार्ता कराने का आश्वासन दिया था लेकिन बातचीत नहीं हो पाई है। किसान कई बार बिल्डर की साइट पर काम बंद करा चुके हैं। किसानों के बढ़ते आक्रोश को देखते हुए एलआईयू (लोकल इंवेस्टीगेशन यूनिट) लगातार आंदोलनरत किसानों के उग्र होने की आशंका जाहिर करते हुए शासन और जिला प्रशासन को अपनी रिपोर्ट पेश कर चुका है। उधर, किसान नेता विजयपाल भाटी का कहना है कि जब तक किसानों को बढ़ा हुआ 64 प्रतिशत मुआवजा, 10 प्रतिशत प्लाट और भूमिहीनों को प्लॉट नहीं दिया जाएगा, आंदोलन जारी रहेगा।
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बता दें कि भोगपुर गांव में अंसल प्रतिरोध किसान मंच के नेतृत्व में कैमराला, चक्रसैनपुर, मडैया, बील, दतावली, रामगढ़ और बोड़ाकी गांव के किसान 34 दिनों से धरने पर बैठे हैं। उपजिलाधिकारी दादरी राजेश यादव और पुलिस क्षेत्राधिकारी अरविंद कुमार ने किसानों को जिलाधिकारी की मध्यस्थता में बिल्डर से वार्ता कराने का आश्वासन दिया था लेकिन बातचीत नहीं हो पाई है। किसान कई बार बिल्डर की साइट पर काम बंद करा चुके हैं। किसानों के बढ़ते आक्रोश को देखते हुए एलआईयू (लोकल इंवेस्टीगेशन यूनिट) लगातार आंदोलनरत किसानों के उग्र होने की आशंका जाहिर करते हुए शासन और जिला प्रशासन को अपनी रिपोर्ट पेश कर चुका है। उधर, किसान नेता विजयपाल भाटी का कहना है कि जब तक किसानों को बढ़ा हुआ 64 प्रतिशत मुआवजा, 10 प्रतिशत प्लाट और भूमिहीनों को प्लॉट नहीं दिया जाएगा, आंदोलन जारी रहेगा।
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