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अदालत में पेश हुए केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान
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अदालत में पेश हुए केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान
मुजफ्फरनगर। कवाल कांड को लेकर नंगला मंदौड़ में हुई पंचायत में भड़काऊ भाषण देने के मामले में बृहस्पतिवार को केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान कोर्ट में पेश हुए। गन्ना मंत्री सुरेश राणा, विधायक उमेश मलिक आदि की ओर से हाजिरी माफी के प्रार्थना पत्र दाखिल किए गए। अदालत ने तीन अप्रैल की तारीख लगाई है।
जनपद में साढ़े छह साल पहले जानसठ कोतवाली क्षेत्र के गांव कवाल में उपद्रव हुआ था। कवाल कांड को लेकर 31 अगस्त 2013 को नंगला मंदौड़ में पंचायत हुई थी। जिले में दंगा भड़कने के बाद सपा सरकार के आदेश पर पुलिस की ओर से पंचायत में शामिल नेताओं पर मुकदमे दर्ज कराए गए थे। इसी मुकदमे की तारीख होने पर बृहस्पतिवार को केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान यहां एडीजे-4 कोर्ट में पेश हुए। उनके साथ पूर्व ब्लाक प्रमुख वीरेंद्र सिंह, श्यामपाल चेयरमैन, जयप्रकाश शास्त्री भी कोर्ट में पेश हुए। इस मुकदमे में शामिल गन्ना मंत्री सुरेश राणा, विधायक उमेश मलिक, पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह आदि पेश नहीं हुए। उनकी ओर से अधिवक्ताओं ने हाजिरी माफी के प्रार्थनापत्र दिए। एडीजीसी सुभाष सैनी ने बताया कि अदालत ने इस मामले में तीन अप्रैल की तारीख लगाई है।
झूठा दर्ज कराया गया मुकदमा : बालियान
मुजफ्फरनगर। केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान ने कहा कि सपा सरकार ने भड़काऊ भाषण देने का झूठा मुकदमा दर्ज कराया था, क्योंकि उस दिन बारिश भी हो रही थी, पंचायत में माइक भी नहीं लगाया था तथा कोई भड़काऊ भाषण नहीं दिया था। कहा कि योगी सरकार दंगे के झूठे मुकदमे वापस लेने की कार्रवाई कर रही है।
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मुजफ्फरनगर। कवाल कांड को लेकर नंगला मंदौड़ में हुई पंचायत में भड़काऊ भाषण देने के मामले में बृहस्पतिवार को केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान कोर्ट में पेश हुए। गन्ना मंत्री सुरेश राणा, विधायक उमेश मलिक आदि की ओर से हाजिरी माफी के प्रार्थना पत्र दाखिल किए गए। अदालत ने तीन अप्रैल की तारीख लगाई है।
जनपद में साढ़े छह साल पहले जानसठ कोतवाली क्षेत्र के गांव कवाल में उपद्रव हुआ था। कवाल कांड को लेकर 31 अगस्त 2013 को नंगला मंदौड़ में पंचायत हुई थी। जिले में दंगा भड़कने के बाद सपा सरकार के आदेश पर पुलिस की ओर से पंचायत में शामिल नेताओं पर मुकदमे दर्ज कराए गए थे। इसी मुकदमे की तारीख होने पर बृहस्पतिवार को केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान यहां एडीजे-4 कोर्ट में पेश हुए। उनके साथ पूर्व ब्लाक प्रमुख वीरेंद्र सिंह, श्यामपाल चेयरमैन, जयप्रकाश शास्त्री भी कोर्ट में पेश हुए। इस मुकदमे में शामिल गन्ना मंत्री सुरेश राणा, विधायक उमेश मलिक, पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह आदि पेश नहीं हुए। उनकी ओर से अधिवक्ताओं ने हाजिरी माफी के प्रार्थनापत्र दिए। एडीजीसी सुभाष सैनी ने बताया कि अदालत ने इस मामले में तीन अप्रैल की तारीख लगाई है।
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झूठा दर्ज कराया गया मुकदमा : बालियान
मुजफ्फरनगर। केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान ने कहा कि सपा सरकार ने भड़काऊ भाषण देने का झूठा मुकदमा दर्ज कराया था, क्योंकि उस दिन बारिश भी हो रही थी, पंचायत में माइक भी नहीं लगाया था तथा कोई भड़काऊ भाषण नहीं दिया था। कहा कि योगी सरकार दंगे के झूठे मुकदमे वापस लेने की कार्रवाई कर रही है।
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