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कोरोना का खौफ: जनता ने खुद ही कर लिया लॉक डाउन
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नगर में लॉकडाउन के बाद सूना हुआ रोडवेज बस स्टैंड के सामने का बाजार।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
अघोषित कर्फ्यू जैसे हालात, सड़कें रही सुनसान
मुजफ्फरनगर। मंगलवार को शहर के लोगों ने प्रशासन की मदद से खुद ही लॉकडाउन कर दिया। मुख्य बाजारों सहित गली-मौहल्ले की दुकानें भी बंद रही। साप्ताहिक बंदी के कारण 90 प्रतिशत लोगों ने कोरोना वायरस के चलते दुकानें खुद ही नहीं खोली, दस प्रतिशत की दुकानें प्रशासन ने बंद करा दी। इस कारण पूरे शहर में बिना घोषणा के लॉकडाउन हो गया।
मंगलवार को शहर में साप्ताहिक बंदी का दिन था। बंदी के चलते और कोरोना वायरस के खौफ के कारण 90 प्रतिशत व्यापारी स्वयं ही अपने प्रतिठान पर नहीं पहुंचे। प्रशासन ने जब सुबह देखा कि आम जनता और व्यापारियों का भरपूर सहयोग मिल रहा है, तो सरकार की घोषणा के बिना ही यहां लॉकडाउन कर दिया गया। जन हित में प्रशासन ने खुली हुई दस प्रतिशत दुकानों को भी बंद करा दिया। मीनाक्षी चौक से लेकर खालापार तक एक भी दुकान नहीं खोली गई। भगत सिंह रोड, शिवचौक, एसडी मार्केट, रुड़की रोड पर अघोषित कर्फ्यू जैसे हालात हैं। सब्जी मंडी की कुछ दुकानें आम जनता के लिए खुली रखी गई, जिससे लोगों को सब्जी, फल, राशन, दूध को लेकर दिक्कत न हो। एडीएम प्रशासन अमित सिंह ने बताया कि शहर की जनता और व्यापारियों ने कोरोना जैसी महामारी को देखते हुए स्वयं ही बाजार बंद किए हैं। प्रशासन और पुलिस ने केवल व्यापारियों का सहयोग किया है। यह खुशी की बात है कि यहां के लोग इतने जागरूक है कि उन्होंने सरकार की घोषणा से पहले ही लॉकडाउन कर दिया।
रेलवे स्टेशन, बस अड्डे सुनसान
मुजफ्फरनगर। कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते मंगलवार को रेलवे स्टेशन पर कोई भी ट्रेन नहीं आई। शहर के रोडवेज और प्राइवेट बस अड्डे भी पूरी तरह सुनसान रहे। लोग मजबूरी में ही अपने घर से बाहर निकल रहे हैं।
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मुजफ्फरनगर। मंगलवार को शहर के लोगों ने प्रशासन की मदद से खुद ही लॉकडाउन कर दिया। मुख्य बाजारों सहित गली-मौहल्ले की दुकानें भी बंद रही। साप्ताहिक बंदी के कारण 90 प्रतिशत लोगों ने कोरोना वायरस के चलते दुकानें खुद ही नहीं खोली, दस प्रतिशत की दुकानें प्रशासन ने बंद करा दी। इस कारण पूरे शहर में बिना घोषणा के लॉकडाउन हो गया।
मंगलवार को शहर में साप्ताहिक बंदी का दिन था। बंदी के चलते और कोरोना वायरस के खौफ के कारण 90 प्रतिशत व्यापारी स्वयं ही अपने प्रतिठान पर नहीं पहुंचे। प्रशासन ने जब सुबह देखा कि आम जनता और व्यापारियों का भरपूर सहयोग मिल रहा है, तो सरकार की घोषणा के बिना ही यहां लॉकडाउन कर दिया गया। जन हित में प्रशासन ने खुली हुई दस प्रतिशत दुकानों को भी बंद करा दिया। मीनाक्षी चौक से लेकर खालापार तक एक भी दुकान नहीं खोली गई। भगत सिंह रोड, शिवचौक, एसडी मार्केट, रुड़की रोड पर अघोषित कर्फ्यू जैसे हालात हैं। सब्जी मंडी की कुछ दुकानें आम जनता के लिए खुली रखी गई, जिससे लोगों को सब्जी, फल, राशन, दूध को लेकर दिक्कत न हो। एडीएम प्रशासन अमित सिंह ने बताया कि शहर की जनता और व्यापारियों ने कोरोना जैसी महामारी को देखते हुए स्वयं ही बाजार बंद किए हैं। प्रशासन और पुलिस ने केवल व्यापारियों का सहयोग किया है। यह खुशी की बात है कि यहां के लोग इतने जागरूक है कि उन्होंने सरकार की घोषणा से पहले ही लॉकडाउन कर दिया।
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रेलवे स्टेशन, बस अड्डे सुनसान
मुजफ्फरनगर। कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते मंगलवार को रेलवे स्टेशन पर कोई भी ट्रेन नहीं आई। शहर के रोडवेज और प्राइवेट बस अड्डे भी पूरी तरह सुनसान रहे। लोग मजबूरी में ही अपने घर से बाहर निकल रहे हैं।
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